बिहार में मुज्जफरपुर के प्रसाद हॉस्पिटल के ICU में आग लगने से 10-15 मरीज़ों की मौत हो गई! परिजन का रो-रोकर बुरा हाल है!
कुछ भी सुरक्षित नहीं है अपने देश में! न कोई सही इंतेज़ाम है! कौन लेगा इतनी मौतों का ज़िम्मेदारी??
कमाएंगे नहीं तो खाएँगे क्या 🙂
काश सभी पुलिस वालो का व्यवहार ऐसा हो
सभी को ट्रैफ़िक नियम की पालना करनी चाहिए
लेकिन ऐसे पुलिस अधिकारी लाखो में से एक होते है 🙏
ग्राम बम्होर में गरीब किसान भाई इस भीषण गर्मी में पहले से ही परेशान हैं, और ऊपर से बिजली विभाग द्वारा उनकी समस्याओं को गंभीरता से न लेकर कथित तौर पर अभद्र व्यवहार की घटनाएँ सामने आ रही हैं, जो बेहद चिंताजनक हैं।
क्या अब प्रशासन से अपने ही अधिकार मांगना अपराध बन गया है?
राजस्थान विश्वविद्यालय की सिंडिकेट बैठक छात्रों के हितों और समस्याओं पर चर्चा का सर्वोच्च मंच है
यदि छात्र अपनी बात यहां भी नहीं रखेंगे, तो फिर अपने हक और अधिकारों की आवाज़ किस मंच पर उठाएंगे?
छात्र नेता आदित्य सिहाग सहित छात्रों द्वारा उठाई गई मांगों को सुनने और उन पर सकारात्मक
निर्णय लेने के बजाय उन पर पुलिस बल का प्रयोग करवाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय है
विश्वविद्यालय छात्रों से चलता है, न कि प्रशासनिक दमन और गुंडागर्दी से
छात्रों की आवाज़ दबाने के बजाय विश्वविद्यालय प्रशासन को उनकी बात सुनकर छात्र हित में निर्णय लेने चाहिए
लोकतंत्र में संवाद का स्थान लाठीचार्ज और दमन नहीं ले सकता
ओसियां विधानसभा क्षेत्र में किसानों के घर पुलिस भेज कर जो व्यवहार कर रहा है यह प्रशासन पर गंभीर प्रश्न खड़े करता हैं।
आज ग्राम पंचायत गोपासरिया में राजनीतिक द्वेष की भावना से विद्युत विभाग के कर्मचारी पुलिस बल के साथ एक किसान के खेत से ट्रांसफार्मर (ढोलकी) हटाने पहुँचे। ओसियां में इस प्रकार की यह दूसरी घटना है, जो कई गंभीर सवाल खड़े करती है।
बिजली जैसी मूलभूत आवश्यकता से जुड़े मामलों में सौतेला व्यवहार, पक्षपातपूर्ण रवैया अथवा राजनीतिक द्वेष की भावना से किसी भी प्रकार का हस्तक्षेप नहीं होना चाहिए। प्रशासन का दायित्व है कि वह निष्पक्षता, पारदर्शिता और जनहित को सर्वोपरि रखते हुए कार्य करे, न कि आम नागरिकों और किसानों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़े।
ओसियां क्षेत्र में किसानों को पर्याप्त बिजली आपूर्ति नहीं मिल रही है, जिससे किसान और आमजन भारी परेशानियों का सामना कर रहे हैं। खेती-किसानी का कार्य प्रभावित हो रहा है और लोगों में गहरा असंतोष व्याप्त है।
दुर्भाग्यपूर्ण बात यह है कि समस्या का समाधान करने के बजाय किसानों को परेशान किया जा रहा है। जिन अधिकारियों की जिम्मेदारी किसानों की समस्याओं का निराकरण करना है, वही यदि किसानों पर अनावश्यक दबाव बनाएं, तो यह अत्यंत चिंताजनक स्थिति है।
किसानों का अनावश्यक उत्पीड़न और उनके साथ अन्याय किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है।
ये है यूपी की @pratapgarhpol कंधईपुर थाना के गांव परानपुर में SO साहब विवाद होने की सूचना पर पहुंचे थे, फिर क्या उन्होंने महिला के सम्मान में वहां पर खड़ी महिला को थप्पड़ जड़ दिया। जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल है। शायद सरकार को अब महिला पुलिस की आवश्यकता नहीं है @Uppolice
