यह Amit Kilhor Kumar नामक फेसबुकिया है,
संसद के पास हुई हिंसा का मास्टरमाइंड है ये…
हिंसा फैलाने के बाद यह सोशल मीडिया पर रील/यूट्यूब वीडियो बनाकर दिल्ली पुलिस के जवानों के साथ मारपीट करने के लिए लोगों को उकसा रहा है,,,
इनमें से दिल्ली पुलिस के एक जवान ‘चौधरी हनी डागर’ के साथ मारपीट करने के लिए लोगों को उकसा रहा है।
इसका पूरा एड्रेस पता करके बताया जाए…
ताकि दिल्ली पुलिस में इसका पूरा केस सौंपा जाए।
🙂😠
This is extremely shocking and needs investigation from @DelhiPolice
A dumper that was standing with stones at Jantar Mantar is now parked near the Youth Congress office, 5, Raisina Hill.
I have verified the address and number plate, and this is the same truck with HR 63E 6865, standing outside the Youth Congress office.
सोनम वांगचुक के परिवार की डिमांड और कोर्ट के ऑर्डर पर उन्हें AIIMS से मेदांता शिफ्ट किया जा रहा है।
यही है इन वामपंथियों की ख़ूबसूरती -
देश की जनता के लिए इन्हें हर चीज सरकारी चाहिए, और ख़ुद के लिए इन्हें एकदम कॉर्पोरेट हॉस्पिटल चाहिए।
मतलब इन्हें देश के नंबर एक हॉस्पिटल पर भी विश्वास नहीं है- एकदम फ्रॉड लोग है।
मेरे सरकारी आवास सफदरजंग लेन के बाहर सड़क पर @RahulGandhi जी के धरने के कारण मेरे छोटे बेटे को परीक्षा सेंटर में आधे घंटे विलंब से पहुँचना पड़ा? शायद इसकी ज़िम्मेदारी @INCIndia पार्टी लेगी ?
राहुल गांधी अभी जिस जगह खड़ा है वह जगह मोदी के आवास के पास का हाई अलर्ट जोन है |
यह मालूम होते भी कि मोदी सेंसिटिव लीडर हैं फिर भी राहुल गांधी आवास के नजदीक पहुंच गया | 😡
हिंदुओं सुनो - सरकार हर स्टेप पर अपना काउंटर नहीं कर सकती - कुछ मामले हमको ही उठाने पड़ेंगे |
कुछ समय पहले, यह ज्ञात हुआ कि कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष, श्री मल्लिकार्जुन खड़गे और उनके साथ अन्य वरिष्ठ नेता, जैसे कि श्री राहुल गांधी, श्रीमती प्रियंका गांधी इत्यादि अकस्मात ही अकबर रोड़ के समीप एक स्थान पर अपने समर्थकों के साथ धरने पर बैठ गयेहैं। सरकार ने इस वरिष्ठ दल की गरिमा के दृष्टिगत, मुझे स्वंय और मेरे साथ केंद्रीय गृह सचिव, श्री गोविंद मोहन को इन वरिष्ठ नेताओं से वार्ता करने हेतु मौके पर भेजा। श्री राहुल गांधी से अनुरोध किया गया कि वे अपना धरना समाप्त करें, क्योंकि यह स्थल धरने का स्थल नहीं है, और यहां पर धरना करने से जनसाधारण को काफी असुविधा भी पहुंच रही है। श्री राहुल गांधी जी ने यह मांग रखी कि यदि सरकार संसद में NEET और उससे संबंधित आंदोलन के साथ जुड़े सभी विषयों पर चर्चा करने के लिए मान जाती है, तो वह अपना धरना तुरंत समाप्त कर देगें। कुछ ही क्षणों में सरकार के शीर्ष नेत्रत्व की अनुमति लेने के बाद, श्री राहुल गांधी को यह आश्वसान दिया गया कि उनकी मांग को मान लिया गया है, तथा सरकार NEET और उससे संबंधित आंदोलन के साथ जुड़े सभी विषयों पर संसद में चर्चा करने को तैयार है।
श्री राहुल गांधी जी को जब यह सूचना पहुंचाई गई तो उन्होंने कहा कि वह इतने पर ही नहीं मानेंगे अपितु उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे का भी आश्वसान चाहा। उन्होंने कहा कि अब मेरी दो मांगे हैं: संसद में चर्चा एवं केंद्रीय शिक्षा मंत्री का इस्तीफा। जब उनको याद दिलाया गया कि पहले उन्होने केवल चर्चा की ही मांग की थी, तब उन्होंने कहा कि अब मेरी मांगें बदल गयी हैं। जब उनकों विनम्रता से ये समझाने का प्रयास किया गया कि उनके जैसे वरिष्ठ नेता को इतनी जल्दी अपनी बात से मुकर जाना शोभा नहीं देता, तो उन्होंने कहा कि यह उनकी मर्जी है। जब गृह सचिव ने यह समझाने का प्रयास किया कि यह स्थल धरने के लिए अनुकूल नही हैं तो उनका उत्तर था कि ये भी उनकी मर्जी है वे जहां बैठें।
