हमने तो पहले ही कहा था मुस्लिम लडके पप्रोटेस्ट से दूर रहे, सारे इलज़ाम तुम्हारे ही सर आएंगे
अब खुद तो परेशान रहेंगे घर वालो को भी परेशानी मे डाल दिया
#CJPProtest
पेपर लीक मामलों के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट बनाने के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ऐलान पर समाजवादी पार्टी की सांसद इकरा हसन ने कहा कि इस समय असली मुद्दों से ध्यान भटकाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सबसे पहले छात्रों की मांगें पूरी की जानी चाहिए। हर कोई केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहा है और हम भी अपनी इस मांग पर कायम हैं। छात्रों की मांगें पूरी होनी चाहिए। फास्ट-ट्रैक कोर्ट बनाना ठीक है, लेकिन पहले यह भी देखा जाना चाहिए कि पहले से बने फास्ट-ट्रैक कोर्ट, खासकर दुष्कर्म के मामलों में, कितने प्रभावी साबित हुए हैं। और उनमें कितनी प्रगति हुई है। इस पर भी गंभीरता से विचार करने की जरूरत है।
@IqraMunawwar_
ये हैं भाजपाई, रेप पीड़ित बच्चियों को भी धर्म में बांट दिया
“जिसका रे*प हुआ है वो लड़की मुसलमान है तो इसलिए इतना शोर मचाया हुआ अगर हिंदू होती तो इतना विरोध नहीं होता”
सोचिए ये BJP MLA दिलीप घोष हैं जिन्होंने रेप जैसे मामले को भी धर्म से जोड़ दिया
बिल्ली को शेर की मौसी यूँ ही नहीं कहते..
घर में दूध चुराती है, जंगल में भांजा शिकार करता है
मौसी की चाल और भांजे की दहाड़... दोनों में अलग ही रौब है
बस फर्क इतना है कि मौसी को देखकर लोग "हट-हट" कहते हैं, और भांजे को देखकर "भाग-भाग"...🤣
ख़ान Sir का पूरा वीडियो देखिए तो आपको पूरी सच्चाई पता चलेगी।
इस लड़ाई को यादव-मुस्लिम मत बनाइये BJP दोनों की दुश्मन है।
सब लोग देखते रहिए सरकार जल्द से जल्द ED,CBI, इनकम टैक्स की रेड भी खान Sir पर करायेगी। सरकार ने तैयारी करनी शुरू कर दी होगी ।
गरीब बच्चों को शिक्षा देने वाले शिक्षकों को तो बख्श दो मोदी जी ।
ये मीना का एक कैंप है ऐसे हजारों कैंप यहां है और उन मैं लाखों हाजी ये सब अपने घरों के रईस मालदार है मगर एक अल्लाह के हुक्म से इस तरह रह रहे है, अल्लाह हम सभी को मीना मैं रहना कबूल फरमाए...आमीन।
भयानक: राजस्थान के जैसलमेर में 500 गायों के शव कचरे की तरह सड़ने के लिए छोड़ दिए गए।
इस घटना के बाद लोगों ने सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। उनका कहना है कि देश में गाय के नाम पर मुस्लिम समुदाय के लोगों की मॉब लिंचिंग और हिंसा की घटनाएं सामने आती रहती हैं, लेकिन जब आवारा गायें सड़कों पर कूड़ा खाती दिखाई देती हैं या बड़ी संख्या में गायों के शव इस तरह सड़ने के लिए छोड़ दिए जाते हैं, तब अधिकांश हिंदू संगठन इसके खिलाफ सड़कों पर क्यों नहीं उतरते?
मुंबई के मीरा रोड स्थित पूनम क्लस्टर सोसाइटी में ईद-उल-अज़हा के लिए रखे गए बकरों को लेकर विवाद सामने आया है। इसके विरोध में सोसाइटी के बाहर बड़ी संख्या में हिंदुत्ववादी संगठनों से जुड़े लोग पहुंच गए और उन्होंने वहां बैठकर हनुमान चालीसा का पाठ किया। वहीं, कुछ लोग अपने हाथों में सुअर लेकर सोसाइटी के अंदर घुसने की कोशिश करते भी दिखाई दिए।