छत्तीसगढ़, विशेष रूप से अंबिकापुर के लिए यह बड़े गर्व का क्षण है कि हमारे नगर के सुपुत्र श्री रोहित विश्वकर्मा को NDTV India का Managing Editor नियुक्त किया गया है।
आपको इस नई भूमिका के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ। ईश्वर आपको निरंतर सफलता और नई ऊँचाइयाँ प्रदान करें।
@RohitVEditor
ब्रह्माण्ड उत्पत्ति की Big Bang थ्योरी को चैलेंज करने वाले … भारत के अपने 'आइंस्टीन' यानी डॉक्टर जयंत विष्णु नारलिकर आज हमें छोड़कर चले गए … वो मेरे सबसे फ़ेवरेट वैज्ञानिक रहे हैं… भोला भाला चेहरा और प्यार से बात करने का तरीका बचपन से मन में बैठ गया…
डॉक्टर नारलिकर से मेरा पहला परिचय 1980 के दशक के दूरदर्शन के धारावाहिक ‘ब्रह्माण्ड’ के ज़रिए हुआ था .. इस धारावाहिक की पटकथा भी डॉक्टर नारलिकर ने लिखी थी .. टाइटल गीत ‘आकाश बहुत ऊंचा है’ गुलज़ार साहब ने लिखा था .. सुरेश वाडेकर की आवाज़ में ये गाना आज भी मुझे याद है …
पहले ही एपिसोड में डॉक्टर नारलिकर के दर्शन हो गए थे … काश किसी टीचर ने डॉक्टर नारलिकर की तरह विज्ञान पढ़ाया होता... उनके जैसे शिक्षक मिल जाएं तो देश में वैज्ञानिकों की पूरी फौज खड़ी हो जाए …नारलिकर जी जिस थ्योरी पर काम करते थे ... उसके हिसाब से ‘ब्रह्माण्ड’ की कभी शुरुआत नहीं हुई ... वो बिग बैंग को चैलेंज करते... कहते कि अगर ब्रह्माण्ड की उत्पत्ति बिग बैंग से हुई… तो फिर कुछ सितारों की उम्र BIG BANG से भी पुरानी कैसे ?
मैं इतना दिमाग़ नहीं रखता हूं कि ये सारी थ्योरी समझ सकूं .. लेकिन इतना ज़रूर है कि मेरे अंदर ब्रह्माण्ड को लेकर जो भी कुलबुलाहट है वो डॉक्टर नारलिकर की वजह से ही है ...
भगवान है या नहीं इस सवाल का जवाब नारलिकर जी ने कभी हां या नहीं में नहीं दिया … वो कहते “क्या एक वैज्ञानिक से ये उम्मीद की जाती है कि वो ब्रह्माण्ड का संचालन दिखाकर ईश्वर का अस्तित्व साबित करे.. क्या इससे विज्ञान के नियमों को समझने में मदद मिलेगी ?
डॉक्टर साहब हमेशा से समाज में वैज्ञानिक सोच जगाने के हिमायती थे .. ख़ासकर बच्चों के अंदर …ना जाने कितने लेख, सीरियल और संबोधन उन्होने पूरे देश में घूम घूम कर दिए … सोचिए 26 साल की उम्र में हम क्या करते हैं .. डॉक्टर साहब को विज्ञान के क्षेत्र में पद्म श्री मिल गया था…
उनकी वजह से 80-90 के दशक में टीवी पर वैज्ञानिक सोच भरने के लिए ब्रह्माण्ड जैसे शो दिखाते थे … लेकिन जैसे जैसे बड़े होते गए तो ऐसे शो की जगह चंद्रकांता और फिर शक्तिमान और फिर अब तो ना जाने क्या क्या ने ले ली.. वो भारत में Rationalists पर हो रहे हमलों से दुखी थे… कहते विज्ञान ही अंधविश्वास और असहिष्णुता खत्म कर सकता है ...
