कोई इतना बड़ा चूतियां कैसे हो सकता है नीलटो?
पहले तय करो भीमतो की ब्राह्मण तुम्हारे यहां भीख मांगता था कि तुम्हारे पांच हजार सालों से शोषण कर रहा था?
बिल्कुल ठीक व्यक्तव्य है अजीत जी का... रेल बना कर रखिए..
एक अकेला अजीत भारती ने भाजपा को चुनाव हरवा दिया, जिसके लाइव में 5 से 6 हजार आते हैं, ये अजीत भारती खुद बता रहे हैं और बोल रहे हैं कि ऐसा भाजपा वाले और उनके आईटी सेल वाले मानते हैं।
UGC विरोध कम होता जा रहा है
जो मोदी सरकार चाहती थी वही होने लगा है मै आप
लोगो से बोला था एक दो ट्वीट रोज करे..
एक तो UGC काले कानून की सुनवाई का डेट सरक
रहा ऊपर से सवर्ण विरोध कम करने लगे
अगर ऐसे रहा तो जो मोदीजी SC/ST एक्ट के साथ
किये थे वही UGC के साथ करेंगे..
अगर एक बार लागू हो गया तो फिर कोई कुछ नहीं कर
पाएगा सवर्ण बच्चों का भविष्य बर्बाद होगा
विरोध जारी रखिये इसे कमजोर मत पड़ने दीजिये 🙏
कमेन्ट बॉक्स मे इस हैसटैग को अवश्य लिखें सब
#UGC_काला_कानून_वापस_लो
अगर बात समानता की है तो...
> UGC क्यों लाए?
> SCSTACT पहले से मजबूत क्यों किया?
> आरक्षण को 70 फीसदी से ज्यादा क्यों किया?
> पदोन्नति में आरक्षण क्यों लाए?
> जाति जनगणना क्यो करवा रहे?
वैसे देश को और समाज को बांटने काटने तोडने में कोई कमजोरी भाजपा ने नहीं छोड़ी है इसीलिए आपके मुंह से यह बातें अच्छी नहीं लगती है।
🚨 आरक्षण की आड़ में मेरिट की हत्या हो रही है भाई-बहन!
50%+ सीटें आरक्षण में चली जाती हैं, फिर भी creamy layer वाले लाखों रुपये कमाते हुए आरक्षण ले रहे हैं।
General category के टॉपर बच्चे आत्महत्या कर रहे हैं क्योंकि सीट नहीं मिलती।
क्या ये न्याय है?
समय आ गया है – Creamy Layer को बाहर करो, Economic Reservation लागू करो, 10 साल बाद रिव्यू करो!
अगर तुम भी Reservation Reform चाहते हो तो ❤️ LIKE + 🔁 SHARE + कमेंट में "REFORM NOW" लिखो!
#ReservationReform #आरक्षण_सुधार #MeritMatters #ReservationRF
अजीत भाई ने एक बड़ा सच सामने रखा है, सामान्य वर्ग फीस भी भर रहा है, योग्य होते हुए भी सीट छोड़ रहा है, फिर भी उसी को अत्याचारी कहा जाता है।
ऐसे मुद्दों पर देश में खुलकर चर्चा होनी चाहिए।
Video credits - @ajeetbharti
अजीत भाई ने एक बड़ा सच सामने रखा है, सामान्य वर्ग फीस भी भर रहा है, योग्य होते हुए भी सीट छोड़ रहा है, फिर भी उसी को अत्याचारी कहा जाता है।
ऐसे मुद्दों पर देश में खुलकर चर्चा होनी चाहिए।
OBC को ट्रेनिंग।
SCST को विदेश में पढ़ने की स्कॉलरशिप?
फिर बचा कौन? सामान वर्ग?
सामान्य वर्ग यहां भाजपा की दरी चादर फट्टी बिछाकर अपना उद्धार करेगा, देश धर्म की ठेकेदारी करेगा।
सभी दिल्ली वासियों से निवेदन:
पंकज धवरैय्या (@ChiefRspDhavrai ) जी, निरंतर 13 वर्षों से सवर्णों की लड़ाई लड़ रहे हैं!
इन्होंने UGC 2026 के खिलाफ, SC/ST act के खिलाफ, और गऊ माता को राष्ट्रमाता बनने के लिये 29 दिन तक सत्याग्रह भी किया!
8 मार्च को इन्होंने सवर्णों को एकत्रित करने का वचन लिया, और इसकी शुरूआत इन्होंने दिल्ली से की है!
कृपया अपना सहयोग पंकज धवरैय्या को प्रदान करें जिससे दिल्ली में जल्द बड़ा सवर्ण आंदोलन संभव हो।
उनसे संपर्क करने के लिये दिल्ली प्रचारक सचिन शर्मा जीं से 72918 49284 संपर्क करें।
SC ST, चाहे वह करोड़पति हो, IIT, IIM, मेडिकल कॉलेज में 0 फीस दे रहा है, जबकि OBC 2 से 3 लाख और सामान्य जाति वाला (चाहे वह झोंपड़ी में रहता हो) 12 लाख से 25 लाख तक फीस भर रहा है। इससे पहले भी SC ST - फ्री कोचिंग, फ्री फॉर्म और -40 पर "आरक्षण" से सीट लेकर आता है। उनका खर्चा कौन उठा रहा है? यही सामान्य जाति वाले..
लड़ाई केवल UGC नहीं है, लड़ाई वह कुत्सित सोच है जो एक वर्ग के कंधों पर दूसरे वर्ग का सारा बोझ डाल रही है। इसका जवाब लेना होगा। थककर नहीं बैठना है, दशरथ मांझी की तरह लगे रहना है।
@ajeetbharti