कनाडा में भारत के राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) पर प्रतिबंध लगाने की सिफारिश की गई है। इसके अलावा आरएसएस के प्रमुख मोहन भागवत के कनाडा आने पर भी रोक लगाने की मांग की गई है। कनाडा की न्यू डेमोक्रेट्स फेडरल ने सरकार से मांग की है वह 'फासिस्ट पैरामिलिट्री संगठन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के प्रमुख को देश में आने से रोके और कनाडा में RSS पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाया जाए'। ये इस संगठन की पुरानी मांग रही है जिसे उसने फिर से दोहराया है।
NDP की विदेश मामलों की प्रवक्ता हीथर मैकफरसन और NDP की इमिग्रेशन और पब्लिक सेफ्टी मामलों की प्रवक्ता जेनी क्वान ने देश की विदेश मंत्री, पब्लिक सेफ्टी मंत्री और इमिग्रेशन मंत्री को पत्र लिखकर मांग की है कि वे अगस्त के आखिर में मोहन भागवत की प्रस्तावित कनाडा यात्रा से पहले इस मामले में कार्रवाई करें।
#RSS #MohanBhagwat #Canada
🚨 BREAKING:
An Israeli lawmaker to Netanyahu:
“Netanyahu! You are heartless and faithless. You have destroyed our society from within. We will tear down the walls you built, and your era is coming to an end…”
‘जो कहोगे, वही पद देंगे। महामंडलेश्वर बना देंगे। जगतगुरु भी बना सकते हैं। बस 20 लाख रुपए का व्यवहार करना होगा। आश्रम खोलना है, जमीन अखाड़े के नाम पर होगी। देखरेख और संचालन आप ही करना।’
ये ऑफर रिपोर्टर को देश के तीन बड़े अखाड़ों में ऊंचे पदों पर बैठे महंतों ने अलग-अलग मुलाकातों में दिया। रिपोर्टर ने खुद को अमेरिका से लौटा IT प्रोफेशनल बताया। कहा कि पिछले 15-20 साल से अमेरिका के क्यूपर्टिनो में नौकरी की। वाइस प्रेसिडेंट बना। खूब पैसा कमाया।
उज्जैन और मेरठ में जमीन भी है। अब कॉर्पोरेट लाइफ से मन भर गया। सब छोड़कर धर्म की राह पर चलना है। सामान्य साधु नहीं, सीधे महामंडलेश्वर बनना है। इसके लिए पैसा या जमीन कुछ भी दे सकते हैं।
पड़ताल जूना, निर्वाणी और निर्मोही अखाड़े में हुई। तीनों अखाड़ों के महंत-श्रीमहंत से फोन पर बात की। मिलने का वक्त तय हुआ। नासिक और हरिद्वार में मुलाकात हुई। हर अखाड़े की महामंडलेश्वर बनाने की अपनी-अपनी शर्तें और प्रक्रिया है, लेकिन भास्कर इन्वेस्टिगेशन में पता चला कि ये अखाड़े पैसों और जमीन के बदले महामंडलेश्वर का पद दे रहे हैं।
Dear Indian Infra bros,
These are tiny roads in West Cork in Ireland which gets 1200-2800 mm of rain every year.
They are all asphalt. No concrete roads. And hardly any potholes.
Stop glamorizing Fadnavis & Gadkari who are robbing you blind to enrich their buddies.
पकड़ा गया मोहन भागवत का झूठ
1933 का कांग्रेस अधिवेशन जलगांव में नहीं, कलकत्ता में हुआ था।
तिरंगा पहली बार 1933 में नहीं, 1929 में फहराया गया। पंडित नेहरू ने रावी के तट पर पहली बार तिरंगा फहराया था।
RSS ने अपने कार्यालय पर 52 साल तिरंगा नहीं फहराया क्योंकि जब तिरंगा राष्ट्रीय झंडे के रूप में अपनाया गया तब RSS ने इसे अशुभ बताया था।
THIS IS HUGE! 🔥
𝐖𝐚𝐬 𝐓𝐡𝐞 𝐈𝐓 𝐂𝐞𝐥𝐥 𝐂𝐨𝐨𝐥𝐢𝐞𝐬 𝐏𝐫𝐞𝐬𝐞𝐧𝐭 𝐀𝐭 𝐉𝐚𝐧𝐭𝐚𝐫 𝐌𝐚𝐧𝐭𝐚𝐫 𝐃𝐮𝐫𝐢𝐧𝐠 𝐓𝐡𝐞 𝐋𝐚𝐭𝐡𝐢-𝐜𝐡𝐚𝐫𝐠𝐞?
