धान अब पकने लगे हैं,इस नए धान का चूरा बहुत मिठऊ होता है। चूरा को पानी में थोड़ी देर भिगोकर जब फूल जाए तो निकाल लीजिए फिर ताजे दही में चूरा और थोड़ा गुड़ मिलाकर खाईए,नरम नरम बहुत अच्छा लगता है। आप चीनी भी मिला सकते हैं जो अच्छी लगेगी।
मैं तीन बार का विधायक हूं। जनता हर बार मुझे जितवा रही थी। इस बार ज्ञानेश कुमार आया। मेरे विधानसभा में 40 हज़ार वोट काटा और चुनाव हरवा दिया। अब मैं ज्ञानेश कुमार की विदाई कराने दिल्ली आया हूं।
- अख्तरुल इस्लाम शाहीन (पूर्व विधायक समस्तीपुर)
विपक्ष के सांसद @SanjayAzadSln जी को किस बर्बरता से डिटेन किया जा रहा है! ये दिल्ली में हो रहा है, अमित शाह के इशारे पर!
इनका एक ही मकसद, हर उस आवाज को कुचलो जो निडर और बेखौफ है।
ऐसे दुष्ट दुर्जनों का सम्पूर्ण सामाजिक बहिष्कार होना चाहिए,कानून तो अपना काम जो है वो करेगा ही। अकेले कानून से ए सुधरने वाले नहीं हैं जबतक समाज इनपर थूके न।
आस्था श्रद्धा और भक्ति से सराबोर सभी लोग नवरात्र का त्यौहार मनाने में मशगूल हैं और ए दुष्ट दुर्जन मंदिरों से घंटा घड़ियाल और परात चुराने में ही व्यस्त है। अब ऐसे नीच प्रकृति आदमी को किस धर्म में रखा जाए,धरम करम में चोर डकैतों का प्रवेश हो गया है। ए दुर्जन धर्मद्रोही लोग हैं।
NGT ने अब नदियों किनारे बनाए गए कृत्रिम तालाबों में भी मूर्ति विसर्जन पर रोक लगाई,इससे पहले NGT सीधे नदियों में मूर्ति विसर्जन पर रोक लगा चुकी है। अब मूर्तियों का विसर्जन प्राकृतिक तालाबों एवं पोखर आदि में ही होगा जिसकी रेगुलर सफाई भी होगी।
चार दिन में पांच रुपए किलो बढ़े चीनी के दाम। नवरात्रि शुरु होते ही दाल और चीनी की कीमतें बढ़ गई हैं। महीने भर में अरहर के दाल के दाम में 12 रुपए और चने के दाल में 15 रुपए की वृद्धि हुई है। चीनी के थोक व्यापारियों ने बताया कि मिलों से बिक्री के लिए पर्याप्त चीनी नहीं मिल रही है।
प्रश्न : लोकतंत्र क्या होता है?
उत्तर: जब सरकारी अस्पताल में ५५ सफाईकर्मी होने के बाद भी, हर महीने उनकी तनख्वाह पर लाखों खर्च होने केबावजूद ... बीमार बच्चे की लाचार मां से अस्पताल का फर्श साफ करवाया जाये
📍दमोह ,मध्य प्रदेश
मध्यप्रदेश के सीहोर जिले के कोसमी गांव में बरेला आदिवासी परिवारों के घरों पर बुलडोजर चलाकर उनकी मक्के की फसलें उजाड़ना बेहद शर्मनाक और अमानवीय है।
सवाल है कि आखिर किसके आदेश पर आदिवासियों के घर और आजीविका उजाड़ी जा रही है?
जब केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मकान नहीं तोड़ने के निर्देश दिए थे, तो फिर कार्रवाई किसके इशारे पर जारी रही?
क्या भाजपा सरकार में आदिवासियों के जल, जंगल और जमीन के अधिकारों की कोई कीमत नहीं है?
इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो और प्रभावित परिवारों को न्याय व मुआवजा मिले।
@ChouhanShivraj@DrMohanYadav51@narendramodi
@RahulGandhi लगे रहिए बहुत कुछ होने वाला है।चुनाव आयोग ने SIR bjp को फायदा पहुंचाने के लिए लगाया है। मरे ट्रांसफर डबल मतदाताओं के नाम पहले भी काटे जाते थे। क्या चुनाव आयोग अब लोगों के डेथ सर्टिफिकेट देखकर नाम काट रहा है?पहले blo प्रधान पार्षद सेक्रेटरी के पास बैठकर सूचना संग्रहकर काट देता था।
किस जज ने आपको यह सलाह दी कि विपक्ष से मिलने पर कनफ्लिक्ट ऑफ इंटरेस्ट हो जाएगा? आप तो अभी सत्ता पक्ष से वन नेशन वन इलेक्शन पर मिल रहे थे हो हल्ला हुआ तो प्रोग्राम कैंसिल किए।
सच यह है कि कनफ्लिक्ट ऑफ इंटरेस्ट आपके और RSS के बीच हो जाएगा। यह जो आप कर रहे हो देश की जनता के विरुद्ध है। न्याय केे बुनियादी सिद्धांतों के विरुद्ध है।
बताना पड़ेगा क्या कि आपके संबंध सीजेआई होने के बावजूद सत्ता पक्ष के नेताओं से कितने मित्रवत रहे हैं।