रमजान के पाक महिने मैं इस्राईल-अमेरिका ने इराण पर जो हमला किया हे उसका संदेश मुस्लीम जगत मैं अच्छाह नही जायेंगा।
क्या भारत इराण के साथ जो तेल खरीदने के संबंध थे उसे बरकरार रखेंगा? या जिस तरह से अमरिका का भारत के साथ जो व्यापार करार हुवा है। उस मैं कहा गया है कि, अमरिका कि चिंता भारत की चिंता होंगी। क्या भारत सरकार अपनी विदेशी नीती बदलकर इराण के साथ संबंध तोड देंगे? क्या हम तेल खरीदना बंद करा देंगे?
सबसे बडा ये सवाल हे इस युद्ध का दायरा बढने के बाद भारत सरकार अपने मिलीटरी बेस अमरिका को इस्तेमाल करने देंगा ?
भारत के इराण के साथ संबंध अच्छे रहे है। इसिलीये भारत सरकारने इराण के साथ खडा रेहना चाहीये। भारत ने इस्रायल-अमरिका को इस युद्ध में रोकने की कोशीश करे।
इस युद्ध का असर भारत पर भी पडेगा।
: ॲड. प्रकाश आंबेडकर
राष्ट्रीय अध्यक्ष, वंचित बहुजन आघाडी
खाकी वर्दी को शर्मसार करने वाली कल की वायरल घटना बहुत गंभीर है.
पुलिस महकमे में तीन तरह से उगाही की जाती है. एक में सिस्टम का हिस्सा बनकर आपसी तालमेल बिठाकर भ्रष्टाचार किया जाता है.
दूसरा तरीका है दो लोगों के विवाद में अक्सर अमीर आदमी का पक्ष लेना. तीसरा तरीका है जबरन वसूली.
बेंगलुरु का पुलिस इंस्पेक्टर ने मोहम्मद अकबर नाम के बिल्डर से जबरन वसूली के लिए झूठा चीटिंग का केस दर्ज कर दिया.
केस खत्म करने के लिए बिल्डर से 5 लाख रुपए मांगे. एक लाख एडवांस लिया. बिल्डर मोहम्मद अकबर ने कर्नाटक लोकायुक्त में शिकायत दर्ज की.
बकाया 4 लाख वसूलते वक़्त लोकायुक्त टीम ने इंस्पेक्टर गोविंद राजू को गिरफ्तार कर लिया. झूठा केस करके वसूली करने वाले पुलिस अधिकारियों को मौत की सज़ा मिलनी चाहिए.
सवर्णों की हिप्पोक्रेसी देखिए
आरक्षण को गंदी-गंदी गालियां देने वाले पत्रकार उत्कर्ष सिंह ने EWS का सर्टिफिकेट बनवाकर रिज़र्वेशन ले लिया और UPSC के ज़रिए IIS यानी इंडियन इंफोर्मेशन सर्विसेज़ में रैंक वन ऑफिसर बन बैठा।
जो आदमी कॉलेज से लेकर दफ्तर तक में आरक्षण को गाली देता था, दलितों को मुफ्त की मलाई खाने वाला कहता था, वो खुद सुदामा कोटे की मलाई खा गया।
ABP न्यूज़ और दैनिक भास्कर जैसे बड़े मीडिया संस्थानों में लाखों रुपये के सैलरी पैकेज़ के बाद भी ये गरीब बन गया और IIS की नौकरी हड़प ली।
क्या ये हिप्पोक्रेसी नहीं है? क्या इस दोगलेपन पर कोई नहीं बोलेगा? जल्द @TheNewsBeak पर विस्तृत रिपोर्ट आ रही है।
भारत में कुछ हरामज़ादो को आरक्षण से सिर्फ़ इसलिए दिक्कत है क्योकि वो SC/ST को मिलने वाले रिप्रजेंटेशन को ही आरक्षण समझते है ।
जबकि आरक्षण कई तरह है जैसे देश में प्रधानमंत्री मुख्यमंत्री का काफिला गुजरे तो सड़क पर आम जनता से इतर उन्हें आरक्षण दिया जाता है ।
मंदिरों में ब्राह्मण पुजारी होने का आरक्षण । जन्म लेते ही तथाकथित मुखपूत उच्ची जाति होने का आरक्षण।
मैनेजमेंट कोटा हो या स्पोर्ट्स कोटा या फिर आर्मी रिटायर्ड कोटा, या फिर कई बस, ट्रेन, एयरोप्लेन उसमे भी लोग आरक्षण लेते है। ews आरक्षण से लेकर vip आरक्षण तक । देश में हजारों तरह के आरक्षण है ।
