💔 ये मेरी बेटी निशु आज़ाद है, महज़ 15 साल की नाबालिग बच्ची!
कल दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान मेरी बेटी को डिटेन किया गया। उसका आरोप है कि पुलिस ने उस पर लाठियाँ बरसाईं। आखिर अपनी आवाज़ उठाने वाली नाबालिग बच्चियों और महिलाओं के साथ ऐसा बर्ताव क्यों?
मोदी जी, एक तरफ़ बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का नारा और दूसरी तरफ़ प्रदर्शन करने वाली बेटियों के साथ ऐसा व्यवहार! देश की जनता सब देख रही है। क्या अपने अधिकारों के लिए आवाज़ उठाना अब गुनाह हो गया है?
@DelhiPolice@CPDelhi@PMOIndia — मेरी बेटी के साथ हुए व्यवहार की निष्पक्ष जाँच हो और दोषी पुलिसकर्मियों पर तत्काल कार्रवाई की जाए। वर्दी कानून की रक्षा के लिए है, बेटियों की आवाज़ दबाने के लिए नहीं!
#DelhiPolice #JusticeForNishuAzad #BetiBachao #StudentProtest #JaiBhim #JaiSamvidhan
@Nishuazad11 आपने अपनी लड़ाई स्वयं न लड़कर नाबालिग लड़की को क्यों भेज दिया। भीड़ में कौन किस वजह से परेशान होगा, इसकी चिंता आपको भी करनी चाहिए थी जो आप अब कर रहे हैं। देश के लिए यह कैसा विरोध है भला। ये अपरिपक्व बच्चे देश का भविष्य हैं लेकिन अभी अपने भविष्य की चिंता करें यह जरूरी है।
@NewsXpressNX हल्की सी ज्ञान की रोशनी से सूर्य और चाँद को झुठलाने का भ्रम पालने से अच्छा है अभी और ज्ञान विस्तार करिये नहीं तो कौए की तरह काव काँव करने वालो को कल कोई याद नहीं करता है।
@JitendraMeenaDU किस 500 साल की बात करते हैं ज़नाब, जब आपके परदादा भी अस्तित्व में नहीं थे। गज़ब के मानसिक दिवालियेपन का इससे सटीक उदाहरण नहीं मिलेगा। जो आपने देखा नहीं केवल मतलबी कहानियों से सुना है, बस वही एक सत्य है क्या। आज के सत्य को देखिए, तभी अपनी भावी पीढ़ियों के लिए कुछ छोड़ कर जाएंगे।
@SunilKu81576252@DmSonbhadra किसी अभावग्रस्त को उसके मनोभावों के अनुरूप उसी भावनाओं के साथ पूर्ण करना अत्यधिक सुखद है। यह पहल जिला प्रशासन की सहजता, किसी जरूरत मंद के संकल्प के लिए तत्पर रहने का प्रमाण है।
@AYadavabccy@ImSoniya24 एक बात आप लिखना भूल गए हैं इसी के साथ जोड़ दीजिए कि बीजेपी हटाओ, समाजवादी लाओ। मन्शा आपकी यही है तो संकोच क्यों करते हैं। पूरा खुल के बोलिये।