राजस्थान जयपुर, रिद्धिसिद्धि चौराहे पैर चल रही दिव्यदृष्टि कोचिंग सेंटर, नियम विरुद्ध अपनी मनमानी कर रहे है, दलित छात्र अंकित कुमार ने 7000/- जमा करवाए 28जून 2026 कोचिंग में 100 से 150 बच्चे बैठते है उसमे फीस वापस मांगी तो उसको भगा दिया
हरिद्वार में एक युवक को रस्सियों से बांधकर लाठियों से पीटने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। युवक पर वाहन का शीशा तोड़ने और ₹50 हजार चोरी करने का आरोप है।
का बेटा है बड़ी मुश्किल से पैसो की व्यवस्था किसी से उधार ले करके कर रहा है, सरकार और पुलिस प्रशासन से कोचिंग सेंटर की खिलाफ क़ानूनी कार्यवाही की उम्मीद है
राजस्थान जयपुर, रिद्धिसिद्धि चौराहे पैर चल रही दिव्यदृष्टि कोचिंग सेंटर, नियम विरुद्ध अपनी मनमानी कर रही है, छात्र अंकित कुमार ने 7000/- जमा करवाए 28जून 2026 क़ो उसको बताया गया की कोचिंग में बच्चों की क्लास 20 बच्चों की है पर ज़ब वो गया तो 100 से 150 बच्चे क्लास में थे,
इतनी भीड़ थी क्लास में की उसको सही से पढ़ाई समझ में नही आ रही थी ज़ब वो अपनी फीस वापस मांगने गया तो उसको वहा से भगा दिया गया की तेरी फीस वापस नही होंगी उसने बोला आपको अगर दो दिन के पैसे काटने है तो काट के दे दीजिए, यह कोचिंग सेंटर अपनी मर्जी चला रहे, वो गांव का गरीब दलित किसान
जब तक यह नेता नहीं बनते तब तक तो हमारी गली मोहल्ले में खूब घूमते हैं और खूब बड़ी-बड़ी बातें करते हैं जैसे यह नेता बनते हैं एसी कमरों में अपने आप को बंद कर लेते हैं जनता जो मर्जी पिए जैसा मर्जी खाए जैसा मर्जी बनी कोई मतलब नहीं है हमको इनको सबक सिखाने के लिए चुनाव का समय याद रखो अभी हाथ जोड़े तो आप भी कुछ करो
ये है राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले की स्थिति @BJP4India@BJP4Rajasthan
अगर सच्चे जनता हितैषी है, तो इस मामले को संज्ञान में लिया जाए और पीड़ितों को राहत पहुंचाई जाए।।।
मंत्रीजी कह रहे है राजस्थान में खराब सड़को का समाधान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर होगा। अंतरराष्ट्रीय समस्या के कारण पूरे राजस्थान में सड़के लंबित पड़ी है। गजब है।
वोट के समय तो यही लोग हाथ जोड़ते है पैर तक पकड़ते है और ज़ब हमारे ही वोटो से जीत करके हमारी ही गर्दन पकड़ने क़ो भागते है, तभी तो बोलते है पढ़ा लिखा जनप्रतिनिधि चुनना चाहिए, यह अपने आप क़ो राजा समझते है और हम जनता क़ो कोक्रूज
राजस्थान : पशुआहार की जांच- गायों को मिल रहा जहरीला चारा; 50% ब्रांड में जानलेवा यूरिया, दूध से बच्चों में पल रहा कैंसर, आम जनता जहर खा रही है पैसे दे करके फिर यह विभाग का झक रहे है,
क्या विकास के नाम पर 1 लाख पेड़ काट देना सही है?
गढ़चिरौली का जंगल सिर्फ पेड़ों का समूह नहीं, बल्कि बाघों और दूसरे वन्यजीवों के लिए एक अहम कॉरिडोर है। अगर जंगल कटेंगे, तो उसका असर सिर्फ पर्यावरण पर नहीं, बल्कि इंसानों और वन्यजीवों के टकराव पर भी पड़ेगा।
सवाल ये है कि क्या रोजगार और विकास के नाम पर पर्यावरणीय नुकसान को नज़रअंदाज़ किया जा सकता है?
Video By - @ShwetaKuma96491