डॉ. #Jayantnaralikar को शत शत नमन
गन्ने की खेती के लिए मज़दूरों की सप्लाई से लेकर सॉफ़्टवेयर की 'खेती' के वाले मजदूरों तक ... भारत एक मज़दूर प्रधान देश ही रहा है … तरीका और प्लेटफार्म बदल गया है... लेकिन सोच नहीं बदली है… पहले मज़दूर खाली दिख जाए तो मालिक कुछ ना कुछ काम उसे पकड़ाने का तरीका खोजता था … खेत में नहीं तो घर पर ... मज़दूर के पास अपनी जिंदगी के लिए कोई वक्त नहीं होना चाहिए .. उसका जन्म हमारे लिए ही हुआ है … वक्त बदल गया लेकिन हमारे ‘लालाओं’ की सोच नहीं बदली …
इन लोगों के जीवन में ख़ुद प्रेम नहीं है .. ये अपनी बीवी से नहीं अपनी तरक्की से प्रेम करते हैं… इसलिए ये बड़े हैरान हो जाते हैं कि हमारा मज़दूर मैरिज एनिवर्सरी पर छुट्टी कैसे ले रहा है …
आख़िर संडे को कब तक अपनी बीवी को ताड़ता रहेगा’ इसका जन्म तो मजदूरी के लिए हुआ है ना … मजे की बात ये है कि ऐसे ‘लाला’ हर फील्ड में हैं .. पत्रकारिता में भी भरे पड़े हैं …
याद रखिए नौकरी करने वाला हर इंसान सचिन तेंदुलकर, स्टीव जॉब्स या मार्क जुकरबर्ग जैसा महान बनने का सपना देखकर नहीं आता है … ज़्यादातर लोग इसलिए आते हैं कि वो अपने परिवार की ज़रूरतें पूरी कर सकें…
और जिस कंपनी में काम करते हैं उस कंपनी का मालिक का सपना पूरा करना उनकी जिम्मेदारी नहीं है… वो जीने के लिए काम कर रहे हैं .. काम करने के लिए नहीं जी रहे हैं…
कई लोग जूनून की हद तक काम करके नीचे से ऊपर उठते हैं .. वो ये बात पचा नहीं पाते हैं कि सामने वाला सिर्फ 8-9 घंटे का काम करके कैसे सो सकता है … वो मेरी तरह महत्वकांक्षी क्यों नहीं है … अगर वो मेरी तरह नहीं है तो लानत है उसके अस्तित्व पर … जीवन के प्रति इन्हे सिर्फ इनका रास्ता ही सही लगता है … असल में ऐसे मालिकों को मनोचिकित्सकों की ज़रूरत है …
इन्हें कुछ ऐसा कोर्स करना चाहिए जिससे ये समझ आ सके की सह- अस्तित्व क्या होता है … सिर्फ मेरा तरीका सही की सोच एक बीमारी है .. जिससे हर मालिक और हर 'मज़दूर ठेकेदार' (CEO) को बाहर निकलना चाहिए .. वरना वो ख़ुद के इंसान होने का वजूद खो देंगे …
#SNSubramanyan
ये thread सहानुभूति के लिए नहीं आपकी सावधानी के लिए है … कैंसर की तरह भयावह है @StarHealthIns स्टार हेल्थ की पॉलिसी .. इनका CEO भी इसमें शामिल लगता है .. क्योंकि उसे भी मेल किया जा चुका है .. इनका नया घोटाला बताने से पहले कुछ पृष्ठभूमि …
ये हैं एक रिटायर्ड प्रिंसिपल है … डॉ. कुसुम लता विश्वकर्मा … चालीस साल से ज्यादा बेहद ईमानदारी से नौकरी की .. हमेशा सर उठाकर जिया .. लेकिन रिटायर होने के बाद पता चला कि इन्हें कैंसर है .. वो भी रेयर … और चौथे स्टेज में प्रवेश कर चुका था… खुशकिस्मती से इनके पास हेल्थ पॉलिसी है… बदकिस्मती से पॉलिसी स्टार हेल्थ की है … एडवांस स्टेज कैंसर की वजह से एक साल में इन्हें AIIMS रायपुर से … दिल्ली के Sir Gangaram और फिर हैदराबाद के Indo American अस्पताल में इलाज के लिए दौड़ना पड़ा… जटिल ऑपरेशन.. कीमो … रेडिएशन के बाद इम्यूनोथेरेपी से गुजर चुकी हैं .. भविष्य पता नहीं.. हंसती रहती हैं हिम्मत नहीं हारी … 18 कैशलेस क्लेम अब तक किए गए और सब में कैश खर्च किया .. हर क्लेम में कंपनी ने रुलाया .. कई बार रिजेक्ट किया.. जूझने के बाद अप्रूव किया… ये ख़ुशक़िस्मत हैं कि इनका बेटा इनके लिए कंपनी से लड़ता है… और स्टार हेल्थ के जबड़े से पैसे वापस निकलवा लाता है .. लेकिन जरा सोचिए .. 1/6
