श्री अखिलेश यादव जी Vision India कार्यक्रम में आ चुके है।
श्री Akhilesh Yadav जी "शिक्षा परीक्षा:क्यों ध्वस्त हुई व्यवस्था" स्लोगन के तहत आज पेपर लीक,आरक्षण घोटाला, माइग्रेशन घोटाला आदि पर चर्चा करेंगे।
मैं भी पेपर लीक और माइग्रेशन घोटाले पर छात्रों के बात श्री अखिलेश यादव जी तक पहुंचने के लिए इस कार्यक्रम में शामिल हुआ हूं।
मैं माननीय सांसद श्री Lalji Verma और श्री Rajeev Ray जी का धन्यवाद करता हूं जिनके सहयोग के कारण इस Vision India कार्यक्रम में शामिल हुआ हूं।
Nitin prajpati भाई ने भी आज सहयोग किया है उनको भी धन्यवाद 🙏
@yadavakhilesh@LaljiVermaSP@RajeevRai@Prajapat204
अभी दो दिन पहले उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग ने UPPCS-2026 का नोटिफिकेशन जारी किया है।
जिसके मुख्य परीक्षा में "मुख्यमंत्री फेलोशिप शोधकर्ताओं" को अतिरिक्त अंक देने का निर्णय लिया गया है।
जो बहुत दुर्भाग्यपूर्ण और भेदभावपूर्ण है।
यह सामान्य और मेधावी छात्रों के "समान अवसर'' के संवैधानिक अधिकार का सीधा उल्लंघन है।
चयन में निष्पक्षता बनाए रखने के लिए इसे तुरंत वापस लिया जाए।
#RemoveCMFellowQuota
श्री अखिलेश यादव जी के सानिध्य में आज प्रयागराज में VISION INDIA का शानदार कार्यक्रम हुआ।
इस कार्यक्रम का आयोजन"शिक्षा-परीक्षा:क्यों ध्वस्त हुई व्यवस्था" नामक शीर्षक के अंतर्गत किया गया।
प्रयागराज जो गंगा-यमुना-सरस्वती के संगम के लिए विश्वप्रसिद्ध है वहाँ के प्रतियोगी छात्र आज Pain Depression Anger (PDA) के संगम में जी रहे हैं।
प्रतियोगी छात्रों के Pain Depression Anger (PDA) का कारण पेपर लीक और आरक्षण घोटाला है।
माननीय श्री @yadavakhilesh ने प्रतियोगी छात्रों के पीड़ा को समझने के लिए आज का VISION INDIA कार्यक्रम प्रयागराज में रखा था।
मुझे भी इस कार्यक्रम में शामिल होने सौभाग्य प्राप्त हुआ और UPPSC में हो रहे माइग्रेशन घोटाले पर श्री अखिलेश यादव जी बातचीत भी हुआ।
उन्होंने मुझे आश्वस्त किया है कि वो इस मुद्दे को पूरी ताकत से उठाएंगे।
पांच लाख की आबादी वाले क्षेत्र के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र( मछलीशहर जौनपुर उत्तर प्रदेश) की जर्जर हालत के लिए जिम्मेदार कौन है ? इस सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कूड़ा डालने के लिए कूड़ेदान नहीं हैं। बैठने के लिए स्थान नहीं है, पीने के लिए पानी नहीं है, मलमूत्र त्याग करने के लिए बाथरूम नहीं है। और सबसे बड़ी बात जो डॉक्टर मरीजों का इलाज करते हैं उनको रहने के लिए ढंग से स्थान नहीं है.... मानो दिल्ली का कूड़ा मैदान यहाँ पे आ गया है अब क्योंकि पूरा स्वास्थ्य केन्द्र ही कूड़ेदान बन गया है तो डॉक्टर भी उसी में रहने के लिए मजबूर हैं... मतलब कोई भी चीज व्यवस्थित तरीके से नहीं है
और ध्यान दीजिएगा ये वही क्षेत्र है जहां से प्रिया सरोज सांसद हैं और डॉक्टर रागिनी सोनकर विधायक हैं और आश्चर्य की बात है कि दोनो ही समाजवादी पार्टी से हैं, मेरा यहाँ के @DMjaunpur@CMOJaunpur @sdmjaunpur @sonker_ragini@PriyaSarojMP से सवाल ये है कि जो इस सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के लिए जो करोड़ों रुपया मिलता है वो कहाँ लगाया जा रहा है ?? और अगर वो रुपया कम पड़ रहा है तो हर साल सांसद और विधायक को पाँच करोड़ रुपया निधि के रूप में मिलता है उसका उपयोग क्यों नहीं किया जा रहा है? वो हर साल का करोड़ों रुपया कहां जा रहा है यहाँ की जनता जानना चाहती है...
दोस्तो आपसे रिक्वेस्ट है.... क्योंकि ये मेरी पहली वीडियो है जहाँ मैं जनता के लिए जमीन पर जाकर आवाज उठाने की कोशिश की है... इसलिए इसे शेयर ज़रूर करिएगा ताकि मैं आगे और भी मुद्दे उठा पाऊं....धन्यवाद
@CMOfficeUP@yadavakhilesh@RahulGandhi@AamAadmiParty@myogiadityanath@samajwadiparty
बिजली कंपनियों को पहले से भुगतान करने के बावजूद भी बिजली के लिए भटक रहे लोग, ‘प्रीपेड पीड़ित’ कहे जा रहे हैं। इनमें भी सबसे अधिक दिक़्क़तें उन आम लोगों को हो रही है जो किराये पर रह रहे हैं क्योंकि तनख़्वाह-वेतन तो एडवांस नहीं मिलता है लेकिन बिजली-किराये का पैसा पहले देना पड़ता है। और जब बिजली नहीं आती है तो बिजली की वैकल्पिक व्यवस्था के लिए मजबूर और ग़रीब लोगों को दूसरे साधनों का प्रबंध करने के लिए भी अलग से ख़र्चा करना पड़ता है।
इस समय जबकि गैस सिलेंडर न मिल पाने के कारण लोग खाना व अन्य कामों के लिए बिजली के दूसरे उपकरणों पर निर्भर हैं, ऐसे में पहले से पैसे देने के बावजूद भी बिजली नहीं मिल पाना सरकार की वो नाकामी है जिसका ख़ामियाज़ा जनता को भुगतना पड़ रहा है।
भाजपा जाए तो बिजली आए!
#प्रीपेड_पीड़ित
@parvezahmadj और भी कारण जोड़ दीजिए भाई साहब। 🔥
1) UPPSC, UPSSSC के तमाम आरक्षण विरोधी नीतियां।
2) इन भर्ती आयोगों का सालों - साल भर्तियों को पूरा न करना।
3) बिलजी व्यवस्था में स्मार्टमीटर, महँगी बिजली।
4) प्राथमिक स्तर पर शिक्षक भर्ती न निकालना।