@_ISupportBapuji बहन किर्ति आहुजा जी की बात बहुत लोगों की भावनाओं को दर्शाती है।
विश्वास रखने वाले मानते हैं कि संत श्री आशारामजी बापू निर्दोष हैं और उनके साथ अन्याय हो रहा है।
सत्य और निष्पक्ष न्याय की विजय हो। 🙏
#SantShriAsharamjiBapu#सत्यमेवजयते#JusticeForAll
@_ISupportBapuji परम पूज्य बापूजी पूर्णतया निर्दोष हैं उनके साथ बहुत अन्याय हो रहा है ।अति हो गई है । उन्हें शीघ्र अति शीघ्र रिहा किया जाए । कानून अंधा होता है पर यहां तो ज्यादा ही अंधा है। देश को विनाश की ओर क्यों ले जा रहे हो।
@_ISupportBapuji हिंदू संत और वह भी धर्मांतरण को रोकने वाला हो तो उसके लिए कानून अलग तरह से प्रयोग किया जाता है जैसे
1) झूठा आरोप लगते ही बिना जांच तुरंत गिरफ्तार!
2) किसी भी स्थिति में जमानत नहीं! चाहे हार्ट अटैक हो परिजन की मृत्यु हो या फिर गंभीर कोरोना
या अन्य कारण!
3) फिर आजीवन कारावास!
No. 267
सुप्रीम कोर्ट ने आसाराम बापू को उनके अत्यंत गंभीर स्वास्थ्य के आधार पर जमानत दी।
जोधपुर AIIMS द्वारा भी कहा गया था कि उनका इलाज वहाँ संभव नहीं है। उन्हें दिल्ली AIIMS शिफ्ट किया जाए या उनकी इच्छा अनुसार इलाज कराया जाए।
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क्या किसी बड़े मामले की नींव तब भी मजबूत मानी जा सकती है, जब कथित साजिश से जुड़े सभी सह-आरोपी बरी हो चुके हों? आसाराम बापू मामले में आए नए फैसले ने कई गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। ऐसे में मुख्य केस का आधार क्या रह जाता है? #न्याय_या_अन्याय
लोकतंत्र में न्याय व्यवस्था पर विश्वास सर्वोपरि है। Sant Shri Asharamjii Bapu से जुड़े मामले में उठ रहे सवालों का तथ्यपूर्ण और पारदर्शी समाधान ही जनविश्वास को और मजबूत कर सकता है। #न्याय_के_मंदिर_में_अन्याय_क्यों
हद है...
एक संत को बदनाम करने में पूरा तंत्र जुटा पड़ा है। 😡
काश उतनी ही मेहनत संतों के सम्मान और रक्षा में की होती,
तो आज देश की तस्वीर और तक़दीर दोनों अलग होतीं। 🔥
#SantShriAsharamjiBapu
No. 263
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11 वर्षों से संत आसाराम बापू के लिए न्याय की पुकार करते हुए देशभर में ज्ञापन दिए गए।
पर मोदी और शाह नहीं चाहते, इसलिए बापू को न्याय नहीं मिल रहा।
क्या आसाराम बापू और उनके करोड़ों समर्थक इस देश के नागरिक नहीं हैं?
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🚨 87+ years old and facing multiple serious illnesses, Asaram Bapu deserves timely medical care and humane treatment. Humanity must prevail.
#BapujiKoRihaKaro
हजारों बीमारिया होने के बावजूद, निर्दोष होने के बावजूद बापूजी कानून के फैसले का सम्मान करते हैं, तो क्या कानून की जिम्मेदारी नहीं बनती, बिना बिके न्याय करने की।⚖️😶😡
#SantShriAsharamjiBapu
No. 261
देश भर में बापू के समर्थकों ने रैलियाँ निकालकर BJP व अन्य पार्टियों के सांसदों और मुख्यमंत्रियों से प्रार्थना की कि हमारे बापू को कम से कम उपचार के लिए राहत मिले, पर किसी मुख्यमंत्री या सांसद के कानों पर जूँ तक नहीं रेंगी।
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Rajasthan HC dropped gang-rape charges due to lack of proof. If one part of the case falls, the whole case deserves a fresh look. #NoRapeChargeNoGuilt#AsaramBapuCase
When the FIR itself has no mention of rape, conviction for life raises serious questions. Law should run on evidence, not headlines. #NoRapeChargeNoGuilt
No. 259
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आसाराम बापूजी की इतनी गंभीर हालत होने के बाद भी BJP सरकार उनके उपचार के लिए जमानत या पेरोल दिए जाने का विरोध करती है।
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Want your Child to live Happy, Healthy & dignified life? Then enrol them for Sant Shri Asharamji Gurukul. An institution which is blend of Vedic Sanskar & Modern Education, focussed on holistic development of Students. Don't miss the opportunity.
