From the Family of Freedom Fighters and Red Revolutionaries.4th GenCongressy,Journalist by core,Mng Editor अभय Mgzn- jungles of central India Coal n politics
जो महाराष्ट्र मे हो रहा है ना उसको राजनीति कहते हैं।और जो कर्नाटक मे हुआ था ना उसको डकैती कहते हैं। और तुमने जो गोवा मे किया था ना उसको दगाबाजी कहते हैं।
How many more Institutions will Modi Govt destroy ?
🚨 While Modi Govt shamelessly uses ISRO for PR, his government's is rapidly dismantling India’s space legacy and its future ! 🚨
With over 100 brilliant scientists leaving the national space program, Former Chairman G. Madhavan Nair has exposed the alarming reality behind this brain drain:
▪️ Stolen Autonomy: The BJP government's interference has stripped the Space Commission of its power. Critical technical and financial decisions are now being dictated by officers sitting in Delhi secretariats!
▪️ Bureaucratic Meddling: ISRO is being heavily bureaucratized, destroying the unique, unified command structure that built our space program from scratch.
▪️ Siphoning Talent: There is intense pressure from external agencies to siphon out ISRO's highly trained manpower and rich resources, which will severely hurt the space program.
The BJP government is destroying the crown jewel of Indian science.
We are losing our finest minds to their apathy, ignorance & arrogance !
Yesterday students were dragged by their hair and lathi-charged on the streets of Delhi. Girls were injured. Wangchuk is in hospital. And today Atishi and Sanjay Singh want to talk about Rahul Gandhi.
Not about Dharmendra Pradhan, who still has his job. Not about Amit Shah. Not about the student who studied for two years for an exam that was sold before they sat for it. About Rahul Gandhi.
He was demanding accountability on paper leaks when there was no crowd to be seen with. He backed these students knowing full well their organisers have never had a good word for him- because that is what you do when the demand is right. That is what you do when you don’t have an ego.
And whatever else you say about him Atishi- NOBODY can buy him. He can never be compromised. Not this government, not its agencies, not its money. That is more than most in politics can say.
Save your outrage for the people who beat the students. Or don’t- we all know who benefits.
For the first time in the country’s history, the Leader of the Opposition was allegedly beaten by the police until he was bleeding. The fact that the Kejriwal gang appears to be celebrating this is enough to show that they belong to the same RSS mindset that reportedly celebrated Mahatma Gandhi’s assassination by distributing sweets.
@sunetrac Oh my my poor sunetra your long lasting compition with @sagarikaghose Will make u do more such things in future.dont worry your such acts will definitely fetch you Rajyasabha seat.
BJP will definitely take this into notice.
@journalistaswin Sir
Your answer is hidden in the video. See the name of contractor mentioned in the tanker.
Do the google then. This job must be allotted by previous govt.
And now link the dots.
नवयुग इंजीनियरिंग कंपनी लिमिटेड अक्टूबर 2018 में कर चोरी और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों को लेकर आयकर (IT) विभाग के छापों की जद में आई थी ।
छापों के ठीक छह महीने बाद, अप्रैल 2019 में कंपनी ने 30 करोड़ रुपये के इलेक्टोरल बांड खरीदे । इसके बाद, अक्टूबर 2022 में भी कंपनी ने 10 करोड़ रुपये के बांड खरीदे । कुल मिलाकर 55 करोड़ की यह रकम सीधे भाजपा को दान की गई ।
यह कंपनी उत्तराखंड में स्थित उस सिल्क्यारा-बरकोट सुरंग के निर्माण के लिए भी चर्चा में आई थी, जिसका एक हिस्सा नवंबर 2023 में ढह गया था ।इस हादसे के कारण 41 मजदूर कई दिनों तक सुरंग में फंसे रह गए थे।
नवयुग इंजीनियरिंग कंपनी लिमिटेड को मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे Missing Link Project के सुरंग निर्माण का ठेका दिया गया था।
तेलंगाना की बहुचर्चित कालेश्वरम लिफ्ट सिंचाई परियोजना के तहत बने सुंडिला और अन्य बैराजों में आई दरारों और नुकसान को लेकर राज्य सरकार ने नवयुग और अन्य निर्माण कंपनियों को नोटिस जारी किए थे
इसी कंपनी ने पुणे मुंबई मिसिंग लिंक प्रोजेक्ट में सात हज़ार करोड़ की लागत से टनल का निर्माण किया था जो आज गिर पड़ा।
(@ShekharGupta यह है भाजपा का असल इंस्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट जिसकी आपने कल चर्चा की थी।)
गांधी जी की हत्या पर जबलार्ड माउंटबेटन ने कहा था...?
ब्रिटिश हुकूमत अपने कालपर्यन्त कलंक से बच गई, आपकी हत्या आपके देश, आपके राज्य, आपके लोगों ने की है, यदि इतिहास आपका निष्पक्ष मूल्यांकन कर सका तो वो आपको ईसा और बुद्ध की कोटि में रखेगा, कोई क़ौम इतनी कृतघ्न और ख़ुदग़र्ज़ कैसे हो सकती है, जो अपने पितातुल्य मार्गदर्शक की छाती छलनी कर दे, ये तो नृशंस बर्बर नरभक्षी कबीलों में भी नहीं होता है, और उस पर निर्लज्जता ये कि इन्हें इस कृत्य का अफ़सोस तक नहीं है...!
