आत्ताचे नेते आणि आधीचे नेते यात खूप अंतर बघायला मिळत आहे.
महाराष्ट्रातील राजकारणातला सुसंस्कृतपणा हरवत चालला हेच दुर्दैव.
#Maharashtra#MaharashtraPolitics
"तुमची गुंतवणूक सुरक्षित आहे का?"
हा विडिओ पहा. तुम्हाला SEBI, सरकार, अदानी ने केलेला घोटाळा किती मोठा आहे समजून जाल.
धारावी साठी काय काय केल? MVA सरकार कोणी पाडलं?
हे सर्व भयानक आहे. आज @RahulGandhi मोदीच्या लाडक्या अदानी वर पत्रकार परिषद घेणार आहेत.
आज महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री बिलास राव देशमुख की पुण्यतिथि है।
14 सांसदों के साथ कांग्रेस आज महाराष्ट्र की सबसे बड़ी पार्टी है। बिलासराव देशमुख ने कभी कहा था कि कांग्रेस कभी खत्म नहीं होगी।
NEW FROM US:
Whistleblower Documents Reveal SEBI’s Chairperson Had Stake In Obscure Offshore Entities Used In Adani Money Siphoning Scandal
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इनकी पत्नी की जान ले ली गई , BMW कार चलाने वाला एकनाथ शिंदे गुट के शिवसेना के नेता का बेटा है जो को नरेंद्र मोदी और भाजपा के सहयोगी दल हैं।
अब न ही इनको न्याय मिल रही ना ही कोई सुनवाई।
"गरीबों के लिए इस देश में कोई नहीं है"
सांगली जिल्ह्यातील सागरेश्वर अभयारण्यात हरणांचा खूप मोठा वावर आहे. कुंपणाचे ७०% काम एकाच कंपनीला दिल्याने काम पूर्ण नाही त्यामुळे हे हरणांचे कळप लगतच्या शेतीत धुमाकूळ घालतात आणि शेतकऱ्यांचे मोठे नुकसान होते. २०१९ ला आलेल्या पुरामुळे सांगली आणि कोल्हापुरात घोणस या सापांची संख्या प्रचंड वाढलेली आहे. हा साप चावल्यास तासाभरात मृत्यू होतो. यावर लस दवाखान्यात उपलब्ध नसते. शिवाय कृष्णा नदीत मगरींची आणि जिल्ह्यात बिबट्यांची संख्या वाढलेली आहे. त्यांनी नागरिकांवर हल्ला केल्याच्या घटनाही आहेत. वन विभागाला कळवल्यास कासवाच्या गतीने काम केले जाते. यावर वन मंत्रालयाने पावले उचलावीत शिवाय अशा परिसरातील नागरिकांना याबाबत तातडीने प्रशिक्षण देणे गरजेचे आहे. अशी मागणी विधिमंडळाच्या पावसाळी अधिवेशनादरम्यान केली.
#Safety #MonsoonSession #maharashtra #sangli #PalusKadegaon #sangli #sanglikar
आज कोल्हापुर जा रहे प्रधानमंत्री से हमारे सवाल:
1. BJP ने कोल्हापुर में 50,000 करोड़ रुपए के निवेश को क्यों ख़तरे में डाला?
2. पारिस्थितिक रूप से संवेदनशील क्षेत्रों में "लाल श्रेणी" के मोडानी प्रोजेक्ट्स को मंजूरी क्यों दी गई है?
3. सिर्फ़ गुजरात के सफ़ेद प्याज़ से ही निर्यात प्रतिबंध क्यों हटाया गया है?
जुमलों का विवरण:
1. गन्ने के रस और सिरप से इथेनॉल उत्पादन पर रोक लगाने के मोदी सरकार के फैसले से कोल्हापुर के चीनी उद्योग में 50,000 करोड़ रुपए का निवेश ख़तरे में पड़ सकते हैं। महाराष्ट्र विधानसभा में, भाजपा के अपने गठबंधन सहयोगी अजीत पवार ने इस बात को हाइलाइट किया कि "उद्योगों ने 20% इथेनॉल मिश्रण प्राप्त करने के लिए केंद्र सरकार से प्रोत्साहन के बाद 95% ऋण लिया है।" इस रोक के कारण उद्योग को "गंभीर नुक़सान" का सामना करना पड़ रहा है। इस निर्णय से न केवल चीनी मिलों को बल्कि गन्ना किसानों को भी नुक़सान होगा, जिन्हें इथेनॉल उत्पादन से प्रति टन 100-150 रुपए अतिरिक्त मिल रहे थे। इस नए नियम के अचानक कार्यान्वयन से कोल्हापुर में पूरे चीनी उद्योग में बड़े पैमाने पर व्यवधान पैदा हो रहा है। प्रधानमंत्री ने गन्ना किसानों और मिलों को अचानक यह झटका क्यों दिया है? उन्हें इससे उबरने में मदद करने के लिए उनके पास क्या विज़न है?"
