घर उजड़ने की तकलीफ़ - बेचैनी - असहाय होना. किससे न्याय माँगे, कहाँ जाये?
राजस्थान के बाड़मेर में भील आदिवासी परिवारों के घर तहस नहस कर दिए गए
आदिवासियों के जंगल ज़मीन धन्ना सेठों को देकर शहर में उनके सिर के ऊपर की छत उजाड़ देंगे - यह कैसा देश बना रहे हैं मोदी जी?
योगी जी, यही काम रेल मंत्री भी करते हैं।
आपने बिल्कुल सही पकड़ा है।
ड्यूटी के समय Reel बनाना अनुशासनहीनता है,
और ड्यूटी के समय काम छोड़कर प्रचार करना भी।
छुट्टी का अर्थ क्या है?
विदेश यात्राएँ भी, मंदिर दर्शन भी, लक्षद्वीप के समुद्र तट भी देखे गए, समुद्र के भीतर की तस्वीरें भी आईं।
अगर विदेश यात्रा, धार्मिक यात्रा, समुद्र तट पर जाना, प्रकृति के बीच समय बिताना, अच्छा भोजन करना और आराम करना भी छुट्टी नहीं है,
तो फिर मुझे लगता है इस देश में कोई भी छुट्टी नहीं ले रहा।
हर आदमी काम ही कर रहा है - कोई मनाली में काम कर रहा है, कोई गोवा में, कोई परिवार के साथ, कोई दोस्तों के साथ।
2014 से 2026 के बीच प्रधानमंत्री की विदेश यात्राओं पर सैकड़ों करोड़ रुपये खर्च हुए। असली बहस यह है कि इन दौरों से भारत को कितना निवेश मिला, कितने रोजगार बने और व्यापार हितों को कितना लाभ हुआ?
देश का आम आदमी नहीं देखता कि नेता ने कितने घंटे काम किया, वह देखता है कि उसके जीवन में क्या बदला।
जिस युवा का पेपर लीक हो गया, जिस किसान को फसल का दाम नहीं मिला, जिस मरीज को अस्पताल में बेड नहीं मिला, जिस परिवार की नौकरी चली गई - उसे 18 घंटे और 20 घंटे के से क्या फर्क पड़ता है?
18 घंटे काम करने का काम का परिणाम क्या निकला? शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, न्याय और नागरिक सुरक्षा के मोर्चे पर देश कहाँ पहुँचा।
युवा पूछ रहा है कि डिग्री के बाद नौकरी कब मिलेगी?
आम आदमी भी अपनी नौकरी में भी 12-14 घंटे खटता है, मजदूर धूप में पूरा दिन काम करता है, किसान बिना रविवार के खेत में उतरता है।
सवाल यह नहीं कि किसने कितने घंटे काम किया। सवाल यह है कि उस काम का परिणाम क्या निकला।
अगर काम का पैमाना सिर्फ घंटे हैं, तो इस देश का सबसे बड़ा कर्मयोगी शायद वह मजदूर है जो रोज़ दो वक्त की रोटी के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक देता है।
UPSI Scorecard को लेकर Protest से पहले Teacher Detain? छात्रों ने लगाए गंभीर आरोप.
Full Report: https://t.co/XxDzJHuLWb
Teacher | Lucknow | ECO Garden | Detain
@RajatpandeyJF
यूपी की BJP सरकार ने छात्रों और युवाओं के साथ धोखा किया है। उन्हें बड़े-बड़े सपने दिखाकर ठगा है।
राज्य की कई भर्ती परीक्षाओं में भारी गड़बड़ियां हुईं हैं, इसलिए आज युवा लखनऊ में इकट्ठा होकर अपनी आवाज बुलंद कर रहे हैं।
युवाओं की मांग है कि 👇
• लेखपाल भर्ती परीक्षा में हुई गड़बड़ियों की जांच हो
• UP SI भर्ती समेत अन्य परीक्षाओं का स्कोर कार्ड जारी हो
• भर्ती परीक्षाएं समय पर हों, एग्जाम कैलेंडर जारी किया जाए
• नॉर्मलाइजेशन का डेटा दिया जाए, युवाओं की शिकायत सुनी जाए
इन युवाओं की मांग जायज है। BJP सरकार को तत्काल इन मांगों पर कार्यवाही करनी चाहिए, ताकि उनके साथ अन्याय न हो।
लखनऊ इको गार्डन में चलने वाला प्रोटेस्ट लेखपाल परीक्षा, UPSI परीक्षा , रोडवेज कन्डक्टर परीक्षा से संबंधित है,
ये आंदोलन कोचिंग संचालकों, छात्रों के द्वारा इकठ्ठी की गयी भीड़ का है,
कुछ पेड न्यूज चैनल्स इसको cockroach का मूवमेंट बता रहे थे, छात्रों से बातचीत में उन्होंने बताया कि इस मूवमेंट का CJP से कोई मतलब नहीं,
वो अपनी आवाज उठाने आए है, उनकी अपनी अलग माँग और लड़ाई है।
लखनऊ में लेखपाल, दारोगा भर्ती
में गड़बड़ी के खिलाफ हल्ला बोल
UP News: UPSI और लेखपाल भर्ती में कथित गड़बड़ी को लेकर आज छात्रों का हुजूम लखनऊ के इको पार्क में हल्ला बोल रहा है. इस आंदोलन की शुरुआत प्रयागराज से हुई थी, जिसके बाद छात्र अब लखनऊ में विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं.