श्री राहुल गांधी जैसे वरिष्ठ नेता एवं नेता प्रतिपक्ष काअपनी बात से मुकर जाना दुर्भाग्यपूर्ण है और लोकंतंत्र की हर मर्यादा के विपरीत है। सरकार NEET और उससे संबंधित आंदोलन के साथ जुड़े सभी विषयों पर संसद में चर्चा करने के लिए तैयार है। इसके विपरीत, कांग्रेस पार्टी ने आज तक इस गंभीर विषय पर नियमानुसार औपचारिक चर्चा करने का कोई नोटिस नहीं दिया है। श्री राहुल गांधी का व्यवहार लोकतंत्र के ऊसूलों से मेल नहीं खाता है।
प्रधानमंत्री निवास के प्रवेश द्वार पर राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा और 100 से ज्यादा सांसदों का धरने प्रदर्शन पर बैठ जाना, यह भारत में बेहद खतरनाक ट्रेंड की शुरुआत है। यह मामला सिर्फ राजनीति से नहीं जुड़ा, बल्कि देश में अराजकता पैदा करने की साजिश का हिस्सा लगता है यह।
मत भूलिए कि बांग्लादेश, श्रीलंका और नेपाल सहित कई देशों में इस तरह प्रदर्शन की शुरुआत करके नेताओं के घरों पर हमले और आगजनी हुई है। कांग्रेस की मंशा क्या है ?
ये जो शुक्राचार्य जी के सामने माइक सम्हाले खड़े है उनका नाम है हाजी फिरोज खान उर्फ़ गब्बर।
ये जुबेरगंज रौनाही में पशु बाजार लगवाता था समाजवादी पार्टी, अखिलेश जी की सरकार में, किसानों के पशु गाय और भैंस आये दिन चोरी हो जाते थे हालात ये था कि लोग खुद बाहर सोते थे और पशु घर में बांधते थे, तब चोरी किये गये अधिकतर पशु इन्हीं के बाजार में बिकते थे और फिर गायब हो जाते थे,क्योंकि इनका सिंडिकेट बंगाल और बांग्लादेश तक था, ये व्यक्ति समाजवादी पार्टी से विधायक का चुनाव भी लड़ चुका है।
अब शुक्राचार्य जी के मंच पर ज़ब ऐसे लोग हो तो अपने आप स्पष्ट हो जाता है कि शुक्राचार्य का एजेंडा क्या है? शुक्राचार्य जी को न तो गाय से मतलब है और न ही हिंदुत्व से, उन्होंने समाजवादी पार्टी से हिन्दुओं को बाँटने का ठेका लिया है क्योंकि हिन्दू बटेंगे तभी नमाजवादी सरकार बनेगी और तभी हिन्दू काटे जा सकेंगे और गजवाये हिन्द का सपना पूरा होगा।
घायल हुए आंदोलनकारियों से अस्पताल जा कर सब दलों के नेता मिल आए हैं --- ये अच्छा कदम है ----लेकिन अब घायल हुए पुलिसकर्मियों की भी कुछ सुध ली लेनी चाहिए ----वे भी इस देश की संतानें हैं ----
FAKE NEWS ALERT
The videos circulating on social media alleging that police used batons fitted with nails during yesterday's protest are false and misleading. These videos are not related to yesterday's protest.
Citizens are advised not to spread unverified information and to verify facts before sharing or forwarding content on social media. Appropriate legal action will be taken against individuals found spreading rumours or misinformation.
Big relief for the Central Government:
The Delhi High Court has granted Sonam Wangchuk permission to shift to a private hospital.
Now, whatever happens to him will be the responsibility of the private hospital.
If anything had happened to him in a government hospital, it would have been potrayed as murder.
Data Farming !
Data will be shared with Anti-India Cabal and used in future to grant favours and make these youth become Anti-India Narrative Spinners as well
The Evil Plot !
दिल्ली में हुए हुड़दंग को ध्यान से देखें। चाहे चंडीगढ़ का फन्ने खान हो या सीलमपुर का मकोका अपराधी हाजी अफजाल— किसी के सिर पर टोपी नहीं थी!
भीड़ में पहचान छिपाने और नैरेटिव सेट करने का यह खेल कोई 'संयोग' नहीं, बल्कि एक सोचा-समझा 'प्रयोग' है। सतर्क रहें! 🚩
Dear all,
You are my eyes and ears.
Please keep watch on SM and do let me know in DM if you find anything suspicious
Because of human limitations, I might not reply immediately, but I will surely look into it
Let's work as a team, BHARAT, against foreign powers.
Thank you 🙏