2. नवंबर 2023 में, अडानी ग्रीन एनर्जी लिमिटेड (AGEL) के एक प्रमुख सलाहकार को मोदी सरकार की विशेषज्ञ मूल्यांकन समितियों (EAC) में से एक में नियुक्त किया गया था, जो AGEL द्वारा बनाई गई जलविद्युत परियोजनाओं के प्रस्तावों को मंजूरी देती है। इसके तुरंत बाद, दिसंबर 2023 में, कोल्हापुर के सौ से अधिक गांवों के निवासी एजीईएल की 7,000 करोड़ की पटगांव पंप स्टोरेज परियोजना के विरोध में खड़े हो गए। कोल्हापुर कम वर्षा और पानी की सीमित उपलब्धता से जूझ रहा था और परियोजना को अनुमति मिलने से पहले कोई सार्वजनिक बैठक आयोजित नहीं की गई थी। इसलिए स्थानीय लोग इस बात को लेकर चिंतित थे कि इस परियोजना का पानी की बिगड़ती स्थिति पर क्या प्रभाव पड़ेगा। चिंता की बात यह है कि यह अडानी की उन तीन परियोजनाओं में से एक है, जिन्हें पश्चिमी घाट के पारिस्थितिक रूप से संवेदनशील क्षेत्रों में मंजूरी मिली है। विशेषज्ञों के अनुसार, पर्यावरण मंत्रालय के अधिकारियों ने संवेदनशील क्षेत्रों में इन "लाल श्रेणी" की परियोजनाओं को अनुमति देने के लिए "चुनिंदा रूप से कानून की व्याख्या" की है। अडानी के खुद के पर्यावरण मूल्यांकन ने निर्माण के दौरान जंगलों को महत्वपूर्ण नुक़सान की चेतावनी दी थी लेकिन फिर भी परियोजनाओं को मंजूरी दे दी गई। भाजपा द्वारा कानूनी प्रक्रिया में बेशर्मी से की गई छेड़छाड़ का स्पष्ट रूप से स्थानीय समुदायों और स्थानीय पर्यावरण पर गंभीर प्रभाव पड़ेगा। प्रधानमंत्री ने फिर से भारत के लोगों और जंगलों की भलाई से पहले अपने कॉर्पोरेट मित्रों के हितों को आगे क्यों रखा है?
3. दिसंबर 2023 से, महाराष्ट्र में प्याज़ के किसान मोदी सरकार के प्याज निर्यात पर प्रतिबंध से जूझ रहे हैं। खेती के मौसम के दौरान, राज्य असंतोषजनक वर्षा और जल संकट से प्रभावित था और अधिकांश किसान अपनी सामान्य फ़सल का केवल 50% ही उत्पादन कर पाए थे। जब अंततः प्याज की कटाई और खुदाई हुई तो किसानों को मनमाने निर्यात प्रतिबंध का सामना करना पड़ा, जिसके कारण बिक्री की कीमतें बेहद कम हो गईं। परिणामस्वरूप, पिछले पांच महीनों में किसानों को काफी नुक़सान हुआ है। उनके जले पर नमक छिड़कते हुए, कल मोदी सरकार ने सफेद प्याज के निर्यात की अनुमति दे दी, जो मुख्य रूप से गुजरात में उगाया जाता है। महाराष्ट्र के किसानों – जो मुख्य रूप से लाल प्याज उगाते हैं – को छोड़ दिया गया है। क्या प्रधानमंत्री मोदी बता सकते हैं कि उनकी सरकार ऐसा क्यों कर रही है? उन्होंने महाराष्ट्र के प्याज़ किसानों की उपेक्षा क्यों की है? कांग्रेस का न्याय पत्र किसानों पर अंतिम समय में थोपी जाने वाली ऐसी विनाशकारी नीतियों को रोकने के लिए एक स्थिर, पूर्वानुमानित आयात-निर्यात नीति का वादा करता है। किसानों को नीतिगत स्थिरता का आश्वासन देने के लिए मोदी सरकार के पास क्या विज़न है?
