2017 का चुनाव हारने के लिए:
जब आपको विरोधी खत्म करना चाहते है। यह चुनाव जीतने के लिए नहीं, बल्कि अपनी उपस्थिति दर्ज कराने, संगठन खड़ा करने और जनता को अपनी विचारधारा से परिचित कराने के लिए होता है।
2022 का चुनाव हराने के लिए:
दूसरी बार में आप इतने मजबूत हो चुके होते हैं कि भले ही आप खुद न जीतें, लेकिन आप इतने वोट हासिल कर लेते हैं कि मजबूत से मजबूत विरोधी को भी हराने (या उसका खेल बिगाड़ने) की ताकत रखते हैं। यह आपकी राजनीतिक ताकत का अहसास कराने का दौर होता है।
2027 का चुनाव जीतने के लिए:
दो चुनावों की मेहनत, संगठन की मजबूती और जनता के बीच लगातार बने रहने के बाद, तीसरी बार में आप एक मजबूत विकल्प बनकर उभरते हैं और तब जीत का रास्ता साफ होता है।
बीएसपी अध्यक्षा आदरणीया बहन जी के द्वारा पंकज शर्मा @VoiceOfPankaj को गाजियाबाद में मण्डल प्रभारी बनाए की ढेर सारी बधाई।
उम्मीद है पंकज साहब बाबा साहब के मिशन को आगे बढ़ाएंगे और 2027 बहन मायावती जी को सत्ता तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाएंगे 🙏🙏
जय भीम जय भारत
@Mayawati
जब एक रिपोर्टर ने प्रदेश की एक बेटी से पूछा - "आपको कौन पसंद है?"
तो बेटी ने बिना देरी के जवाब दिया - "हमें तो आदरणीय बहन कुमारी मायावती जी पसंद हैं, क्योंकि उन्होंने लखनऊ को स्वर्ग बना दिया है!"
आगे उसने कहा - "हम तो चाहते हैं कि आदरणीय बहन कुमारी मायावती जी आएं और लोगों से भी आग्रह करेंगे कि बहन जी को चुनिए।"
सच तो ये है कि लखनऊ से गुजरने वाला हर व्यक्ति आदरणीय बहन कुमारी मायावती जी के काम देखकर मुग्ध हो जाता है। चाहे सड़कें हों, पार्क हों, अदालतें, स्कूल-कॉलेज या अस्पताल - हर जगह बहन जी का विकास दिखाई देता है।
आज भी प्रदेश की बहन-बेटियाँ आदरणीय बहन कुमारी मायावती जी को अपना सबसे बड़ा सहारा मानती हैं। उनकी सरकार में उन्होंने खुद को सुरक्षित महसूस किया, कानून का राज कायम देखा और न्याय व्यवस्था को मजबूत होते देखा।
आदरणीय बहन कुमारी मायावती जी फिर से चाहिए!
विकास चाहिए, सुरक्षा चाहिए, कानून का राज चाहिए!
#MayawatiJi #Bahenji #UttarPradesh #BSP #LakhnauSwarg #WomenPower
सच्चाई सामने आ गई है!
चंद्रशेखर आजाद का “सत्ता परिवर्तन” सिर्फ यूपी में ही क्यों?
बंगाल में क्यों नहीं?
बिहार में क्यों नहीं?
पंजाब में क्यों नहीं?
और बाकी राज्यों में क्यों नहीं?
क्योंकि ये BJP की चंद्रशेखर आज़ाद के माध्यम से सुनियोजित साजिश है — बसपा को कमजोर करने की!
बहुजन समाज पार्टी पूरे देश की पार्टी है। ये किसी एक राज्य की नहीं, करोड़ों दलितों, पिछड़ों, अल्पसंख्यकों और गरीबों की आवाज है। जब तक बसपा मजबूत रहेगी, तब तक सामाजिक न्याय की लड़ाई जारी रहेगी।
BJP की divide-and-rule की राजनीति बहुजन समाज को कभी नहीं तोड़ सकती। बहन कुमारी मायावती जी के नेतृत्व में बसपा ने हमेशा सम्मान, शिक्षा, रोजगार और अधिकार का रास्ता दिखाया है।
बहुजन एकजुट रहो।
साजिशों से डरने वाले नहीं, साजिशों का जवाब देने वाले हैं हम!
#BSP #Mayawati #BahujanSamajParty #SocialJustice #Ambedkarite #BahujanEkta
बहन काजल जाटव को न्याय दिलाने बसपा प्रदेश स्तरीय प्रतिनिधि मंडल पहुंचा जहां पर पीड़ित परिवार से मुलाकात सांत्वना प्रदान की साथ ही पार्टी द्वारा सहयोग राशि देकर बसपा की तरफ से भरोसा दिलाया की पार्टी हर स्तर पर परिवार के साथ खड़ी है इस दौरान मा. मनीष आनंद जी केंद्रीय प्रदेश प्रभारी म.प्र बसपा मा. दिलीप बौद्ध जी प्रदेश प्रभारी बसपा म.प्र सुनील बघेल प्रदेश उपाध्यक्ष बसपा,अनिल रवि, मनीष कटरोलिया, मनोज रजक , डॉ रमेश कुशवाह,जॉन प्रभारी गण, सुरेश बजैया जिलाध्यक्ष बसपा भिण्ड , हाकिम राजौरिया जिलाध्यक्ष ग्वालियर, दीपेंद्र बौद्ध जिलाध्यक्ष मुरैना सहित सभी पार्टी कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
#BSPMadhyaPradesh
गाजियाबाद का मण्डल प्रभारी बनाने के लिए परम आदरणीय राष्ट्रीय अध्यक्ष बहन कुमारी @Mayawati जी का कोटि-कोटि धन्यवाद और बसपा नेता @VoiceOfPankaj
जी को बहुत बहुत बधाई एवं शुभकामनाएं
💐 💐
#सर्वजन_हिताय_सर्वजन_सुखाय
इको गार्डन में प्रदर्शन कर रहे छात्रों के बीच एक छात्र मिला जो सबसे अलग बैनर लिया था उसपर लिखा था
उत्तर प्रदेश ❌
लीक प्रदेश ✅
यह सिर्फ बैनर ही नहीं एक छात्र का इमोशन है
ग़ज़ब posterपोस्टर बनाया है?
