नुपुर शर्मा और नवीन जिंदल ने #ProphetMuhammad के बारे में अपमानजनक बयान देकर जो गलती की,उसकी सजा उन्हें कानूनी तरीके से मिलनी चाहिए. भीड़ किसी की सजा तय नहीं कर सकता.
देश कानून से चलता है.
जो लोग कानून अपने हाथ में लेते हैं,उन्हें सलाखों के पीछे जाने के लिए भी तैयार रहना चाहिए
ऐसी बेलगाम भीड़ और ऐसी पत्थरबाज़ी के बाद अगर पुलिस एक्शन में आती है तो ये कहने का हक़ नहीं है कि हम पर ज़ुल्म हुआ . समझे न ?
क़ायदे क़ानून सबके लिए बराबर है . ऐसी हरकतें करने वाले लोग पुलिस को लाठियाँ चलाने पर थोक भाव में गिरफ़्तारी का मौक़ा दे रहे हैं .
@DrVNMishraa श्री लंका की चिंता छोड़िए महंत जी भारत की करिए। यहां भी मजबूत राष्ट्रवादी सरकार बैठी है। एकदम श्रीलंका के जैसे। बाबा से मनाइए टाइम से गदा चला दें।