#BoycottStarHealth
स्टार हेल्थ कंपनी @StarHealthIns लगता है मरीज़ों की मौत का धंधा करती है… निहायत ही धोखेबाज कंपनी है… इसका एक और सबूत नीचे है … मां के डिस्चार्ज होने के तीन दिन बाद जब मैंने पूछा कि क्लेम की क्या स्थिती है … तो स्टार हेल्थ वालों ने कह दिया कि अस्पताल ने कोई मेल ही नहीं किया है … जिस महिला ने फ़ोन उठाया वो बोलती है कि पिछले एक हफ्ते में इस मेल आईडी से कोई मेल ही नहीं मिला है … परेशान होकर मैंने जब अस्पताल से पूछा तो अस्पताल ने मुझे सबूत के तौर पर मेल भेज दिया … इसके बाद मैंने फिर स्टार हेल्थ के धोखेबाज लोगों को फ़ोन किया कि मेरे पास सबूत है कि आपको बताया गया है .. इसपर स्टार हेल्थ के अधिकारी ने मूर्खतापूर्ण तरीके से बताया कि आपने तीन चार लोगों को सीसी किया है जिसकी वजह से मेल बाउंस हो जाता है … मैंने बताया कि अस्पताल का कोई मेल बाउंस नहीं हुआ है … इसपर वो खिसियाने लगा … अस्पताल ने बताया कि पिछले एक हफ्ते से स्टार हेल्थ का पोर्टल डाउन है … हजारों मरीजों के क्लेम फँस गए हैं .. और कंपनी झूठ पर झूठ बोल रही है … बताया जा रहा है कि स्टार हेल्थ ज़्यादातर यानी क़रीब क़रीब हर क्लेम को रोक रहा है... फिर चाहे पॉलिसी हज़ार की हो ... या करोड़ की … जो भी लोग स्टार हेल्थ से अपना इंश्योरेंस कराने जा रहे हैं उनको अलर्ट करना जरूरी है कि ऐसा बिल्कुल ना करें वरना बाद में भारी पछताना पड़ सकता है … मैं इसके ख़िलाफ़ कानूनी रास्ता ले रहा हूं .. लेकिन भविष्य के लिए बाकी को भी बताना जरूरी है … #BoycottStarHealth
Star Health @StarHealthIns is a very fraudulent company... which deducts money even for cancer medication of its policyholders. The officials of this company are so shameless that even after being caught red-handed, they deny it. If you have taken an expensive policy from this company, you can be in a worse situation... If this company has cheated you as well, be sure to file a case in the consumer forum... because it doesn’t cost anything there. It may take time to get justice, but there is a high likelihood of a hefty fine being imposed on the company... because this company denies its written commitments. I am challenging them for my multiple claims. Till now I have shared one small incident.. there are multiple...
#Boycott_StarHealth
भारतीय सेना के पूर्व फ़ौजी 85 साल के श्री प्रेम नारायण दुबे के बेटे @99dubeyajay की इस अपील को सुनिए और शेयर कीजिए
अजय के पिता 7 मई से ग़ाज़ियाबाद से लापता हैं। आज पूरे 10 दिन हो गए हैं
श्री दुबे की याददाश्त भी कमज़ोर हैं। आपकी छोटी सी मदद परिवार में फिर ख़ुशियाँ ला सकती हैं