#ChuppiTodoPradhanMantriji
आपका *एक वोट* भारत के भविष्य को बचा सकता है 🇮🇳
जैसा कि हम सभी देख रहे हैं, हमारा प्यारा देश तानाशाही बनने के गंभीर खतरे में है -
❌ मीडिया बिक चुका है
❌ मणिपुर जल रहा है
❌ चंडीगढ़ और सूरत में चुनावी धोखाधड़ी से लाखों लोगों के लोकतांत्रिक अधिकार छीन लिए गए
❌ बाबा साहेब अंबेडकर के संविधान को बदलने कि घोषणा की जा रही है
❌ किसानों पर रबड़ की गोलियां और आंसू गैस चलाई गई
❌ हमारे ओलंपिक पहलवानों को एक बलात्कारी के खिलाफ प्रदर्शन करने पर पीटा गया
❌ विपक्षी नेता जैसे कि अरविंद केजरीवाल और हेमंत सोरेन को बिना किसी सबूत के जेल में डाल दिया गया
❌ केजरीवाल को इन्सुलिन समय पर नहीं दिया, जान से मारने की कोशिश है
❌ सुप्रीम कोर्ट के जजों पर दबाव है
❌ ईडी और सीबीआई बीजेपी के वाशिंग मशीन के कठपुतली बन गए हैं
❌ बलात्कारियों का मालाओं से स्वागत किया जा रहा है
❌ भारत के इतिहास में सबसे बड़ा घोटाला - इलेक्टोरल बॉन्ड घोटाला जनता से छिपाया गया
भारत विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र हैं लेकिन अब विश्व की सबसे बड़ी तानाशाही बनने के कगार पर है । ज़रा सोचिए *भगत सिंह, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, बाबा साहेब अंबेडकर और गांधीजी क्या सोचेंगे आज देश की यह हालत देख कर? क्या इसी दिन के लिए उन्होंने अपनी क़ुर्बानी दी थी?* एक सत्ता के भूके राजनेता के लिए हम ये विरासत नहीं खो सकते। बहुत महत्वपूर्ण है कि हम भारत के लोग जागें इससे पहले कि देर हो जाए। आप:
✅ शिक्षा के लिए वोट दें
✅ किसानों के लिए वोट दें
✅ महिलाओं के अधिकारों के लिए वोट दें
✅ पहलवानों के लिए वोट दें
✅ नौकरियों के लिए वोट दें
✅ स्कूलों के लिए वोट दें
✅ मणिपुर के लिए वोट दें
✅ लद्दाख के लिए वोट दें
✅ ऐसे नेता के लिए वोट दें जिनमें प्रेस कॉन्फ्रेंस देने की हिम्मत हो
✅ ऐसे नेता के लिए वोट दें जो झूठी गारंटियाँ न देता हो
✅ ऐसे नेता के लिए वोट दें जो पढ़ा लिखा और विनम्र हों
और सबसे महत्वपूर्ण:
✅ लोकतंत्र के लिए वोट दें
✅ इंडिया के लिए वोट दें 🇮🇳
*याद रखें*: अगर भारत पूरी तरह से तानाशाही बन जाता है,
☠️ आपकी आवाज हमेशा के लिए दबा दी जाएगी
☠️ सोशल मीडिया पूरी तरह से सरकार द्वारा नियंत्रित होगा
☠️ किसी भी मुद्दे पर कभी भी प्रदर्शन की अनुमति नहीं होगी
☠️ आप क्या खाते हैं, क्या पहनते हैं, क्या देखते हैं, यह सब सरकार द्वारा नियंत्रित होगा
☠️ जो सूरत और चंडीगढ़ में हुआ, वो पूरे हिंदुस्तान में होगा - 'एक राष्ट्र शून्य चुनाव'
☠️ जो कोई भी अपनी आवाज उठाएगा उसे जेल होगी
☠️ भारत उत्तर कोरिया की तरह बन जाएगा
लेकिन आपका एक वोट ☝️ यह सब बदल सकता है
☑️ इस संदेश को 100 लोगों को फॉरवर्ड करें। आइए जनता की ताक़त दिखाए, हम अपने संविधान को नहीं बदलने देंगे, हम अपने प्यारे देश को बचाएँगे । हम यह संदेश सभी 100 करोड़ मतदाताओं तक पहुँचाएंगे।
जय हिन्द, जय भारत 🇮🇳
https://t.co/qtFlfXGHdE
महाराष्ट्रातील राजकारणावर एवढा उपहासात्मक व्हिडीओ आतापर्यंत पाहिला नाही
एकदा पाहाच 😂😂
जिसने भी बनाया है उसको 50 खोके की सलामी 😄😄😄