Student Protest | UP Lekhpal | UPSI | Yogi Adityanath | UP News
आज लखनऊ ईको गार्डन में छात्रों और युवाओं का प्रदर्शन!!
मांग है-परीक्षाएं सही समय पर, पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से हों, तथा पेपर लीक और अन्य गड़बड़ियों पर पूरी तरह रोक लगे।
जब इतने सारे लोग इकट्ठे हो रहे है और ये आवाज उठा रहे है कि #uplekhppal में गड़बड़िया है
तो क्या सरकार को संज्ञान लेकर इस पर कोई जाँच नहीं करनी चाहिए कोई कार्यवाही नहीं करनी चाहिए ?
Prayagraj में नौजवान सड़कों पर... Lekhpal, SSC, NEET पेपर में गड़बड़ी से गुस्साए छात्रों ने खोला मोर्चा, CM Yogi पर भड़के, क्या बोले?
@Raunak_194 | Prayagraj Students Protest | #Prayagraj | #UPNews | #YogiAdityanath
LIVE Movie on Abhinay Maths Youtube Channel [09:00pm]
Name : पेपर लीक उद्योग - आखिर कब तक?
दोस्तों,
यह live किसी सरकार, किसी पार्टी या किसी एक आयोग के खिलाफ नहीं है| यह उन करोड़ों युवाओं की आवाज़ है जो वर्षों से तैयारी कर रहे हैं और वहीं खड़े हैं |
हर कुछ महीनों में कोई नया paper leak,
कोई नया exam scam,
कोई नया recruitment controversy सामने आ जाती है।
SSC, Railway, Police, Teacher Recruitment, State PCS, NEET, CUET...
नाम बदलते रहते हैं,
लेकिन पीड़ा वही रहती है।
मैं आप सबसे अनुरोध करता हूँ -
अगर आपके पास किसी भी परीक्षा से जुड़े दस्तावेज़, सबूत, RTI, court order, technical loopholes, suspicious result patterns, centre level cheating, normalization issues या किसी भी प्रकार की तथ्यात्मक जानकारी है, तो उसे हमें 6395993599 नंबर पर भेजिए ।
क्योंकि सच यह है कि केवल वीडियो बनाने, ट्वीट करने या TV debates करने से समस्या खत्म होती नहीं दिख रही।
अब देश को solutions चाहिए।
क्या हो सकता है?
क्या Government-owned CBT Infrastructure बन सकता है?
क्या Exam Agencies की Third Party Audit होनी चाहिए?
क्या Result Process पूरी तरह Transparent होनी चाहिए?
क्या Paper Leak को आर्थिक अपराध और राष्ट्रीय सुरक्षा से जोड़कर देखा जाना चाहिए?
क्या भर्ती में देरी के लिए जवाबदेही तय होनी चाहिए?
आज चर्चा सिर्फ समस्या पर नहीं होगी।
आज चर्चा होगी -
"भारत की परीक्षा व्यवस्था को कैसे बचाया जाए?"
क्योंकि दांव पर सिर्फ लाखों छात्रों का भविष्य नहीं है.....दांव पर आने वाले भारत है।
अगर भर्ती व्यवस्था कमजोर होगी,
तो कल पुलिस, प्रशासन, शिक्षा, सुरक्षा और व्यवस्था में कौन लोग पहुंचेंगे?
इसलिए यह लड़ाई किसी एक परीक्षा की नहीं...
पूरे राष्ट्र की क्षमता और ईमानदारी की लड़ाई है।