कल प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने मामले का संज्ञान लिया और आज छतरपुर में केन-बेतवा लिंक परियोजना से प्रभावित आदिवासी परिवारों के ‘चिता आंदोलन’ पर दमनकारी पुलिस कार्रवाई हो गई।
जय किसान संगठन के नेता अमित भट��ागर के आमरण अनशन का 14वाँ दिन था। उन्हें भी, सोनम वांगचुक जी की तरह, पुलिस उठाकर भाग गई।
अहंकार के नशे में चूर यह सत्ता संवाद नहीं; दमन चुनती है।
#KenBetwa #Satyagraha
“न्याय दो या मार दो” के नारे के साथ आदिवासी फाँसी लगाए हुए हैं ,चिता पड़ लेटे हुए हैं और नदी के बीच में महीनों से बैठे हैं क्योंकि इनकी ज़मीन तो सरकार ने ले ली ,��ेकिन मुआवज़ा नहीं दिया।
2 मंज़िला मकान का 12 हज़ार दिया गया।
12 हज़ार में खप्पड़ भी चढ़ेगा?
The Embassy of the Islamic Republic of Iran in India categorically rejects the reports and claims circulated by certain media outlets regarding the economic situation in Iran and alleged difficulties in the supply of essential goods and public necessities.
It is emphasized that, despite the imposition of three wars and extensive pressures against the Iranian nation, no shortage of essential commodities or basic necessities has occurred to date. Owing to the effective measures and responsible management of the Government of the Islamic Republic of Iran under the leadership of President Dr. Masoud Pezeshkian, the procurement, supply, and distribution of the goods required by the country continue in a normal, stable, and uninterrupted manner.
The Embassy of the Islamic Republic of Iran also urges respected Indian media organizations to obtain and disseminate news and reports concerning Iran from credible, official, and verifiable sources. In this regard, it should be recalled that Iran International is a media outlet affiliated with opponents and adversaries of the Iranian people and has a long record of disseminating biased narratives aligned with anti-Iranian political agendas. Consequently, it cannot be regarded as a credible source for accurately reflecting the realities of Iran.
@aajtak
टोलकर्मियों द्वारा महिला और उसके पति के साथ लाठी डंडों से मारपीट अभद्रता कर खुलेआम पुलिस और क़ानून व्यवस्था को चुनौती दी जा रही हैं
@nitin_gadkari जी कृपया इसका संज्ञान लें चुकीं ऐसे कृत देश में लगातार बढ़ रहे है
टोलकर्मियों के चरित्र प्रमाण पत्र की बाध्��ता ज़रूरी है विकृत मानसिकता के लोग गुंडई करने को इस कार्यक्षेत्र में बढ़ते जी रहे है
Ex Servicemen का कोटा भी सुनिश्चित होना चाहिए अनुशासित कर्मियों के लिए पैमाने तय होने चाहिये
सभ्य समाज में ऐसी घटना स्व���कार्य नहीं
पुलिस सख़्त कार्यवाही सुनिश्चित करें
@SonipatPolice @anilvijminister @DGPHaryana @SoniaDehati @haryana_tak @cmohry @ANI
बरेली के SSP प्रभाकर चौधरी देश के पहले पुलिस कप्तान हैं जिन्हे शहर को दंगे से बचाने के लिये सजा दी गई।
प्रभाकर ने हंगामा कर रहे कांवड़ियों की बेकाबू भीड़ पर सख्ती की तो दंगा भड़कने से रूक गया पर उनका तुरंत तबादला कर दिया गया।
प्रभाकर की गिनती ईमानदार और निष्पक्ष अफसरों में है !
यूपी के बरेली में कुछ कांवड़��ए हंगामा कर रहे थे कांवड़ियों की जिद्द थी कि वो तय रुट को छोड़कर मस्जिद की तरफ से जायेंगे मौके पर एसएसपी प्रभाकर चौधरी पुलिस बल के साथ पहुंचे कांवड़ियों को समझाने की कोशिश की मगर कांवड़िए नहीं माने पुलिस ने लाठी चार्ज कर दिया !!
प्रभाकर चौधरी कहते हैं कि उनमें से कुछ कांवड़िए नशे में थे उनके पास हथियार थे वहाँ पर माहौल खराब हो सकता था !!
प्रभाकर चौधरी अपने आवास पर नहीं पहुंचे होंगे कि उसके पह��े ही उनके पास खबर आ गई कि आपका ट्रांसफर कर दिया गया दस साल की नौकरी में उनका ये 21वां ट्रांसफर है वो छह सात महीने से ज्यादा कहीं नहीं रहते हैं !!
ईमानदार शख्स को नौकरी पीरियड में ट्रांसफर भले ही सैंकड़ों मिले मगर उसको इज्जत जरूर मिलती हैं !!
#हरियाणा_पुलिस फील्ड मे और #हरियाणा_क्लर्क ऑफिस मे जितना काम करते है उतना काम हरियाणा के किसी भी विभाग का कोई भी कर्मचारी नहीं करता होगा और ना ही कभी करेगा, जितनी जिम्मेवारी इन दोनों पर है उतनी किसी पर भी नहीं ��ै। तो सरकार से अनुरोध है कि जो भी इनकी मांगे है उन पर एक्शन लिया जाए।
#हरियाणा_पुलिस मांगे अपना हक, प्रशासन क्यों अनजान है, पुलिस भी तो इंसान है, पुलिस परिवार कि ओर से अपने हक कि मांगे निम्न है।
जो हरियाणा के वीर 24*7 duty पर ��हते है उनके लिए 35400 कि माँग गलत नहीं है।
#haryanapolice35400
#Haryanaclerk35400
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हरियाणा मे #हरियाणा_पुलिस की इतनी कमी होने के बाद भी हरियाणा पुलिस के उमीदवार भटक रहे हैं इधर उधर, ���� हरियाणा के युवाओं का शोषण कर रही है सरकार, और एक भर्ती #आईटीआई_इंस्ट्रक्टर की है जो 4 साल से लटकी पड़ी है, सरकार कर क्या रही है ये युवाओं के साथ ?
@cmohry @PMOIndia @BJP4Haryana