छत्तीसगढ़ अतिथि व्याख्याता संकट में
1.) सत्र 2025–26 की नियुक्तियों को लेकर स्थिति
अस्पष्ट है।
2.) महाविद्यालयों में पढ़ाई ठप पड़ी है।
3.) पिछले सत्र में वैतनिक असमानता से दुखी।
@vishnudsai@vijaysharmacg@ChhattisgarhCMO
छत्तीसगढ़ के शासकीय महाविद्यालयों में अतिथि व्याख्याताओं की नियुक्ति को लेकर नीति 2024 लागू होने के बावजूद असमंजस की स्थिति बनी हुई है। एक माह के ब्रेक के बाद भी नियुक्ति प्रक्रिया शुरू नहीं की गई है, जिससे छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। क्या यह शिक्षा के साथ अन्याय नहीं है?
प्राचार्यों द्वारा अलग-अलग तरीके से आमंत्रण पत्र जारी किए जा रहे हैं, जिससे पारदर्शिता और एकरूपता नदारद है। क्या यह मनमानी नियुक्ति प्रक्रिया को बढ़ावा नहीं देता?
साथ ही अतिथि शिक्षकों को आकस्मिक या पारिवारिक अवकाश नहीं मिलना, माता-पिता बनने पर भी मानवीय सहूलियत से वंचित रहना, क्या इसे श्रमिक शोषण नहीं कहा जाए?
रिक्त पदों की जानकारी का सार्वजनिक पोर्टल पर न होना भी एक बड़ा सवाल है। क्या विभाग पारदर्शिता से डर रहा है?
सरकार को चाहिए कि जल्द स्पष्ट निर्देश जारी करे और नीति 2024 में जरूरी संशोधन करे, ताकि शिक्षा व्यवस्था मजबूत हो।
#Chhattisgarh
छत्तीसगढ़ के शासकीय महाविद्यालयों में अतिथि व्याख्याताओं की नियुक्ति को लेकर नीति 2024 लागू होने के बावजूद असमंजस की स्थिति बनी हुई है। एक माह के ब्रेक के बाद भी नियुक्ति प्रक्रिया शुरू नहीं की गई है, जिससे छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। क्या यह शिक्षा के साथ अन्याय नहीं है?
प्राचार्यों द्वारा अलग-अलग तरीके से आमंत्रण पत्र जारी किए जा रहे हैं, जिससे पारदर्शिता और एकरूपता नदारद है। क्या यह मनमानी नियुक्ति प्रक्रिया को बढ़ावा नहीं देता?
साथ ही अतिथि शिक्षकों को आकस्मिक या पारिवारिक अवकाश नहीं मिलना, माता-पिता बनने पर भी मानवीय सहूलियत से वंचित रहना, क्या इसे श्रमिक शोषण नहीं कहा जाए?
रिक्त पदों की जानकारी का सार्वजनिक पोर्टल पर न होना भी एक बड़ा सवाल है। क्या विभाग पारदर्शिता से डर रहा है?
सरकार को चाहिए कि जल्द स्पष्ट निर्देश जारी करे और नीति 2024 में जरूरी संशोधन करे, ताकि शिक्षा व्यवस्था मजबूत हो।
#Chhattisgarh
छत्तीसगढ़ के शासकीय महाविद्यालयों में अतिथि व्याख्याताओं, ग्रंथपालों और प्रयोगशाला सहायकों की नियुक्ति को लेकर गंभीर असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
शिक्षा सत्र 2025-26 के लिए जुलाई माह से कक्षाएं प्रारंभ हो चुकी हैं, परंतु एक माह के ब्रेक के बाद भी अब तक नई नियुक्तियां नहीं की गई हैं।
#Chhattisgarh
#HigherEducation