@abhijatindia https://t.co/0zcRZZCP6U
Sir please have a look at this link as well. There is a possibility of tax evasion and ghost loan entries in the books of Sanchar Nest by the MC, keeping members in dark. No one knows what is the depth of this issue.
@abhijatindia@narendramodi@PMOIndia@myogiadityanath@CMOfficeUP
माननीय प्रधानमंत्री जी एवं मुख्यमंत्री जी से विनम्र निवेदन है कि इस मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को निष्पक्ष जांच, विशेष/फॉरेंसिक ऑडिट तथा दोषियों के विरुद्ध कानूनसम्मत कार्रवाई करने की कृपा करें।
गाज़ियाबाद के Sanchar Nest/Web City प्रोजेक्ट के फ्लैट खरीदार आखिर जाएँ तो जाएँ कहाँ?
वर्षों पहले अपने घर का सपना देखकर लोगों ने अपनी जीवनभर की बचत इस परियोजना में लगा दी। कई सदस्यों ने 2016-17 से पहले ही अपने फ्लैट की लगभग पूरी कीमत चुका दी, लेकिन आज भी अनेक खरीदार रजिस्ट्री, कब्जे, अधूरे निर्माण और लगातार नई-नई धनराशि की मांगों को लेकर परेशान और मानसिक तनाव में हैं।
Sanchar Nest Sahkari Awas Samiti Ltd., Web City, Ghaziabad से जुड़े इन गंभीर आरोपों की निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराकर खरीदारों को राहत दिलाई जाए।
शिकायत में आरोप लगाए गए हैं कि—
▪️ सदस्यों से Construction Linked Plan के बावजूद निर्माण की वास्तविक प्रगति से बहुत पहले भुगतान लिया गया और कई लोगों द्वारा पूरी कीमत चुकाने के बावजूद उनकी रजिस्ट्री/कब्जा रोका गया।
▪️ सदस्यों को विभ��न्न तरीकों से तय कीमत से लगभग 50% अधिक भुगतान करने के लिए मजबूर किया गया और इसके बाद भी मूल निर्धारित कीमत का 25% अतिरिक्त “Escalation Charge” मांगा गया। शिकायत के अनुसार इस अतिरिक्त मांग को उत्तर प्रदेश आवास विकास परिषद ने 03.10.2025 के पत्र से अस्वीकार कर दिया।
▪️ दिसंबर 2024 की आमसभा में कथित रूप से बिना समुचित चर्चा/मतदान के ₹400 प्रति वर्गफुट Escalation Charge लगाने और न देने वालों की रजिस्ट्री/कब्जा रोकने जैसी कार्रवाई का आरोप है। शिकायत में यह भी कहा गया है कि अब लगभग ₹700 प्रति वर्गफुट की नई वसूली की तैयारी की जा रही है।
▪️ कुछ पुराने सदस्यों के फ्लैट रद्द करने, सदस्यता समाप्त करने, भुगतान वापस न करने और उन फ्लैटों को नए खरीदारों को बाजार भाव पर बेचने के गंभीर आरोप लगाए गए हैं।
▪️ शिकायत में फ्लैटों को property dealers के माध्यम से बेचकर 5–10% तक कमीशन, नकद भुगतान तथा एक फ्लैट की बिक्री में ₹7.8 लाख कमीशन दिए जाने जैसे मामलो�� की भी जांच की मांग की गई है।
▪️ जिन लोगों को यूनिट दी गई, उनके संबंध में अधूरा निर्माण, बेहद खराब finishing, कमजोर दीवारें, टूटी tiles, खराब plumbing/electrical work, seepage तथा agreement में promised सुविधाएँ पूरी न होने जैसे गंभीर आरोप हैं।
▪️ सदस्यों से लिए गए धन, अलग-अलग projects में fund transfer, अनेक bank accounts, society की संपत्तियों/दुकानों तथा management committee के वित्तीय लेन-देन की पूर्ण forensic audit की आवश्यकता बताई गई है।
सबसे चिंता की बात यह है कि शिकायत में उत्त�� प्रदेश आवास विकास विभाग के 12.06.2026 के आदेश में भी अनेक अनियमितताओं का विस्तृत उल्लेख होने की बात कही गई है। फिर भी खरीदार आज तक राहत का इंतजार कर रहे हैं।
यह केवल किसी एक फ्लैट या एक व्यक्ति का विवाद नहीं है। यह उन परिवारों का सवाल है जिन्होंने वर्षों पहले पैसा दिया, आज भी अपने वैध घर की रजिस्ट्री और सुरक्षित कब्जे की प्रतीक्षा कर रहे हैं, और ऊपर से लगातार अतिरिक्त धन की मांग के दबाव में हैं।
