हरियाणा की बेटी होने के नाते मैं अपने मुख्यमंत्री से कुछ सवाल करना चाहती हूँ -
माननीय मुख्यमंत्री श्री @NayabSainiBJP जी
1) क्या कभी मेरे साथ ये मेरे आस पास किसी के भी साथ कुछ गलत हो रहा हो तो क्या मैं आवाज़ उठा सकती हूँ ?
2) क्या मैं उस अन्याय से रिलेटेड concerned अधिकारी या नेतागण से जो अपनी ज़िम्मेदारी का निर्वाह नहीं कर रहा -- सवाल पूछने का अधिकार रखती हूँ ?
3) यदि वह पब्लिक office अपनी ज़िम्मेदारी से पल्ला झाड़े, जवाब न दे तो क्या मैं उनके खिलाफ शांतिपूर्ण ढंग से आंदोलन , प्रदर्शन करने का अधिकार रखती हूँ ?
4) क्या मेरे शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन करने पर भी मेरे सवालों के जवाब देने की बजाये मुझे डराने की मंशा से मुझ पर पुलिसिया कार्यवाही जायज़ है ?
इन सवालों के जवाब ज़रूर दीजियेग़ा मुख्यमंत्री साहब क्यूंकि भारत का संविधान तो मुझे आजादी देता है -- मेरा fundamental राइट के आंदोलन करने का लेकिन भाजपा नहीं देती! !
आप डराते हैं, दबाते हैं -- ताकि आपके खिलाफ आवाज़ न उठे -
ताकि हर वो व्यक्ति डर जाये जो आपसे त्रस्त है l
क्यूँ ऐसा माहौल बना रहे हैं ? किसलिए ?!!
यह केवल भर्तियों के मुद्दों की नहीं बल्कि प्रत्येक मुद्दे की बात है l
आप सरकार हैं , आशा भी आपसे हैं और शिकायत भी आपसे ही !
आज मुझे GJU से कुछ छात्रों ने फ़ोन किया और कहा कि मैं सबके मुद्दे उठाती हूँ तो उनका क्यूँ नहीं? तो उसी कड़ी में मैं उन छात्रों की बात रखने आयी हूँ --
एक यूनिवर्सिटी का VC अपनी ही यूनिवर्सिटी के छात्रों से बात -संवाद क्यूँ नहीं कर सकता है ?
प्रजातंत्रिक तरीको की केवल बात ही होगी ? कभी अपनाये नहीं जाएंगे क्या ??
बात कर लेते तो मुद्दा इतना escalate होता ही नहीं l
और युवाओं पर सुनने में आया है 3rd डिग्री टार्चर तक कहाँ
तक उचित है !!
पोलिटिकल एंगल को इतर रखते हुए आप स्वयं बताएं-- छात्रों की VC नहीं सुनेगे तो कौन सुनेगा? ?
जनता की सरकार नहीं सुनेगी तो कौन सुनेगा ??
आप क्यूँ खुद को मुख्य सेवक कहते हैं जब फरमान ही सुनाने आते हैं और सुनना नहीं आता तो -- राजा कहिये खुद को !
कहिये खुलकर कि हर आवाज़ जो खिलाफ है उसे कुचला जाएगा , दबाया जाएगा , abuse of power होगा !
निंदनीय !
#श्वेता_ढुल
ये बहुत ही अनमोल पल है..!!
पत्नी सरकार के खिलाफ धरने में प्रदर्शन कर रही है और पति पुलिस में है जिसे प्रदर्शन को कंट्रोल करने की जिम्मेदारी मिली हुई है।
पत्नी सरकार के खिलाफ और पति सरकार के साथ एक दूसरे के विरुद्ध आमने सामने खड़े हैं।
कमाल का नजारा है..!!😀😆👌
जज - आप पर चार्ज है कि आपने स्कूल जोन में तेज गाड़ी चलाई..
बुजुर्ग - मैं 96 साल का हूं, मैं अपने बेटे को डॉक्टर के पास ले जा रहा था.
जज - कितनी उम्र है आपके बेटे की?
बुजुर्ग - 63 साल और वो विकलांग है.
इसके बाद जज की बाते सुनकर आपको लगेगा कि मानवता ज़िंदा है. वीडियो कमेंट में
PASSENGER : एसी कोच में आप लोग अंदर ही घुसते आ रहे हो. थोड़ा बहुत शर्म करो आप के घर में औरतें और बच्चे हैं या नही,
औरतों और बच्चों को टॉयलेट जाना है. कैसे जायेंगे. क्या तुम्हारी छाती पर चढ़कर जाएंगे.
KAWAD YATRI : बैठ जाओ चुपचाप, पानी कम पीओ.
