ये दिल्ली का जंतर मंतर नहीं बल्कि झारखंड की तस्वीर है जहां कांग्रेस-जेएमएम की सरकार है..
छात्र सड़क पर हैं... परीक्षा व्यवस्था में कमियों को लेकर गंभीर आरोप लगा रहे हैं...
कॉकरोच पार्टी वाले वहां छात्रों की आवाज़ बनने कब पहुंच रहे हैं?
राहुल जी के पास पूरे देश में शिक्षा व्यवस्था ठीक करने का फॉर्मूला है तो झारखंड का भी इलाज कर दें...
#PaaltuMedia सन्नाटे में है.. उसका काम है सरकार से सवाल पूछना.. लेकिन उनके लिए सरकार मतलब सिर्फ मोदी है.. विपक्ष शासित राज्य की सरकारों को वो सरकार नहीं मानते...
पीएम मोदी ने तो अपने शिक्षामंत्री का इस्तीफा ले लिया.. अभी देखते हैं कहां कहां की सरकारें क्या क्या करती हैं छात्रों के लिए।
>अभिजीत दीपके गायब है
>आशुतोष रांका गायब है
>सौरव दास गायब है
>नेहा बोरा गायब है
>राहुल गांधी गायब है
>मोहम्मद जुबैर गायब है
>जुनैद गायब है
>वामपंथी गायब है
>हेली लंग गायब है
>ध्रुव राठी गायब है
>योगेंद्र यादव गायब है
>प्रकाश राज गायब है
>सायमा गायब है
>अरफा गायब है
>शबाना आजमी गायब है
> स्विगी ऑर्डर गायब है
क्योंकि वहां एजेंडा फिट नहीं बैठ रहा है।
रांची, झारखंड के हजारों छात्र आज भी जेपीएससी और जेएसएससी परीक्षाओं में कथित धांधली और भ्रष्टाचार के खिलाफ सड़कों पर हैं। वे 14वीं जेपीएससी प्रारंभिक परीक्षा रद्द करने और सीबीआई जांच की मांग कर रहे हैं।
छात्रों का कहना है कि सालों की मेहनत बर्बाद हो रही है। परिणामों में पारदर्शिता नहीं है, कट-ऑफ स्पष्ट नहीं जारी किए गए और मेधावी अभ्यर्थियों को मौका नहीं मिल रहा।
कई अभ्यर्थी 7-10 साल से तैयारी कर रहे हैं, लेकिन बार-बार विवाद के कारण अवसर छिन गए।
जयपाल सिंह स्टेडियम और अल्बर्ट एक्का चौक पर अनिश्चितकालीन धरना जारी है। छात्रों ने चेतावनी दी है कि मांगें नहीं मानी गईं तो 2 अगस्त से भूख हड़ताल शुरू करेंगे। वे सिर्फ न्याय और पारदर्शी भर्ती व्यवस्था चाहते हैं।