मेरे भाई,
जिस पोस्ट पर आपने ये लिखा है, वो कथन मेरा नहीं है।
वो कथन बाबा साहब भीम राव अंबेडकर जी का है जो उन्होंने डॉ. संविधान सभा में 30 नवम्बर 1948 को दिया था ।
ये बाबा साहब ने ही कहा था की
“मान लीजिए कि किसी एक या अनेक समुदायों के लिए राज्य के कुल 70% पद आरक्षित कर दिए जाएँ और केवल 30% पद सामान्य प्रतियोगिता के लिए छोड़े जाएँ।
क्या तब यह कहा जा सकता है कि समान अवसर का सिद्धांत वास्तव में लागू है?
मेरे विचार में नहीं।
इसलिए यदि आरक्षण को समान अवसर के सिद्धांत के अनुरूप रखना है, तो आरक्षित पदों की संख्या कुल पदों के अल्पसंख्यक (minority) भाग तक ही सीमित रहनी चाहिए।”
पूरा झारखंड याद रखेगा जब पेपर लीक को लेकर छात्र आंदोलन कर रहे थे, पूरा मीडिया कॉंग्रेस की दलाली में व्यस्त था
तब कुछ पत्रकार लोग थे जो लगातार आवाज उठा रहे थे @shubhankrmishra
झारखंड के युवा आखिर किस पर भरोसा करें?
कहीं पेपर लीक, कहीं OMR पर सवाल, कहीं Result में गड़बड़ी, कहीं भर्ती प्रक्रिया ही विवादों में।
जिस राज्य के युवाओं को सबसे ज़्यादा एक निष्पक्ष व्यवस्था और बेहतर भविष्य की ज़रूरत है, वहीं उनके सपनों के साथ बार-बार खिलवाड़ हो रहा है।
आख़िर इतनी धांधलियों के बीच कोई युवा व्यवस्था पर विश्वास कैसे करेगा?
अगर युवाओं का भविष्य ही सुरक्षित नहीं होगा, तो किसी भी राज्य का भविष्य बेहतर कैसे बनेगा?
इतिहास लिखा जा रहा है,
यह जनता का आंदोलन है, जनता द्वारा चलाया गया है और जनता के लिए है।
कोई उच्च कमान नहीं। कोई गुप्त एजेंडा नहीं।
इतिहास में पहली बार, हर मांग और हर कार्ययोजना
को जनता की आम सहमति से आकार दिया जाएगा -
न कि कुछ मुट्ठी भर लोगों द्वारा निर्देशित किया जाएगा।
@abhinaymaths Sir लेकिन इसमें हम जैसे बच्चों का क्या दोष ews फर्जी बन रहे है अगर तो इसमें सरकार को रोकना चाहिए इससे पूरे ews को बेकार बता देना कहा तक सही और जनरल वाले अगर आरक्षण का विरोध कर रहे है तो वो साथ में ews का भी कर रहे है हम सबको पता है आरक्षण इतनी जल्दी नहीं हटेगा पर सार्थक चर्चा हो
@abhinaymaths Sir लेकिन इसमें हम जैसे बच्चों का क्या दोष ews फर्जी बन रहे है अगर तो इसमें सरकार को रोकना चाहिए इससे पूरे ews को बेकार बता देना कहा तक सही और जनरल वाले अगर आरक्षण का विरोध कर रहे है तो वो साथ में ews का भी कर रहे है हम सबको पता है आरक्षण इतनी जल्दी नहीं हटेगा पर सार्थक चर्चा हो
@abhinaymaths SC में भी वर्गीकरण लागू हो क्यूंकि SC की कुछ जातिया ही पूरा आरक्षण ले जा रही है हम लोग रिज़र्वेशन के खिलाफ कभी नहीं है लेकिन जब हमसे अमीर लड़का हमसे कम नंबर पाकर सिलेक्शन ले जाता है तब दर्द तो होता ही है और होना भी चाहिए क्यूंकि वो deserve ही नहीं करता था।
@abhinaymaths SC में भी वर्गीकरण लागू हो क्यूंकि SC की कुछ जातिया ही पूरा आरक्षण ले जा रही है हम लोग रिज़र्वेशन के खिलाफ कभी नहीं है लेकिन जब हमसे अमीर लड़का हमसे कम नंबर पाकर सिलेक्शन ले जाता है तब दर्द तो होता ही है और होना भी चाहिए क्यूंकि वो deserve ही नहीं करता था।