#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
आज विश्व में धार्मिकता का अभाव हो चुका है। ऐसे में धर्म की पुनर्स्थापना कैसे होगी?
Visit Sant Rampal Ji Maharaj YouTube Channel
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
आज विश्व में धार्मिकता का अभाव हो चुका है। ऐसे में धर्म की पुनर्स्थापना कैसे होगी?
Visit Sant Rampal Ji Maharaj YouTube Channel
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
त्रेतायुग में रावण का वध करके श्रीराम ने अधर्म पर धर्म की विजय प्राप्त की थी लेकिन आज कलयुग में दहेज, नशा, अंधविश्वास, पाखंड रूपी दानव धर्म को नष्ट करने में तुले हैं। बुराई रूपी दानव को समाप्त कर धर्म की पताका कौन फैराएगा?
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
त्रेतायुग में रावण का वध करके श्रीराम ने अधर्म पर धर्म की विजय प्राप्त की थी लेकिन आज कलयुग में दहेज, नशा, अंधविश्वास, पाखंड रूपी दानव धर्म को नष्ट करने में तुले हैं। बुराई रूपी दानव को समाप्त कर धर्म की पताका कौन फैराएगा?
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
कबीर, सर्व सोने की लंका थी, वो रावण से रणधीरं |
एक पलक मे राज विराजै, जम के पड़ै जंजीरं ||
पूज्यनीय भगवान कबीर साहेब जी बताते हैं, रावण की पूरी लंका सोने से बनी थी। वह बहुत शक्तिशाली शासक था। परन्तु फिर भी सतभक्ति बिना लंकापति रावण भी एक ही क्षण में
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
कबीर, सर्व सोने की लंका थी, वो रावण से रणधीरं |
एक पलक मे राज विराजै, जम के पड़ै जंजीरं ||
पूज्यनीय भगवान कबीर साहेब जी बताते हैं, रावण की पूरी लंका सोने से बनी थी। वह बहुत शक्तिशाली शासक था। परन्तु फिर भी सतभक्ति बिना लंकापति रावण भी एक ही क्षण में
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
मर्द गर्द में मिल गए, रावण से रणधीर।
कंश, केसी, चाणूर से, हिरणाकुश बलबीर।।
कंस, केसी, चाणौर, हिरणाकुश और रावण जैसे योद्धा भी सतभक्ति के बिना मृत्यु उपरांत मिट्टी में मिल गए।
कबीर परमात्मा की सतभक्ति से ही मोक्ष मिल सकता है।
Sant RampalJi YtChannel
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
मर्द गर्द में मिल गए, रावण से रणधीर।
कंश, केसी, चाणूर से, हिरणाकुश बलबीर।।
कंस, केसी, चाणौर, हिरणाकुश और रावण जैसे योद्धा भी सतभक्ति के बिना मृत्यु उपरांत मिट्टी में मिल गए।
कबीर परमात्मा की सतभक्ति से ही मोक्ष मिल सकता है।
Sant RampalJi YtChannel
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
भक्ति बिना क्या होत है, ये भरम रहा संसार।
रति कंचन पाया नहीं, रावण चलती बार।।
परमात्मा कबीर साहेब जी बताते हैं कि रावण का बहुत बड़ा साम्राज्य और विशाल परिवार था। उनके एक लाख बेटे और सवा लाख पोते थे, लेकिन आज उनके परिवार में एक भी परिवार का सदस्य जीवित
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
भक्ति बिना क्या होत है, ये भरम रहा संसार।
रति कंचन पाया नहीं, रावण चलती बार।।
परमात्मा कबीर साहेब जी बताते हैं कि रावण का बहुत बड़ा साम्राज्य और विशाल परिवार था। उनके एक लाख बेटे और सवा लाख पोते थे, लेकिन आज उनके परिवार में एक भी परिवार का सदस्य जीवित
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
तत्वज्ञान के अभाव से मानव अधर्म की ओर इतना अग्रसर हो चुका है कि धार्मिकता का नामोनिशान नहीं रहा। लेकिन आपको बता दें संत रामपाल जी महाराज सभी सद्ग्रंथों से प्रमाणित ज्ञान देकर अधर्म पर धर्म की विजय कराने के
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
तत्वज्ञान के अभाव से मानव अधर्म की ओर इतना अग्रसर हो चुका है कि धार्मिकता का नामोनिशान नहीं रहा। लेकिन आपको बता दें संत रामपाल जी महाराज सभी सद्ग्रंथों से प्रमाणित ज्ञान देकर अधर्म पर धर्म की विजय कराने के
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
क्या आप जानते हैं संत रामपाल जी महाराज धार्मिकता के होते ह्रास को समाप्त कर धर्म की पुनर्स्थापना कर रहे हैं। जिससे लोगों में भगवान के प्रति आस्था पुनः बढ़ रही है।
Sant RampalJi YtChannel
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
दशहरे के दिन श्रीराम ने रावण को मारा था जिससे इस दिन को धर्म की विजय के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। ठीक इसी प्रकार वर्तमान में संत रामपाल जी महाराज तत्वज्ञान के माध्यम से समाज में व्याप्त बुराई रूपी राक्षस को समाप्त क
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
दशहरे के दिन श्रीराम ने रावण को मारा था जिससे इस दिन को धर्म की विजय के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। ठीक इसी प्रकार वर्तमान में संत रामपाल जी महाराज तत्वज्ञान के माध्यम से समाज में व्याप्त बुराई रूपी राक्षस को समाप्त क
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
धर्म तभी सुरक्षित रह सकता है जब लोगों में धार्मिकता जीवित हो। धार्मिक व्यक्ति के लक्षण जानने के लिए Visit Sant Rampal Ji Maharaj YouTube Channel
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
धर्म तभी सुरक्षित रह सकता है जब लोगों में धार्मिकता जीवित हो। धार्मिक व्यक्ति के लक्षण जानने के लिए Visit Sant Rampal Ji Maharaj YouTube Channel
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
जिस तरह रावण रूपी राक्षस को मारकर श्रीराम ने त्रेतायुग में धर्म की पताका लहराई थी। ठीक इसी प्रकार आज चारों ओर अधर्म का बोलबाला हो चुका है जिसे संत रामपाल जी महाराज शास्त्र अनुकूल ज्ञान से समाप्त कर धर्म की पुनर्स्थापना कर रहे
#धर्मविजय_का_प्रतीक_दशहरा
धर्म विजय का प्रतीक दशहरा
जिस तरह रावण रूपी राक्षस को मारकर श्रीराम ने त्रेतायुग में धर्म की पताका लहराई थी। ठीक इसी प्रकार आज चारों ओर अधर्म का बोलबाला हो चुका है जिसे संत रामपाल जी महाराज शास्त्र अनुकूल ज्ञान से समाप्त कर धर्म की पुनर्स्थापना कर रहे