सरकार के पास देश की हर समस्या का एक ही मरहम है. वो है वंदे मातरम.
देश में चीनी है कम, बोलो #वंदेमातरम
फूटा मंहगाई का बम, बोलो वंदे मातरम
एथेनॉल से इंजन गया थम, बोलो वंदे मातरम
मिड-डे मील में पानी ज्यादा सब्जी कम, बोलो वंदे मातरम
बच्चे तबेले में पढ़ें और शिक्षा मंत्री बेशर्म, बोलो वंदे मातरम
छात्रों पर चली पैलेट गन पर सरकार फैलाये झूठ और भ्रम, बोलो वंदेमातरम
भ्रष्टाचार बहुत ज्यादा नौकरियां बहुत कम, बोलो वंदे मातरम
करीब एक हफ्ते से Insta पर ज्यादा सक्रिय हूँ और 👇 ये वायरल हो गया है.
पूरा वीडियो भी ज़रूर देखें। कुछ ऐसी ही लाइन हैं वीडियो के आखिर में भी.
https://t.co/VyS0Ml2XUR
छात्र सरकारों से जीत भी जाएं, नौकरियां कहां से आएंगी? सरकारें भर्ती करना ही नहीं चाहतीं।
1,300 पद तो आईएएस के खाली हैं, जजों के 25% पद खाली हैं। सरकार को संसद में सीटें बढ़ाने की फ़िक्र है, बेरोजगारी की नहीं।
20 लाख से ज्यादा सरकारी पद रिक्त हैं इस समय देश में, मगर सरकारें सब काम ठेके पर कराना चाहती हैं। कर्मचारी क्या देगा नेताओं को, ठेकेदार 20 से 40% कमीशन देता है।
140 करोड़ की आबादी पर मात्र 2 करोड़ नौकरियां हैं। 65 करोड़ की वर्क फोर्स मौजूद है, लेकिन रोजगार के अवसर 10 करोड़ को भी नहीं हैं।
#Unemployment
TV डिबेट में एक BJP नेता ने पुजारी राममूर्ति को चप्पलों से पीट दिया
▪️पुजारी राममूर्ति ने राम मंदिर के चढ़ावा चोरी पर सवाल उठाया था
▪️पुजारी ने हनुमान जी की वेशभूषा में एक व्यक्ति को BJP अध्यक्ष नितिन नबीन के जुलूस में नचवाने पर आपत्ति की थी
यह है हिंदुओं और ढोंगियों में अंतर
दो साल में भारत का Net FDI 28 अरब डॉलर से घटकर 2 अरब डॉलर रह गया है।
मोदी जी जवाब दीजिये कि आखिर दुनिया भर के बड़े investors का भरोसा भारत से क्यों उठ रहा है?
देश को - इवेंट मैनेजमेंट नहीं…
एक मज़बूत अर्थव्यवस्था चाहिए।
NEET में पेपर लीक रोकने के लिए वायु सेना के जहाज इस्तेमाल किए जाएँगे।
क्या इससे पेपर लीक रुकेगा? कैसे अनपढ़ों जैसी बात कर रही है हमारी सरकार?
इनकी नीयत ही नहीं है पेपर लीक रोकने की। देश की शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह माफ़िया के चंगुल में आ चुकी है।
इसे ठीक करना है तो सबको मिलके कुछ करना होगा। अकेले किसी के कुछ करने से नहीं होगा।
एक दशक बाद भी, KBC का यह विज्ञापन चुभता है। यह पूर्वोत्तर भारतीयों को "चीनी" चुटकुलों की तरह पेश करता है, पहचान को एक उपहास का विषय बना देता है।
भारत एक परिवार है, रूढ़िवादिता नहीं। चेहरों, नामों और संस्कृतियों का सम्मान करें।🙏🏻
@ssrajputINC@aviatoramarnath पहले लोक मनोरंजन का एक महत्वपूर्ण मध्यम हुआ करता था 'दूरदर्शन' जिस पर राष्ट्रीय स्तर के और विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्य लोगों को लेकर तैयार किया गया वीडियो बार-बार प्रसारित किया जाता था और यह बोल दोहराए जाते थे कि "सारा भारत ये कहे, प्यार की गंगा बहे, देश में एका रहे......"
मत देखिए एग्ज़िट पोल
“एक अहम बात कि इससे एक ख़ास नैरेटिव सेट करना भी मंशा होती है। ताकि जब असल नतीजे आएं तो चौंकाने वाले न लगें... लगे कि यही तो एग्ज़िट पोल वाले भी कह रहे थे। देखो सच हो गया…”
पूरी बात 👇
https://t.co/qh1560Pear
#UmashankarSinghPoint
क्या खूब कहा है - बनना है तो केजरीवाल बनिए
दिल्ली में @ArvindKejriwal जी की सरकार की पॉवर छीनी गई, हर कदम पर भाजपा की केंद्र सरकार ने रुकावटें लगाईं … लेकिन फिर भी केजरीवाल जी ने जनता को बेहतरीन स्कूल, अस्पताल और 24 घंटे मुफ़्त बिजली दी।
हर वर्ग को इज़्ज़त दी
जहाँ चाह वहाँ राह होती है… फर्क सिर्फ़ नीयत का होता है
लड़ कर भी जनता के लिए काम करवाते थे
आज भगत सिंह जीवित होते तो ये सरकार उन पर भी रा.सु.का. लगा चुकी होती. उन्हें जेल भेज चुकी होती.
अंधभक्तों की ये सरकार सच्चे देशभक्तों से डरती है.
#BhagatSingh#SonamWangchuk#SonamWangchukArrested
तब रवीश कुमार NDTV में प्राइम टाइम डिबेट किया करते थे...एक घंटा कब निकल जाता था पता ही नहीं चलता था।
इसी दौर की एक क्लिप सामने आ गई जिसमें अभय दुबे RSS की हकीकत बता रहे हैं...