सरकार से मांग है कि पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच हो, society/project के खातों और संपत्तियों का audit हो, अवैध पाए जाने वाले charges पर तत्काल रोक लगे, जिन खरीदारों ने भुगतान पूरा कर दिया है उनकी रजिस्ट्री/कब्जा सुनिश्चित कराया जाए और जिम्मेदार व्यक्तियों पर कानून के अनुसार कार्रवाई हो।
घर खरीदने वाला व्यक्ति कोई ATM नहीं है कि वर्षों तक उससे कभी ब्याज, कभी escalation, कभी penalty और कभी किसी दूसरे नाम पर पैसा मांगा जाता रहे।
इन परेशान खरीदारों को अब आश्वासन नहीं, न्याय चाहिए।
@UPRERAofficial @coopdeptup @dm_ghaziabad @CMOfficeUP @ChiefSecyUP @UPGovt @khurpenchh
#SancharNest #WebCityGhaziabad #GhaziabadFlatBuyers #JusticeForHomebuyers #HomebuyersRights #UPRERA #RegistryNow #ForensicAudit
https://t.co/Z2ORJM9XGO
गाज़ियाबाद के Sanchar Nest/Web City ��्रोजेक्ट के फ्लैट खरीदार आखिर जाएँ तो जाएँ कहाँ?
वर्षों पहले अपने घर का सपना देखकर लोगों ने अपनी जीवनभर की बचत इस परियोजना में लगा दी। कई सदस्यों ने 2016-17 से पहले ही अपने फ्लैट की लगभग पूरी कीमत चुका दी, लेकिन आज भी अनेक खरीदार रजिस्ट्री, कब्जे, अधूरे निर्माण और लगातार नई-नई धनराशि की मांगों को लेकर परेशान और मानसिक तनाव में हैं।
Sanchar Nest Sahkari Awas Samiti Ltd., Web City, Ghaziabad से जुड़े इन गंभीर आरोपों की निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराकर खरीदारों को राहत दिलाई जाए।
शिकायत में आरोप लगाए गए हैं कि—
▪️ सदस्यों से Construction Linked Plan के बावजूद निर्माण की वास्तविक प्रगति से बहुत पहले भुगतान लिया गया और कई लोगों द्वारा पूरी कीमत चुकाने के बावजूद उनकी रजिस्ट्री/कब्जा रोका गया।
▪️ सदस्यों को विभिन्न तरीकों से तय कीमत से लगभग 50% अधिक भुगतान करने के लिए मजबूर किया गया और इसके बाद भी मूल निर्धारित कीमत का 25% अतिरिक्त “Escalation Charge” मांगा गया। शिकायत के अनुसार इस अतिरिक्त मांग को उत्तर प्रदेश आवास विकास परिषद ने 03.10.2025 के पत्र से अस्वीकार कर दिया।
▪️ दिसंबर 2024 की आमसभा में कथित रूप से बिना समुचित चर्चा/मतदान के ₹400 प्रति वर्गफुट Escalation Charge लगाने और न देने वालों की रजिस्ट्री/कब्जा रोकने जैसी कार्रवाई का आरोप है। शिकायत में यह भी कहा गया है कि अब लगभग ₹700 प्रति वर्गफुट की नई वसूली की तैयारी की जा रही है।
▪️ कुछ पुराने सदस्यों के ��्लैट रद्द करने, सदस्यता समाप्त करने, भुगतान वापस न करने और उन फ्लैटों को नए खरीदारों को बाजार भाव पर बेचने के गंभीर आरोप लगाए गए हैं।
▪️ शिकायत में फ्लैटों को property dealers के माध्यम से बेचकर 5–10% तक कमीशन, नकद भुगतान तथा एक फ्लैट की बिक्री में ₹7.8 लाख कमीशन दिए जाने जैसे मामलों की भी जांच की मांग की गई है।
▪️ जिन लोगों को यूनिट दी गई, उनके संबंध में अधूरा निर्माण, बेहद खराब finishing, कमजोर दीवारें, टूटी tiles, खर��ब plumbing/electrical work, seepage तथा agreement में promised सुविधाएँ पूरी न होने जैसे गंभीर आरोप हैं।
▪️ सदस्यों से लिए गए धन, अलग-अलग projects में fund transfer, अनेक bank accounts, society की संपत्तियों/दुकानों तथा management committee के वित्तीय लेन-देन की पूर्ण forensic audit की आवश्यकता बताई गई है।
सबसे चिंता की बात यह है कि शिकायत में उत्तर प्रदेश आवास विकास विभाग के 12.06.2026 के आदेश में भी अनेक अनियमितताओं का विस्तृत उल्लेख होने की बात कही गई है। फिर भी खरीदार आज तक र��हत का इंतजार कर रहे हैं।
