@vivekkumar84@HMOIndia सर किसी एक अधिकारी की हत्या हुई तो इतना हड़कंप मच गया। कभी सोचा है जो सिपाही या कांस्टेबल खुद को गोली मार लेते हैं वह किस डिप्रेशन से गुजरते होंगे? क्या उनके लिए कभी इस तरह से जाच की गई ? य���ि की गई होती तो आज यह नौबत नहीं आती।