एक समय था की जब मान्य बहन जी के सीएम बनते ही कानून का राज ख़ुद कायम हो जाता था
बहन बेटियों को न्याय, सुरक्षा, सम्मान पाने को
मान्य बहन जी के लिए आने दो।
हम लोग मान्यवर श्री कांशीराम जी के सच्चे अनुयाई तभी माने जा सकते हैं, जब हम उनकी पार्टी बीएसपी का झंडा हाथ में लेकर समता की आवाज बुलंद करें. अन्यथा साहब के मिशन का हमसे बड़ा दुश्मन कोई नहीं.
अखिलेश यादव और समाजवादी सरकार (2012-17) ने बहुजनो के साथ क्या किया था?
1. प्रोन्नति में आरक्षण बिल फाड़कर फेंक दिया
2. ओबीसी की 17 जातियों को बिना एससी कोटा बढ़ाए एससी में शामिल करने की बार-बार कोशिश की (जिससे दलितों का हक छीनने की साजिश हुई)
3. एससी-एसटी का सरकारी ठेकों में आरक्षण खत्म कर दिया
ये तस्वीरें झूठ नहीं बोलतीं। बहुजन समाज पार्टी इन सबको याद रखती है।अब 2027 में फिर
"महागठबंधन" का सपना देख रहे हो? बहुजन अब जाग चुका है।
बसपा से जुड़ो, बसपा को चुनो
बहुजन समाज पार्टी जिन्दाबाद
यादव नेतृत्व को मुस्लिम समाज छोड़ रहा है इसीलिए इन लोगों में बेचैनी हो रही है,
स्वतंत्र अपना नेता चुन रहा है फिर क्या तकलीफ है भाई तुम लोग का दरी बिछाए तभी सही रहेगा क्या?
समाजवादी और राजद को कौन रोक रखा है वह भी हैदराबाद में जाकर उनकी सरकार बनवा दे।।
टीएमसी के सांसदों ने सुश्री ममता बनर्जी जी से बगावत की,इससे मुझे कोई आश्चर्य नहीं हुआ।
असल में पश्चिम बंगाल में सुश्री ममता बनर्जी जी और उनकी टीएमसी ने ही भाजपा को जगह दी।
सुश्री ममता बनर्जी जी ने पश्चिम बंगाल में भाजपा के सामने सरेंडर तो सन 2011 के बाद से ही कर दिया था,लेकिन उसका परिणाम सामने अब आया है।
सुश्री ममता बनर्जी जी के शासनकाल के दौरान ही भाजपा पश्चिम बंगाल में अपने आप को स्थापित कर सकी।
यहाँ यह कहना गलत नहीं है कि टीएमसी ने ही भाजपा को पश्चिम बंगाल में सरकार बनाने का न्योता दिया।
सुश्री ममता बनर्जी जी के शासनकाल में भाजपा कैसे-कैसे उभरी,उसे आप पिछले चुनावों के परिणामों से समझ सकते हैं।
◆ पश्चिम बंगाल विधानसभा आमचुनाव 2011
टीएमसी : 184 सीट (38.93%)
भाजपा : 00 (4.04%)
मत प्रतिशत का अंतर : 34.89%
◆ पश्चिम बंगाल विधानसभा आम चुनाव 2016
टीएमसी : 211 सीट (44.91%)
भाजपा : 03 सीट ( 10.16%)
मत प्रतिशत का अंतर : 34.75%
◆ पश्चिम बंगाल विधानसभा आम चुनाव 2021
टीएमसी : 215 (48.02%)
भाजपा : 77 सीट (38.10%)
मत प्रतिशत का अंतर : 09.02%
◆ पश्चिम बंगाल विधानसभा आमचुनाव 2026
भाजपा : 207 सीट (45.84%)
टीएमसी : 80 सीट ( 40.80%)
मत प्रतिशत का अंतर : 05.04%
सुश्री ममता बनर्जी जी और उनकी टीएमसी ने पश्चिम बंगाल में भाजपा की नैया पार ही नहीं करवाई, बल्कि भाजपा को पश्चिम बंगाल की सत्ता भी सौंप दी है।
क्या कोई अब सुश्री ममता बनर्जी जी को भाजपा की सहयोगी कहेगा?
क्या कोई अब टीएमसी को भाजपा की B टीम कहेगा?
सुश्री ममता बनर्जी जी भाजपा के सामने सरेण्डर कर चुकी हैं,यह कहने की हिम्मत किसी में है?
बसपा केवल सत्ता बदलने के लिए संघर्ष नहीं करती, वह सदियों से पड़े रूढ़िवादी समाज की जड़े खोदने के लिए संघर्ष करती है।
बसपा समाज को बदलने का संकल्प है, एक ऐसा संकल्प जो समाज में समानता,सामान और सामाजिक न्याय लाता हो।
#बहन_जी_का_संदेश