#AdmissionsOpen for new session!
@SudarshanNewsTV@SureshChavhanke बलात्कारी क़बीलाई आक्रांताओं की हिन्दुओं से परिवर्तित नाज़ायज़ मुस्लिम पाकिस्तानी शरणार्थियों कि औलाद का 36 बिरादरी हिन्दू अन्य काफ़िर समाज सिर धड़ से अलग करने में क्यों हिचकिचा रहा हैं मां बहन बेटियों की रक्षा हेतु राक्षसो का वध करना ही पड़ेगा इनका अंत म्यांमार की तरह करना होगा।
No. 240
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आसाराम बापू गुजरात केस में लड़की के बयान के आधार पर 7 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई।
कोर्ट ने बाकी 6 आरोपियों को बरी कर दिया और केवल आसाराम बापू को दोषी बताते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई ठीक जोधपुर केस की तरह।
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📍#ElectionResult2026
Assam के इतिहास में पहली बार Himanta Biswa Sarma ने वो कर दिखाया है, जिसे छूने की हिम्मत दिल्ली के गलियारों में भी नहीं होती।
जब देश की सियासत जीत-हार के गणित में उलझी थी, तब #HimantaBiswaSarma ने सीना तानकर ऐसा कदम उठाया, जिसने भारत के दुश्मनों और तुष्टीकरण की राजनीति करने वालों के होश उड़ा दिए।
जिस सरकार ने घुसपैठियों को देखते ही “Shoot at Sight” जैसे कड़े आदेश दिए, जिस पर “मिया मुसलमानों” के खिलाफ eviction drive चलाने के आरोप लगे, जिसने पॉलिगैमी कानून लाकर शरिया कानून को चुनौती दी—अब उसी सरकार का “Operation Pushback” बांग्लादेश तक हलचल मचा रहा है।
हिमंत बिस्वा सरमा के इस ऑपरेशन ने ढाका को इतना बेचैन कर दिया है कि बांग्लादेश का विदेश मंत्रालय भारत से द्विपक्षीय संबंधों की दुहाई देने लगा है। सवाल यह है कि क्या यह ऑपरेशन सिर्फ घुसपैठियों को रोकने के लिए है या असम की अस्मिता बचाने की आखिरी कोशिश?
असम भारत का वह राज्य है, जहां घुसपैठ के कारण दशकों में जनसंख्या का संतुलन तेजी से बदला है। लंबे समय तक यहां की राजनीति वोट बैंक के इर्द-गिर्द घूमती रही। आरोप लगते रहे कि वोट के लिए घुसपैठियों को नागरिकता तक दी गई और असम के मूल निवासी अपने ही घर में पराए हो गए।
लेकिन 2021 में सत्ता संभालते ही हिमंत बिस्वा सरमा ने साफ कर दिया कि असम अब “धर्मशाला” नहीं बनेगा। उन्होंने कड़े कदम उठाए—घुसपैठियों पर सख्ती, अल्टीमेटम, और फिर “Operation Pushback”।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि भारत में अवैध रूप से घुसने वालों को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वे कहीं भी छिपे हों। उनका कहना है कि सरकार का काम घुसपैठ रोकना है, उन्हें संरक्षण देना नहीं।
उन्होंने यह भी मुद्दा उठाया कि कुछ क्षेत्रों में जमीनों की खरीद-बिक्री के जरिए जनसंख्या संतुलन बदल रहा है। उनके अनुसार, यदि समय रहते इस पर ध्यान नहीं दिया गया तो भविष्य में इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं।
इन्हीं फैसलों और बयानों ने बांग्लादेश में प्रतिक्रिया पैदा की है। एक तरफ बांग्लादेश संबंधों की बात करता है, तो दूसरी ओर वहां अल्पसंख्यकों पर होने वाले हमलों पर सवाल भी उठते हैं।
चुनावी माहौल के बीच “Operation Pushback” ने एक नया राजनीतिक विमर्श खड़ा कर दिया है। जहां कुछ राज्यों में इस मुद्दे पर चुप्पी देखी जाती है, वहीं असम सरकार ने इसे खुलकर उठाया है।
अब चर्चा इस बात की भी है कि क्या बीजेपी के पास ऐसा नेता उभर रहा है, जो बिना राजनीतिक दबाव के कठोर फैसले लेने की क्षमता रखता है।
हालांकि, सबसे बड़ा सवाल यही है—क्या यह सख्ती जरूरी थी? और क्या इस मॉडल को देश के अन्य सीमावर्ती क्षेत्रों में भी लागू किया जाना चाहिए?
आपकी क्या राय है? कमेंट करके जरूर बताएं।
Assam 🚩🔥 #HimantaBiswaSarma