राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के घायल छात्रों से मिलने के बाद कांग्रेस ने अपनी लीगल टीम को निर्देश दिया है कि वे उन युवाओं को हर संभव मदद दें विरोध प्रदर्शनों के दौरान गिरफ्तार किया गया, हिरासत में लिया गया या जिन पर हमला हुआ।
नाम :-हनी डागर
जाति :- मेरी जाती का है
इसको इतना फेमस करो कि इनके घर वाले को शर्म आए इसको बेटा बोलने में ,क्योंकि इसने निहत्थे 20,22 साल के लड़कों और बच्चियों को बेरहमी से मारा है !
ये गुंडे है और कुछ नहीं!
"मैं घायल छात्रों से मिलने जा रहा हूं"
◆ CJP के प्रदर्शन को लेकर राहुल गांधी ने कहा
@RahulGandhi | Rahul Gandhi | CJP Protest | दिल्ली पुलिस | संसद परिसर
राहुल गांधी और प्रियंका गांधी कल लाठीचार्ज में घायल स्टूडेंट्स से मिलने अस्पताल पहुंचे।
दिल्ली हाईकोर्ट ने सोनम वांगचुक को मेदांता शिफ्ट करने का निर्देश दिया!
अभिजीत- कल आप लोगो ने 12-12 साल की बच्चियो का सर फोडा है😠
दिल्ली पुलिस- अभी का इश्यू बताइए
अभिजीत- हम भूल जाए वो चीजे🥺
लडकियो की छाती पर पैर रखकर मेल पुलिस ने उन्हे पीटा है उसके बाद भी आप लोगो का मन नही भरा
दिल्ली पुलिस- आइए ऑफिस मे बात करते है
अभिजीत- अब बैठकर कोई बात नही होगी
जो बात करनी है यही मीडिया के सामने करिए
यह रांची है। सड़क पर मोदी हाय हाय के नारे लग रहे हैं। दरअसल देश में भीतर भरा गुस्सा अब सड़कों पर आ गया है। इसका खामियाजा निस्संदेह भाजपा को भुगतना पड़ेगा।
राहुल ने जंतर-मंतर में छात्रों पर हुए ज़ुल्म के मुद्दे पर पारा बढ़ाया! PM निवास स्थान के बाहर इस्तीफा दो के नारों के साथ प्रदर्शन! उम्मीद कीजिए आज शाम तक गोदी मीडिया इसे देश के साथ गद्दारी और पाकिस्तानी लिंक बता देगी!
सुनने में आ रहा है कि
कल जो रायता फैला है,
उससे एथनॉल वाले अंकल बहुत खुश हैँ,
कह रहे हैँ,
चलो बला टली,
अब मुसीबत उनसे शिफ्ट होकर महामानव के गले पड़ गई है,
अमेरिका के साथ जो मोदी जी ने ट्रेड डील किया है उससे छोटे किसान, मजदूर और डेयरी उद्योग बर्बाद हो जाएँगे। देश को बचाने और इस डील के विरोध में अब अन्नदाता सड़कों पर उतर आए हैं।
पंजाब- हरियाणा के हजारों किसान दिल्ली आ रहे हैं। इसलिए शंभू बॉर्डर को हरियाणा पुलिस ने बंद कर दिया है। JCB तैनात की गई है।
कहाँ-कहाँ किसे-किसे रोकोगे ?
अब नैरेटिव चलेगा कि पहले भी लाठियाँ चलती थीं।
पहले भी ऐसा होता था|
यही सुनने के लिए जनता ने आपको नहीं चुना था।
जनता ने इसलिए चुना था कि जो गलत पहले होता था, उसे आप रोकेंगे।
अगर वही सब करना था जो पहले होता था, तो बदलाव के नाम पर देश ने आपको क्यों चुना था?
लोगों ने सरकार सिर्फ़ चेहरे बदलने के लिए नहीं बदली थी, व्यवस्था बदलने के लिए बदली थी।
विपक्ष में थे तो कहते थे "ऐसा नहीं होना चाहिए।"
सत्ता में आए तो कह रहे हैं "पहले भी ऐसा होता था।"
यही बदलाव था ?