"आपकी सेवा के लिए हर क्षण, हर परिस्थिति में तत्पर हूं"
आज लखनऊ के हजरतगंज स्थित अटल चौक पर भीषण बारिश में "अनुबंधित चिकित्सकों” से भेंटकर उनकी समस्याओं को गंभीरतापूर्वक सुना एवं सभी अनुबंधित चिकित्सकों को समान वेतन दिए जाने की घोषणा करते हुए उन्हें पूर्ण रूप से आश्वस्त किया।
@BJP4India@BJP4UP
@nivesh_pandit@rajputr_itihas हम सरकार से सेवा से छूट नहीं मांग रहे। CHC/PHC में बंधन के तहत दूर-दराज़ क्षेत्रों में पूरी जिम्मेदारी से मरीजों की सेवा कर रहे हैं। हमारी मांग सिर्फ इतनी है कि हमारी जिम्मेदारी और कार्य के अनुरूप न्यायसंगत वेतन मिले। सेवा भी करेंगे, न्याय भी मांगेंगे।
@Krishna21882792@rajputr_itihas टैक्सपेयर्स के पैसे से पढ़ाई हुई है, इसलिए समाज के प्रति हमारी जिम्मेदारी हम स्वीकार करते हैं। इसी जिम्मेदारी के तहत CHC/PHC में सेवा दे रहे है���। लेकिन इसका अर्थ यह नहीं कि हमारे श्रम का उचित वेतन न मिले। सेवा भी करेंगे, न्याय भी मांगेंगे।
माननीय @myogiadityanath जी, आपके शासन में MBBS बॉन्ड डॉक्टरों के साथ यह वेतन असमानता क्यों?
एक ही डिग्री, इंटर्नशिप, ₹10 लाख बॉन्ड और अनिवार्य सेवा—फिर मेडिकल कॉलेज में ~₹1–1.2 लाख और CHC/PHC में केवल ₹50–65 हजार?
समान सेवा का मूल्य पोस्टिंग से अलग क्यों?
कृपया न्याय करें। 🙏
ये उत्तर प्रदेश के अभी-अभी पास हुए यंग MBBS डॉक्टर बच्चे है
जिनको योगी सरकार जबरदस्ती 2 साल सर्विस करवा रही है
लेकिन विडंबना देखिए की इनमें से किसी बच्चे को एक लाख तनख्वाह देती है किसी बच्चे को 50000 ,एक प्राइमरी के टीचर ��े भी कम
इन्हीं का कंपाउंडर इनसे 2 गुना ज्यादा वेतन ले रहा है और इन पर हँस रहा है
आज इन बच्चों को मजबूरी में बारिश में धरना प्रदर्शन करना पड़ रहा है
और मांग ना पूरी होने पर भूख हड़ताल और आमरण अनशन
योगी जी क्या हमारा प्रदेश इतना कंगाल है जो आप अपने बच्चों को भी एक गरिमामय वेतन नहीं दे सकते
फिर आपने इतने मेडिकल कॉलेज क्यों खोलें ?
और अगर प्रदेश इतना कंगाल ही है तो आप इनसे जबरदस्ती सर्वि�� क्यों करवा रहे हैं ?
और सबसे बड़ी बात किसी को एक लाख वेतन और किसी को 50000 ऐसा क्यों ?
सिर्फ 8 करोड़ के खर्चे में सबको बराबर वेतन दे सकते हो फिर यह मक्खी चूसी और अन्याय क्यों?
यूपी इलेक्शन नजदीक है पर प्रदेश कंगाल है ऐसी छवि क्यों बना रहे
@brajeshpathakup
जी
@myogiadityanath
@myogioffice
PLS मैटर में दखल दीजिए
@CMOfficeUP
और @UPGovt
को आदेश दीजिए जिससे इन बच्चों की भूख हड़ताल खत्म हो
#SameBondSameSalary
Aghast to see this happening under your government, @myogiadityanath Ji. Kindly ensure that professionals serving the State are not treated shabbily.
Same MBBS degree. Same internship. Same ₹10 lakh bond. Same compulsory government service.
Yet their compensation changes dramatically based simply on where the government posts them.
Medical college postings get Level 10 pay with DA, HRA, NPA and TA, often ₹1–1.2 lakh a month. Doctors posted to CHCs/PHCs can be left with just ₹50,000–₹65,000, without these allowances. Worse, NHM Medical Officers doing comparable work at the same facilities can earn ₹1 lakh or more.
The State cannot demand equal commitment under the same bond while attaching unequal value to the doctors fulfilling it.
Rural and peripheral service is already tougher in terms of infrastructure, accessibility and working conditions. It should not also come with a steep financial penalty.
If the bond is the same, the service obligation is the same, and the qualification is the same, the pay should not become a postcode lottery.
#SameBondSameSalary
उत्तर प्रदेश में अनिवार्य सेवा बॉण्ड के अंतर्गत नियुक्त लगभग 1800 MBBS चिकित्सक दूरस्थ CHC/PHC पर 24×7 सेवाएँ दे रहे हैं, लेकिन आज भी ₹50,000–₹65,000 मानदेय पर कार्य करने को विवश हैं। जबकि शासन द्वारा MBBS संवि��ा चिकित्सकों के मानदेय में संशोधन किया जा चुका है