जितने ज़्यादा लोग नास्तिक बन ��हे हैं, सनातन रीति रिवाजों और संस्कृति का मज़ाक़ उड़ा रहे हैं,
और हमारे त्योहारों पर सवाल उठा रहे हैं, उतना ही सनातन धर्म में मेरा विश्वास बढ़ता जा रहा है ।
क्योंकि हमारे वेदों और पुराणों में कलयुग का वर्णन ठीक ऐसा ही किया गया है । 🪷