PASSENGER : शर्म नही आ रही है, धार्मिक कार्य कर के आ रहे हो. बिना टिकट एसी कोच में घुस गए.
मित्रों यह कोई छोटी मोटी घटना नही है. मॉरल रेस्पोंसबिलिटी के अलावा कानून व्यवस्था से जुड़ा मामला भी है.
इस घटना के लिए एक पार्टी सबसे ज्यादा जिम्मेदार है. अगर प्रशासन और पुलिस को कार्यवाही करने की छूट मिलती तो कावंड़िये इतना उत्पात नही मचा पाते.
इसके बावजूद यह PASSENGER उसी पार्टी को वोट देगा.
कल दो पुलिस महिलाकर्मियों ने एक अत्यंत सराहनीय एवं मानवीय कार्य किया।इन्होंने एक महिला अभ्यर्थी के 11 महीने के छोटे बच्चे की देखरेख कर उसे निश्चिंत होकर परीक्षा देने का अवसर प्रदान किया, जिसके लिए आयोग की तरफ से इन दोनों को नगद पुरस्कार एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया जाएगा।
26-27 को CET होने जा रहा है l
प्रदेश की सबसे बड़ी प्रवेश परीक्षा -
लेकिन ताज्जुब की बात है कि अभी भी अभ्यर्थियों के मन में कई सवाल हैं और संशय बना हुआ है -
हालांकि चेयरमैन HSSC श्री हिम्मत सिंह ने कई सवालों के जवाब दिए हैं लेकिन अभी भी जो सबसे बड़ी समस्या है एडमिट कार्ड download न होने की - उसे एड्रेस नहीं किया जा रहा है !!
जब लाखों बच्चे पेपर देने से ही वँचित हो जाएंगे तो क्या कहा जाये इसे ?
बहरहाल, काफ़ी चीज़ें जो पिछले CET से इस बार बदली गयी हैं वे -
1- कोई भी ID कार्ड चलेगा हरियाणा सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त - आधार अनिवार्य नहीं
2- क्वेश्चन बुकलेट सील्ड है या नहीं ये कमरे में बैठे अभ्यर्थी स्वयं चेक करके मंजूरी देंगे
3- इस बार नाम, पिता का नाम, रोल नंबर पहले से छप कर नहीं आएगा आपको स्वयं लिखना होगा
4- पेपर का पैटर्न - 25% हरियाणा GK
व बाकि अन्य सब्जेक्ट्स जिसमे कंप्यूटर साइंस भी होगा
5- रिजल्ट जारी होने के बाद केटेगरी change करने का मौका देगा कमीशन
- मगर लगभग 2 लाख अभ्यर्थियों के सेंटर 100 किमी दूर हैं जिसपर मौन है सरकार
- एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में कोई मदद नहीं बच्चों की
- पिछले एग्जाम की वेटिंग लिस्ट जारी नहीं की है जैसे कि हरियाणा पुलिस 6/2024 और ग्रुप C
- बच्चों को तो बता दिया कि नकल करते पकड़े गए तो क्या क्या कार्यवाही होगी लेकिन यदि कमीशन ने पेपर नक़ल मार कर दे दिया, या पेपर लीक हुआ या गलत प्रश्न पत्र हुआ या गलत उत्तर विकल्प, या गलत नार्मलइजेशन लगायी या अन्य कोई गलती तो उसपर कौन ज़िम्मेदारी लेगा क्या कार्यवाही करेगा इसपर मौन है सब !!
बच्चों को 2-5 साल की सज़ा decide कर दी है -
यदि सच में FAIR हैं तो ज़िम्मेदारी लीजिये कि इनमे से कुछ भी हुआ तो चेयरमैन और सेक्रेटरी HSSC तुरंत इस्तीफ़ा देंगे !!!
Otherwise it is all a farce !
All the best for your exam- Do well✌️
और हाँ एक और महत्वपूर्ण बात - यदि पेपर में कुछ भी गड़बड़ हुई तो मैं एनालिसिस करुँगी चेयरमैन हिम्मत सिंह जी !
https://t.co/hhdqZ7D69c
फौजी बनने से पहले ही फौजी बनने की ट्रेनिंग करवाने का लोगों ने अपना धंधा खोल लिया है,
यह लोग मासूम बच्चों को इसी ट्रेनिंग के नाम पर अपनी एकेडमी में लाते हैं फिर उनकी सुरक्षा से खेलकर Reel और वीडियो बनाते हैं,
यह Defender पिछली साल Indore Physical Academy चलाने वाले जितेन्द्र सिंह ने ली थी,
अब Commando Academy वाले विराट चौधरी भी इसी Defender के सपने देख रहे होंगे,
लड़कों को फ़ौजी बनने का सपना दिखाते हैं और यह लोग मालामाल हो जाते हैं।