लेकिन हज़ार सालों से जिनके जमीन जायदाद छीन कर पढ़ने लिखने पर प्रतिबंध लगाकर, उनके सामाजिक सम्मान को नीचा बनाने वालो की नालायक संताने आज भी बहुजन रिप्रजेंटेशन को ही आरक्षण समझती है और सुदामा खैरात खाने के बाद भी जहर सिर्फ बहुजनों के आरक्षण से है ।
2013 में जब डॉलर के मुकाबले रुपए की कीमत 55 थी तब कुछ विशिष्ट व्यक्तियों द्वारा किए गए ट्वीट्स की कुल संख्या:-
अक्षय कुमार = 48
अनुपम खेर=46
रामदेव बाबा=39
गुरु रविशंकर = 34
जूही चावला = 33
सुधीर चौधरी=31
अमिताभ बच्चन=29
रुबिका लियाकत = 19
नाविका कुमार = 14
स्मिता प्रकाश=13
अमीश देवगन = 12
अब 2025 में डॉलर के मुकाबले रुपए की कीमत सबसे कम 87 होने पर उपरोक्त व्यक्तियों द्वारा किए गए ट्वीट्स की कुल संख्या :-
अक्षय कुमार = 00
अनुपम खेर = 00
रामदेव बाबा = 00
गुरु रविशंकर = 00
जूही चावला = 00
सुधीर चौधरी = 00
अमिताभ बच्चन = 00
रुबिका लियाकत = 00
नाविका कुमार = 00
स्मिता प्रकाश = 00
अमीश देवगन = 00
आपको क्या लगता है कि ये लोग सच्चे राष्ट्रवादी हैं?
कृपया इनके पाखंड को उजागर करने के लिए इस ट्वीट को देशहित में अधिक से अधिक संख्या में साझा करें !!!
ठिठुरती सर्दी में नए साल का पहला दिन सन 1818, जब 500 बहुजनों ने 28000 पेशवाओ को खदेड़ खदेड़ यह याद दिलाई की ये धरती वीर सबूतो की है बुद्ध और सम्राट असोक की है और स्पष्ट और क्लियर मैसेज दिया की शांत रहते है तो बुद्ध की तरह अन्यथा खून में तो #सम्राट_असोक बाय डिफ़ॉल्ट है ही।
#BhimaKoregaon
#शौर्य_दिवस
#भीमा_कोरेगांव_शौर्य_दिवस
#HappyNewYear2025
Happy New year to all the Indians from:
1. Umar Khalid
2. Shajeel Imam
3. Gulfisha Fatima
4. Shifa ur-Rehman
5. Meeran Haider
6. Khalid Saifi
7. Rona Wilson
8. Surendra Gadling
9. Mahesh Raut
10. Sudhir Dhawale
11. Shoma Sen
12. Gautam Navlakha
13. Sagar Tatyarao Gorakhe
14. Hany Babu
15. Ramesh Gaichor
16. Sagar Gorakhe
17. Jyoti Jagtap
18. Khurram Parvez
Hope you all have a free and fair New Year.
Shyam Benegal, the father of parallel cinema in India, passed away today on 23 December at 6.38 pm in Mumbai's Wockhardt Hospital.
Famous film producer-director Shyam Benegal enriched Indian cinema by giving excellent films like Ankur, Aakrosh, Nishant, Bhumika, Manthan, Junoon, Zubeida, Sardari Begum etc., besides a unique TV serial like Bharat Ek Khoj.
Recently he celebrated his 90th birthday.
#ShyamBenegal
#श्यामबेनेगल
#sstvi
सैकड़ों सालों तक भगवान का नाम लेने से हमें गुलामी से मुक्ति नहीं मिली बल्कि बाबा साहेब ने हमारी गुलामी तोड़ी !
प्राचीन भारत में हमारे लोगों को पढ़ने-लिखने का अधिकार नहीं होने के कारण समाज अज्ञान के अधःकार में डूबा हुआ था।
हमारे समाज का तो उद्धार ही तब हुआ जब हमने तथाकथित भगवान का नाम छोड़कर बाबा साहेब आंबेडकर को अनुसरण किया !
इसलिए #बाबासाहेब_हमारे_भगवान_हैं