बारिश की हर बूँद स्वीकार है, मगर मासूमों पर अन्याय स्वीकार नहीं, जिन्होंने अन्याय किया वो कितने ही ताकतवर क्यों ना हो, उनके पीछे कितनी बड़ी शक्ति क्यों ना हो, लेकिन जवाब देना ही होगा।
महापुरुषों के विचार ही मेरे संघर्ष की ताक़त हैं। जय भीम, जय भारत।
नागपुर का एक बच्चा एक महीने से NEET re-exam की तैयारी कर रहा था।
कल परीक्षा से ठीक एक दिन पहले उसने admit card डाउनलोड किया। उसका सेंटर निकला - अबू धाबी।
न पासपोर्ट, न परिवार के पास विदेश भेजने के पैसे, न अब कोई वक़्त बचा है। वो रातभर रोता रहा, और परीक्षा देने से ही मना कर रहा है - क्या इस तनाव की कल्पना भी की जा सकती है?
आखिर ऐसा हुआ भी कैसे? कल किसी भी छात्र को सेंटर तक न पहुँच पाने की शिकायत नहीं होनी चाहिए। NTA असल में देश के बच्चों और उनके माता-पिता का सिर्फ़ धीरज test कर रही है।
जो system एक बच्चे को अपने ही शहर में एक centre नहीं दे सकती, उल्टा विदेश भेज सकती है - उसे परीक्षा करवाने का कोई हक़ नहीं।
कोटा में मैंने यही कहा था - यह अब शिक्षा व्यवस्था नहीं रही। यह एक पूरी पीढ़ी के पैसे, समय और मानसिक शांति की वसूली है।
हमारे बच्चों के भविष्य के साथ जुआ खेलना बंद कीजिए। वो एक संवेदनशील, ज़िम्मेदार और जवाबदेह शिक्षा व्यवस्था और परीक्षा के अधिकारी हैं - और हम ये उन्हें दिलवा कर रहेंगे।
#ChhatronKiGoonj
#ChhatraJodo
@anjanaomkashyap तुमको सच्चाई नहीं पता है, पहले कोचिंग बहुत महंगी थी, जबसे कुछ टीचर यूट्यूब पर फ्री में पढ़ाने लगे तबसे जो लड़के महंगी कोचिंग में नहीं जा सकते वे सब यूट्यूब से ही पढ़ते है मुझे सच्चाई पता है,
157/160 तुम्हारे जैसे लोगों को वजह से है
दुष्कर्म के मामले में आजीवन कारावास की सजा काट रहे आसाराम शुक्रवार को 13 साल बाद सूरत पहुंचा। यहां आश्रम में अनुयायियों ने उनका ढोल-नगाड़ों से भव्य स्वागत किया। आश्रम में लोग हाथों में दीपक लेकर दर्शन के लिए खड़े हुए थे। आसाराम को हाल ही में स्वास्थ्य कारणों से गुजरात हाईकोर्ट ने सशर्त जमानत दी है।
सूरत पहुंचते ही आसाराम ने अपने जहांगीरपुरा आश्रम का दौरा किया। इस दौरान उनके स्वागत में आश्रम के बाहर सड़कों पर हजारों की संख्या में लोग हाथों में दीपक लेकर खड़े हुए थे। स्वागत के लिए पूरे आश्रम को रोशनी से सजाया गया था और सड़कों पर रंगोली भी बनाई गई थी।
उत्तर प्रदेश के सीतापुर मे सिटीमजिस्ट्रेट पंडित कृष्णा नंद तिवारी की सुरक्षा में तैनात एक बुजुर्ग होमगार्ड के हाथ से राइफल सिटीमजिस्ट्रेट की धर्मपत्नी के पैर पर जा गिरी इस बात को लेकर सिटी मजिस्ट्रेट ने बुजुर्ग होमगार्ड को घर बुला के बेहरमी से मारा पीटा।
योगी आदित्यनाथ सरकार में अधिकारियों का रुतबा आरोपी सिटी मजिस्ट्रेट पर करवाई होगी नहीं क्योंकि पीड़ित दलित या पिछड़ा वर्ग का है
RRB ALP का गोरखपुर जोन का डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के लिए कटऑफ आया है.
आशीष प्रजापति - 76 Disqualified ❌
सत्यम सिंह - 71 Qualified✅
अब रेलगाड़ी सुदामा कोटा वाले चलाएंगे और OBC वाले धर्म की रक्षा करते रहे.
#Release_ALP_2024_Final_Result
गूंगी बहरी सरकार,, अपनी मन की बात से ज्यादा भारत के बेरोजगार युवाओं के मन की बात सुनें पहले।।
एक बात तो समझ में आ गया,, बीजेपी मतलब पढ़े लिखे युवाओं का भविष्य बर्बाद।।
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