यह केवल किसी एक फ्लैट या एक व्यक्ति का विवाद नहीं है। यह उन परिवारों का सवाल है जिन्होंने वर्षों पहले पैसा दिया, आज भी अपने वैध घर की रजिस्ट्री और सुरक्षित कब्जे की प्रतीक्षा कर रहे हैं, और ऊपर से लगातार अतिरिक्त धन की मांग के दबाव में हैं।
सरकार से मांग है कि पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच हो, society/project के खातों और संपत्तियों का audit हो, अवैध पाए जाने वाले charges पर तत्काल रोक लगे, जिन खरीदारों ने भुगतान पूरा कर दिया है उनकी रजिस्ट्री/कब्जा सुनिश्चित कराया जाए और जिम्मेदार व्यक्तियों पर कानून के अनुसार कार्रवाई हो।
घर खरीदने वाला व्यक्ति कोई ATM नहीं है कि वर्षों तक उससे कभी ब्याज, कभी escalation, कभी penalty और कभी किसी दूसरे नाम पर पैसा मांगा जाता रहे।
इन परेशान खरीदारों को अब आश्वासन नहीं, न्याय चाहिए।
@UPRERAofficial @coopdeptup @dm_ghaziabad @CMOfficeUP @ChiefSecyUP @UPGovt @khurpenchh
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https://t.co/Z2ORJM9XGO
@4pmnews_network@journo_akanksha@journo_akanksha Ur story is 1 sided representation of Case. Issue is much deeper than what you hv bn told. For true and fair journalism, please visit Sanchar Nest society and cover the whole story. Story of 300+ coop members looted by 1 man fr 17+ yrs, same 1 who gv u the story!
@4pmnews_network@journo_akanksha@journo_akanksha Ur story is 1 sided representation of Case. Issue is much deeper than what you hv bn told. For true and fair journalism, please visit Sanchar Nest society and cover the whole story. Story of 300+ coop members looted by 1 man fr 17+ yrs, same 1 who gv u the story!
@Editor_SanjayS@4pmnews_network Not yet heard from you regarding giving fair opportunity to members of Sanchar Nest to present their case on oppression being done by Secretary and Mgmt Committee. You presented a one sided case in your video
@PTI_News@ani@aajtak@republic
@Editor_SanjayS As a matter of fact the investigating officer who had to present the case of aggrieved members was sacked on the day of high level inquiry meeting,thanks to your efforts. Now the aggrieved member have been deprived of any resolution of their issues in near future..Congratulations
@Editor_SanjayS https://t.co/XkTVjLtI6X
This management committee has been proven wrong in multiple court cases, still you heard only their voice not of aggrieved members
@PTI@ANI@IndianExpress@Editor_SanjayS
@Editor_SanjayS You must investigate the case impartially and give opportunity to aggrieved members of Sanchar Nest Sahakari Awas Samiti to present their case.
@Editor_SanjayS Sir
This is a one sided representation of whole case based on testimony by the *individual who along with the Management Committee themselves are corrupt* and have been involved in systematic loot of over 300 society members since last 17 years .
@Editor_SanjayS
@4pmnews_network@4PMNewsNetwork@Editor_SanjayS Requesting your attention regarding the Sancharnest matter. Affected members would like to present documents and facts for a balanced understanding of the issue.