जन्मदिन की बहुत-बहुत बधाई @yadavakhilesh जी।
PDA की हिस्सेदारी से सामाजिक न्याय का संकल्प हम मिल कर पूरा करेंगे। अच्छे स्वास्थ्य और खुशहाल जीवन के लिए शुभकामनाएं।
हद हो गई अब तो,इस जयचंद ने तो कुछ गोदी मीडिया वालों के साथ मिल अब ये अफवाह भी उड़ा दी है कि मैं कोई नई राजनीतिक पार्टी बना रहा हूँ....बिहार की जनता से फिर से यही अपील करूंगा कि ऐसी किसी भी भ्रामक खबरो पर विश्वास नही करे।
जय हिन्द..जय बिहार...जय राजद
#TejPratapYadav#Papa #LaluPrasadYadav
ये घटिया बात है क्रिकेट की
कोहली रोया तो सभी broadcasters ने दिखाया ,
ब्रॉडकास्टिंग राइट्स वाले कोहली कोहली कर रहे है तब से अब तक लेकिन जिस बंदे ने पूरी ताक़त लगा दी और अगर एक दो बाल और होती तो नक़्शा बदल देता उस शशांक की कोई बात नहीं कर रहा है
ये बहुत ग़लत हुआ है #RCBvsPBKS match में
जितना बड़ा खिलाड़ी जितना बड़ा PR उतनी चर्चा
भावुक अपना शशांक भी हुआ लेकिन वो किसी ने नहीं दिखाया 😡
शशांक सिंह भाई को सैलूट है जबरदस्त खेले हो भाई
शशांक इंडियन क्रिकेट टीम में जगह डिज़र्व करता
है तो ठोको रीट्वीट ❤️
श्री बांके बिहारी जी के असीम कृपा व आशीर्वाद से नवजात शिशु के आगमन ( पुत्ररत्न की प्राप्ति ) पर मुझे बड़े पापा बनने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है..छोटे भाई तेजस्वी प्रसाद यादव एवं राज श्री यादव को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं...भतीजे को मेरा स्नेहिल आशीर्वाद एवं शुभ प्यार.. #TejPratapYadav
मेरे सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म को हैक एवं मेरे तश्वीरो को गलत तरीके से एडिट कर मुझे और मेरे परिवार वालो को परेशान और बदनाम किया जा रहा है,मैं अपने सुभचिंतको और फॉलोवर्स से अपील करता हूं कि वे सतर्क रहें और किसी भी अफ़वाह पर ध्यान न दे....
69000 शिक्षक भर्ती : सुप्रीम कोर्ट में नहीं हुई सुनवाई, पीड़ित अभ्यर्थी निराश..!!
नई दिल्ली/लखनऊ। उत्तर प्रदेश 69000 शिक्षक भर्ती आरक्षण घोटाला मामले में मंगलवार को सुनवाई नहीं हो सकी। जबकि सुनवाई के लिए केस सप्लिमेंर्टी लिस्ट में 40 वे नंबर लगा था।
आरक्षित वर्ग की ओर से कोर्ट में उपस्थिति अधिवक्ताओं ने चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया को केस के संबंध में अवगत कराया, तो उन्होंने अगली किसी डेट पर मामले को सुने जाने को कहा है।
वहीं मंगलवार को सुनवाई नहीं होने से आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थी हताश और निराश है।
बात दें की मुख्य न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली पीठ ने इस मामले में लखनऊ हाईकोर्ट के डबल बेंच के आदेश पर 9 सितंबर को सुनवाई के बाद रोक लगा दी थी और 23 सितंबर को सुनवाई के लिए आदेश दिया था। लेकिन सुनावाई नहीं हो सकी थी। मामले में अगली तारीख 15 अक्टूबर तय की गई थी। इससे पहले 13 अगस्त 2024 को लखनऊ हाई कोर्ट डबल बेंच ने एक फैसला दिया था। जिसे अनारक्षित वर्ग के कुछ अभ्यर्थीयों के द्वारा सुप्रीम कोर्ट में चैलेंज किया गया है। जबकि आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों ने और सरकार ने इस फैसले को सही माना हैं। आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थी सरकार से इसका पालन किए जाने के लिए आग्रह भी किया। लेकिन सरकार इस पर आगे नहीं बढ़ पाई और अब इस मामले की सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में चल रही है।
आरक्षित वर्ग की ओर से आंदोलन व कोर्ट में लड़ाई लड़ रहे अमरेंद्र पटेल ने बताया कि वर्ष 2018 में यह भर्ती प्रक्रिया शुरू हुई थी। जब इसका परिणाम आया तो इसमें व्यापक स्तर पर आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों के साथ अन्याय किया गया और उन्हें नौकरी देने से वंचित कर दिया गया। एक लंबे आंदोलन और न्यायिक प्रक्रिया से गुजरने के बाद बीते 13 अगस्त 2024 को लखनऊ हाई कोर्ट के डबल बेंच ने हम आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों के हित में फैसला सुनाया है और नियमों का पालन करते हुए अभ्यर्थियों को नियुक्ति दिए जाने का आदेश दिया है। लेकिन सरकार इस प्रकरण में हीला हवाली करती रही। अब ममला सुप्रीम कोर्ट में आया है हमें पूरी उम्मीद है कि हमें यहां भी न्याय मिलेगा।
लालू जी जैसा ना कोई है, ना हुआ और ना होगा... यूं ही गरीबों के मसीहा नहीं कहे जाते हैं शेरे बिहार @laluprasadrjd जी।
बिहार की राजनीति में लालू जी का जलवा था, और हमेशा रहेगा..!!💚
"अभी सुनने में आ रहा है कि मंत्री जी चिल्ला रहे हैं कि आरक्षण खत्म हो गया, सरकार में भी रहेंगे और आरक्षण की भी बात करेंगे। जिन्हें आरक्षण की चिंता है, पिछड़े, दलित अल्पसंख्यक, आदिवासी भाई बहन हैं वो तुरंत बीजेपी को छोड़ दें।"
- माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अखिलेश यादव जी
हाल ही में एक इंटरव्यू में अवध ओझा से पूछा गया कि
आज देश में Most Promising Leader कौन है?
तो इसके जवाब में अवध ओझा ने कहा कि
आज की डेट में देश में Most Promising Leader तो राहुल गांधी जी ही हैं 🔥
अब भले ही कोई भी कुछ भी कहे मगर राहुल गांधी एक नया ब्रांड बनकर खड़े हो चुके हैं। अब देश में हर स्तर का व्यक्ति राहुल गांधी में भविष्य देखने लगा है।
बांग्लादेश हिंसा की आग में सुलग रहा है. हिंसा के बीच हालात बेहद खराब हो गए हैं. हजारों लोग सड़कों पर उतरकर सरकारी संपत्ति को आग के हवाले कर दिया है. बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना ने पद से इस्तीफा दे दिया और बांग्लादेश में तख्तापलट हो गया.