* लाॅर्ड माउन्टबेटन
(तत्कालीन वायसराय )
राम मंदिर में चोरी भगवान राम ने ही पकड़ी । भगवान के घर में देर है अंधेर नहीं। कुछ लोग मंदिर, आस्था और भगवान की शक्ति पर सवाल उठाने लगे हैं । उन्हें कुछ अंदर की बात बताता हूँ। ट्रस्ट की मीटिंग से कुछ घंटे पहले : राम मंदिर पर आई जांच रिपोर्ट के बारे में जितनी जानकारी जुटा पाया तो सोचता रह गया । राम मंदिर में चोरी हो रही है, ये बात ना पुलिस ने खोली, ना मीडिया ने , ना संत समाज को भनक लगी । ना ट्रस्ट को पता चला। ऐसा लगता है भगवान सब देख रहे थे। चोरों ने जब अति मचा दी तो अधर्म की पोल खोलने के लिए भगवान ने ही कुछ चोरों की मति घूमा दी। चोरों की चैट और कॉल डिटेल्स बताती है लालच में चोर आपस में लड़ गए। तूने ज़्यादा पैसा दबाया, तूने हिस्सा नहीं दिया । जीजा- साला चोर, चाचा- भतीजा चोर तक एक दूसरे पर आरोप लगाने लगे। फिर एक चोर खुद शिकायत करने पहुंचा गया। ये भगवान की ही अदृश्य ताकत है कि चोर खुद दूसरे चोरों की शिकायत करने ट्रस्ट के दफ्तर चला गया। जब चोरों के पास से चढ़ावा रिकवर हो गया तब भी चंपत मामले को दबाने में लगे रहे। 79 लाख की रिकवरी उन्हें उल्लेखनीय नहीं लगी । भगवान ने फिर चमत्कार दिखाया और चोरों के सरदार की ही मति घूमा दी। इस बार चोरों के चीफ ने ही चोरी की सारी खबर लखनऊ तक पहुंचा दी। इसलिए राम मंदिर ज़रूर जाइए, चढ़ावा भी चढ़ाइए । प्रभु रामलला महाप्रतापी तेजस्वी हैं। जय श्रीराम । धर्म की जय हो , अधर्म का नाश हो !!!
बिहार में 20 साल बाद हुए सत्ता परिवर्तन के बाद RJD & BJP - दोनों के आधार वोटर्स के बीच अजीब कंफ्यूजन की स्थिति है। अल्पसंख्यक इस दुविधा में है कि असली विपक्ष है कौन, वहीं सवर्णों को अहसास ही नहीं हो रहा कि जिस लालसा (बिहार में भाजपा सरकार) को उसने मंडल कमीशन के बाद से पाल रखा था वो पूरा हो चुका है। महापंचायत वाले भी इस अहसास को हवा दे रहे हैं। दलित वोटर्स पहले से बिखरा हुआ है। EBC को सिर्फ बोगी ही समझा जा रहा है क्योंकि यह समाज इंजन की तरह व्यवहार करना सीख ही नहीं पाया बल्कि बोगी के रूप में ही इंजन के पीछे संगठित होने को अपनी नियति मान बैठा है। रही बात ड्राइवर सीट पर बैठी OBC की तो इस समाज की ताकत समझे जाने वाले त्रिवेणी संघ को बारी-बारी से सत्ता मिल चुकी है और अब यह जमात 3 अलग-अलग डाल (लालटेन, तीर और कमल) पर बैठ चुका है। तीनों के अलग डाल पर बैठने का मतलब है कि अगले चुनाव तक जिस पार्टी में विजन होगा वह सवर्ण, अल्पसंख्यक और महादलित को इकट्ठा कर बिहार में TVK के विजय टाइप करिश्मा दिखा सकता है। एक बात गांठ बांध लीजिए कि त्रिवेणी संघ के तीनों जमात के अलग-अलग डाल पर बैठने का सीधा मतलब है कि अब बिहार में सवर्ण CM के लिए मैदान काफी हद तक साफ हो गया है। लेकिन बिहार में सवर्ण CM न तो कभी भाजपा से बन सकता है और न ही कभी आनंद मोहन टाइप रैडिकल प्रयोग से बन सकता है। अब बिहार में नवसामंतों के उभार की वजह से वंचित समाज के बीच सवर्ण ज्यादा स्वीकार्य हो गए हैं लेकिन मुसलमानों और महादलितों को साथ लिए बिना सवर्ण के लिए रास्ता साफ नहीं होना है। इसके लिए सवर्णों को टोपी भी पहननी पड़ेगी, टीका भी लगाना पड़ेगा और जय भीम भी करना पड़ेगा। अब देखना यही है कि इस परिस्थिति को @RahulGandhi ज्यादा समझ पाते हैं या @PrashantKishor ज्यादा व्यावहारिक बन पाते हैं। अगर ये दोनों फेल रहे तो जनता खुद ही तमिलनाडु जैसा नया विकल्प भी तलाश सकती है! फिलहाल सवर्ण, अल्पसंख्यक और महादलित तीनों एक ही मनःस्थिति में हैं और उस मनःस्थिति का नाम है - Sense of Political Alienation
ट्विटर ने ये वीडियो डिलीट कर दी 😳 फिर से पोस्ट कर रहा हूँ पहले से अधिक रीट्वीट ठोकना
भाजपा का सारा जोड़ तोड़ बेकार हो गया है @MahuaMoitra तो भाजपा में आई नहीं . कच्चे नींबू अच्छी तरह छीले है आज
@rahul_1700@Rajaban74609782 PK has integrity issue.
He can not be trusted after seeing TMC UBT AAP BSR DMK YSRCP.
Better he stay away arms length from Congress.
Kanhaiyaa was gaining momentum in Bihar. Giriraj was literally conceded defeat at begusaray but strangely he won in2019
How?
RJd messed up
Your birth year hides your biggest breakthrough age.
Drop your full DOB and I’ll tell you when your life shifts.
Retweet, follow, and like for a detailed analysis.