इस वीडियो ने मुझे झकझोर दिया।
ये उस भारत के लाचार युवा हैं - जिसकी सरकार अपने अरबपति दोस्तों पर लाखों करोड़ लुटा देती है, पर अपने ही छात्रों को एक सुरक्षित सफ़र तक नहीं दे सकती।
चुनाव के वक़्त यही सरकार पूरी-पूरी ट्रेनों का इंतज़ाम कर लेती है। और परीक्षा देने जा रहे छात्रों के हिस्से में आती है - भीड़, घुटन, और बेबसी।
इससे बड़ा सबूत क्या होगा कि मोदी सरकार छात्रों की गूंज सुनना ही नहीं चाहती।
पर मैं वादा करता हूँ - हम यह आवाज़ उन बहरे कानों तक पहुँचाएँगे। हर छात्र को उसका हक़ मिलेगा, उसका न्याय मिलेगा।
17 जून, कोटा। यही गूंज, अब हुंकार बनेगी।
#ChhatronKiGoonj
भारत के लोग बहुत मासूम हैं, आप उन्हें कुछ भी बोल दीजिए....
वे आपको सम्मान देते हैं, इसलिए आपकी बात सही मान लेंगे
तालियां भी बजाएंगे, वोट भी दे देंगे....
लेकिन क्या यही सब फेंकने के आपको चुना? इसीलिए जनता के टैक्स से मोटी सैलरी, बढ़िया कुर्सी, लग्जरी गाड़ी, मंत्री जी @JM_Scindia को मिल���ी है?
दुनिया क्लाइमेट चेंज के solution पर काम कर रही... और आप सफेद झूठ बोल रहे हैं...
आपको बताना ये था कि heatwave में लोग बीमार हो जाएं तो एंबुलेंस कितनी देर में आएगी... हॉस्पिटल में डॉक्टर मिलेगा या नहीं?
बच्चे स्कूल में 51 डिग्री में कैसे पढ़ेंगे, आपके इलाके के स्कूलों में क्या फैन सही से चल रहा है? या उसकी भी जरूरत नहीं?
“IPL और धुरंधर में व्यस्त देश मणिपुर पर चुप क्यों है?
एक माँ को उसके बच्चे के साथ मार डाला - क्या यह नारी शक्ति है
हमारे युवाओं का सब कुछ बर्बाद हो गया
हमें सिर्फ शांति और न्याय चाहिए”
मणिपुर के युवा को सुना जाये
@ANI