If this Video Report is Accurate, It Raises A Deeply Disturbing Question:
During the Police Crackdown on the Jantar Mantar Protest, were IT Cell Coolies also involved in the Brutality alongside the Delhi Police?
If so, then 𝐀𝐦𝐢𝐭 𝐒𝐡𝐚𝐡 𝐌𝐮𝐬𝐭 𝐀𝐧𝐬𝐰𝐞𝐫.
• Who Were Those Men In Plain Clothes Seen At The Scene That Day?
The Truth cannot be Buried.
The Supreme Court should ensure a Fast-track Hearing to Establish the Facts and Fix Accountability.
#SupremeCourt #AmitShah #ChhatronKiGoonj
बिग ब्रेकिंग
बुरी खबर है। अमेरिका ने फिर से मोदी सरकार से धोखाधड़ी कर दी है। भारत पर रूस से तेल खरीदने की वजह से 100 फीसदी टैरिफ लगाने का बिल सीनेट से पास हो गया है।
गजब यह है कि नरेंद्र मोदी जी ने ट्रंप के दबाव में अमेरिका से ट्रेड डील भी कर ली है। ग़ज़ब के अच्छे दिन लेकर आया है यह भगवा साम्राज्य।
🚨 BREAKING:
Tens of thousands of people in Tokyo called for the prime minister’s resignation outside the parliament building, accusing him of supporting the United States and Israel.
The Japanese people are showing a strong expression of public will.
हम राहुल गांधी जी का हृदय से आभार व्यक्त करना चाहते हैं
कि उन्होंने हमारी पीड़ा, हमारे संघर्ष और हम छात्रों के दर्द को समझा।
हमारे साथ खड़े होने के लिए हम उनका दिल से धन्यवाद करते हैं।
🚨 BREAKING:
Chilean President Gabriel Boric:
"I do not want Netanyahu to be destroyed by a missile along with his family."
"I want Netanyahu and those responsible for the genocide against the Palestinian people to be tried in an international court of justice."
It's official 🔥
🇨🇳 China declares Mossad Staged the Ceuta migration crisis to punish Spain over Gaza, and to teach Sánchez a lesson.
The man paid a heavy price for not standing with the United States.
The man paid a heavy price for not bowing in front of Netanyahu.
Pedro Sánchez is built different 🫡.
Netanyahu's Plan completely backfired. Now Every Spanish person is standing with him today 🇪🇸👏
मतलब ये कि मोहन भागवत की कोशिश बेकार हो गई. GenZ किसी भी झांसे में कतई नहीं आने वाली–यह बात तय हो गई..
Gen Z और मोहन भागवत के संवाद के बाद लोकमत के पत्रकार ने युवाओं से केवल एक सवाल पूछा:
** आपको कैसा लगा?
पहली छात्रा–I feel like it's just a cover-up for the RSS. I feel like it's just a hidden... a hidden something for the flaws because everything that they've made is just blank promises. सिर्फ खाली-खाली रखे वादे हैं, कुछ नहीं करेंगे ये लोग... is what I think...
दूसरी छात्रा– I disagreed with most of the takes that Mohan Bhagwat ji made. और वो जो Takes भी दे दिया हमको, वो Mostly they weren't substantial. Like कुछ उसके पीछे factual evidence नहीं है, कुछ substantial action भी नहीं है..
देश की अधिकांश जेन ज़ी अब केवल किसी का पद या छवि देखकर उसके विचारों को स्वीकार नहीं करती.
यह जेनरेशन सवाल पूछती है, तर्क करती है और अपनी राय खुद बनाती है.