@OfficeofUT आमच्याशी गद्दारी करताना लोकशाही कुठे टांगली होती तुमचे लाजे सारखी?? मत मागताना भाजप आणि सत्तेसाठी राष्ट्रवादी आणि काँग्रेस.. असला गद्दार माणूस गेला महाराष्ट्र आनंदी आहे
टूरिस्ट स्पॉट पर बहुत बड़ी समस्या है, ज़्यादातर होटलों में ड्राइवर को सोने एवं नहाने की व्यवस्था नहीं होती।कुछ कुछ जगहों पर होता है तो वहां गंदगी से भरा हुआ होता है।
कस्टमर भी ड्राइवर को जानवरों से बत्तर समझते हैं।ड्राइवर यह "सारथि" हैं।
@9022suresh@imabhayrajjha@nitin_gadkari
@OfficeofUT आपल्या देशातून अंग्रेज गेले पण त्यांचे आदर्श जीवंत राहतात, तोडफोडीचे कामं करायची आणि सामान्य जनतेवर राज करायच��.
सामान्य माणसांत भांडण लावण्याचे धंदे बंद करा.
उच्च न्यायालयानं असे विधानावर न्यायिक कारवाई केली पाहिजे 🙏🏽
@PMOIndia @PIBHomeAffairs
@SupriyaShrinate २०२४ लोकसभा चुनावों में कांग्रेस नेता��ं की डिपोजिट जप्त हो जायेगी।
कोंग्रेस अब सीर्फ इतिहास के पन्नों पर रह जायेगी।
माननीय श्री प्रधानमंत्री जी पर जितना व्यक्तिगत आक्षेप नारेबाज़ी करोगे उतना ही तुम्हारा वोटबैंक पर नुकसान होगा।
@AamAadmiParty @RahulGandhi @INCIndia @OfficeofUT
@ActivistSandeep@KaminiJha10 हमारे देश में इस प्रकार की युवा पीढ़ी पढ़ीलिखी है, परंतु इतिहास विषय की जानकारी पढ़ते नहीं। और कुछ लोग राजनीति लाभ हेतु इतिहास को को अनदेखा कर देते हैं।
गोडसे ने गांधी को क्यों मारा यह पूरा विश्व जानता है। गांधी के नाम पर आज जितना राजनीति करोगे उतना ही तुम्हारा नुकसान होगा।
@pbhushan1 सरजी आप तो उच्च न्यायालय के वकील है,
न्यायपालिका के कार्य को हमसे बेहतर जानते हैं।
क्या आप न्यायपालिका के कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्न चिह्न उठा रहे हैं...?
@AamAadmiParty@SanjayAzadSln@ArvindKejriwal जब इंसान मानसिक रूप से अंधा हो जाता है फिर उस व्यक्ति को समझदार समझना मूर्खता ह��गी।
माननीय प्रधानमंत्री जी पर जितना व्यक्तिगत आरोप, आक्षेप, नारेबाज़ी करोगे उतना ही तुम्हारा वोटबैंक में नुकसान होगा।
इसका प्रमाण २०२४ लोकसभा चुनावों में मिल���गा।
@RahulGandhi @OfficeofUT @INCIndia
@INCIndia@SupriyaShrinate माननीय महोदया आपके पास हिम्मत है, तो यह ट्वीट पर ज़वाब दीजिएगा।
क्या कोंग्रेस नेताओं को अपने भूतकाल से सिखने की आवश्यकता नहीं है।
विचार कीजिएगा।
माफी मांगने से इंसान छोटा नहीं परंतु बड़ा बन जाता है।
@SupriyaShrinate यह राजनीतिक दलों द्वारा चुनाव रैलियों में पैसा बांटने की बातें करते हैं, इनका संज्ञान लेकर उच्च न्यायालय एवं चुनाव आयोग को इस प्रकार की घोषणा पर प्रतिबंध लगाना चाहिए।
हम लोगों को मुफ्त में पैसा बांटने के लिए टैक्स नहीं भरते।
@ECISVEEP@SCofIndia@PMOIndia
@SanjayAzadSln@msisodia@SatyendarJain मान्यवर आप न्यायपालिका पर प्रश्न चिह्न उठा रहे हैं,
क्या न्यायलय के जजों को सही ग़लत की समझ नहीं है...?
आपके नेताओं को यह फ़ालतू का टाइमपास करने के लिए सामान्य जनता ने वोट नहीं दिया।
सही मुद्दे पर जनता का कार्य करें।
@advpyog आप जैसे पढ़े लिखे लोगों को इस प्रकार अनपढ़ों जैसे व्यवहार शोभा नहीं देता।
एक दूसरे से इस प्रकार संप्रदायों में वाद विवाद कर���े से क्या लाभ होगा... सिर्फ़ नुकसान।
यह धरती पर सिर्फ़ एक ही धर्म था,
जैन धर्म परंतु आज विभिन्न धर्मों में बट गया है।
और लड़ो...और झगड़ों...और बटो...