जब प्रेम भी पूजा बन जाए, तब राम अपने हाथों से सीता के मांग में सिंदूर सजाते हैं...
मर्यादा, समर्पण और अनंत प्रेम का यह दिव्य मिलन हर जन्म में आस्था को और गहरा कर देता है।
जहाँ राम हैं, वहाँ प्रेम है... जहाँ सीता हैं, वहाँ शक्ति है... और जहाँ दोनों साथ हैं, वहाँ स्वयं स्वर्ग बसता है।
🪷 #जय_श्री_राम 🪷🚩🙏