एक अभ्यर्थी-एक सीट की नीति! 📢
भर्ती बोर्ड ने पूर्व में(16/01/2023 आदेशानुसार)SI/ASI 124-कॉमन कैंडिडेट्स को Filter/Delist करके ऐतिहासिक निर्णय लिया था। निवेदन है कि Computer Operator 2023 में भी SI/ASI के 200+कॉमन छात्रों के लिए यही प्रक्रिया अपनाएं।
@myogiadityanath@upprpb
एक अभ्यर्थी-एक सीट की नीति! 📢
भर्ती बोर्ड ने पूर्व में(16/01/2023 आदेशानुसार)SI/ASI 124-कॉमन कैंडिडेट्स को Filter/Delist करके ऐतिहासिक निर्णय लिया था। निवेदन है कि Computer Operator 2023 में भी SI/ASI के 200+कॉमन छात्रों के लिए यही प्रक्रिया अपनाएं।
@myogiadityanath@upprpb
@myogioffice@myogiadityanath अखबारों की सुर्खियां चीख-चीख कर कह रही हैं—'एक अभ्यर्थी, एक पद'। जब खुद मीडिया इस विसंगति को दिखा रहा है, तो भर्ती बोर्ड आंखें क्यों मूंदे है? 2021 की तर्ज पर 124 कॉमन छात्रों की तरह इस बार भी डीलिस्टिंग का न्याय चाहिए!
भर्ती प्रक्रिया का उद्देश्य अधिकतम योग्य अभ्यर्थियों को अवसर देना होना चाहिए।जब एक अभ्यर्थी एक से अधिक चयन सूची में है, तो अतिरिक्त सीटें रिक्त नहीं रहनी चाहिए।
कॉमन कैंडिडेट्स को डीलिस्ट करना चाहिए @myogiadityanath@myogioffice@CMOfficeUP@dgpup@UPGovt@BJP4UP@upprpb
यदि 2023 में डीलिस्टिंग संभव थी,तो 2026में कंप्यूटर ऑपरेटर एवं SI/ASI भर्ती में यह व्यवस्था क्यों नहीं?
खाली सीटें अभ्यर्थियों और विभाग दोनों के हित में नहीं हैं।
'एक छात्र, एक सीट' का सिद्धांत लागू हो @myogiadityanath@myogioffice@CMOfficeUP@dgpup@UPGovt@BJP4UP@upprpb
जब अभ्यर्थी अपना 100% देते हैं, तो भर्ती बोर्ड की भी जिम्मेदारी है अभ्यर्थियों के साथ न्याय करना,
कृपया हमारी आवाज़ सुनिए।
कब से इंतज़ार कर रहे हैं, अब और धैर्य की परीक्षा न लें।
डीलिस्ट प्रक्रिया को जल्द पूरा करें।@myogioffice@CMOfficeUP@UPGovt@BJP4UP@dgpup@upprpb
यदि एक भर्ती में पहले Common Candidatesको डीलिस्ट किया जा चुका है,तो समान परिस्थितियों में दूसरी भर्ती में अलग नियम क्यों?अभ्यर्थी केवल समानता,पारदर्शिता और न्याय की मांग कर रहे हैं।भर्ती प्रक्रिया में एकरूपता बनाए रखना आवश्यक है@myogioffice@CMOfficeUP@UPGovt@BJP4UP@dgpup
माननीय महोदय, कॉमन अभ्यर्थियों के कारण भर्ती प्रक्रिया में असंतुलन उत्पन्न हो रहा है। योग्य अभ्यर्थी अवसर की प्रतीक्षा कर रहे हैं। कृपया शीघ्र डीलिस्टिंग कर नोटिस जारी करें। @myogiadityanath@upprpb
महीनों से इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों की आवाज सुनिए।
युवा सिर्फ मेहनत का सही परिणाम चाहते हैं।
Common candidate को delist कर प्रतीक्षा खत्म की जाए।हजारों युवाओं की उम्मीदें इससे जुड़ी हैं। @myogioffice@CMOfficeUP@UPGovt@BJP4UP@dgpup@upprpb
“हाथ कंगन को आरसी क्या,
पढ़े-लिखे को फ़ारसी क्या!”
PIB के अधिकृत बयान के अनुसार, आज से ठीक बारह साल पहले 26 मई 2014 को जब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सत्ता संभाली थी, उस दिन भारतीय basket का कच्चा तेल $108.05 प्रति बैरल था और डॉलर-रुपया exchange rate 58.59 रुपए थी। उस समय पेट्रोल ₹71.51 और डीज़ल ₹56.71 प्रति लीटर मिल रहा था।
आज कच्चे तेल की कीमत $99 प्रति बैरल से कम है, लेकिन पेट्रोल और डीज़ल के दाम बढ़कर क्रमशः ₹102.12 और ₹95.20 प्रति लीटर हो गए हैं।
यानी कच्चा तेल सस्ता हुआ, लेकिन पेट्रोल करीब 42.8 % और डीज़ल करीब 67.9 % महँगा हो गया।
हर अर्थशास्त्री जानता है कि पेट्रोल-डीज़ल की महँगाई का असर हर क्षेत्र पर पड़ता है। परिवहन से लेकर खाद्य वस्तुओं तक, आम आदमी पर महँगाई की मार बढ़ती है। इसके बावजूद सरकार की मुनाफ़ाख़ोरी जारी है।
सवाल सीधा है कि जब कच्चा तेल सस्ता हुआ, तो पेट्रोल-डीज़ल महँगा क्यों?
जनता को राहत क्यों नहीं?
युवाओं ने अपनी मेहनत में कोई कमी नहीं छोड़ी,
अब उम्मीद सिर्फ निष्पक्ष और समय पर निर्णय की है।
Computer Operator और ASI के common candidates लगातार प्रतीक्षा में हैं
भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता और स्पष्टता बेहद जरूरी है @upprpb@myogioffice@CMOfficeUP@UPGovt@BJP4UP@dgpup
पूर्व में समान परिस्थितियों में delisting की प्रक्रिया अपनाई जा चुकी है।
अतः निवेदन है कि वर्तमान भर्ती में भी निष्पक्षता एवं पारदर्शिता बनाए रखने हेतु आवश्यक निर्णय लिया जाए।
@myogiadityanath@upprpb