सत्ता के नशे में चूर जिस हिसाब से लोकतंत्र का मज़ाक बना कर रख दिया है, वाजपेयी जी की कविता की कुछ लाइनें याद आ रही हैं।
सत्ता का खेल तो चलेगा, सरकारें आएंगी जाएंगी, पार्टियां बनेंगी बिगड़ेंगी… मगर यह देश रहना चाहिए, इस देश का लोकतंत्र रहना चाहिए।
#ModiMuktBharat#BJPFails
@BJP4India@AmitShah लोग शायद गलतफहमी में जी रहे हैं कि वे अमरत्व का वरदान लेकर पैदा हुए है... अरे! अच्छों अच्छों का अहंकार नहीं टिका... हिरण्याकश्यप, कंस, रावण, दुर्योधन को भूल गए क्या... या गीता के वचनों को भी भूल गए कि कर्मों का फल निश्चित ही मिलता है...
सॉरी! मैं भी कहाँ पाखंडियों को समझाने लगा।
@BJP4India और इस पड़ाव के बाद देश में महंगाई बेरोजगारी खत्म। देश के हर नागरिक को एक एक सोने से भरा कलश दिया जाएगा बीजेपी के तरफ से। देश सोने का चिड़िया हो जाएगा। साला इतना फेंकता है कि अब लपेटा नहीं जा रहा जनता से😂