Just notice the reporting of a Stampede in a Congress ruled state vs a BJP ruled state by this Dalli @_pallavighosh
She wanted the state accountable in Bengaluru
But in Bengal, she thinks its tragic and it shouldn’t be politicised.
পুলিশ নেই, কোনো সিভিক ভলান্টিয়ার নেই, অ্যাম্বুলেন্স নেই, ভিড় নিয়ন্ত্রণের কোনো ব্যবস্থাও নেই! চোরবাগান পুজোমণ্ডপে ঘটে যাওয়া মর্মান্তিক পদদলটনের ঘটনার পর স্থানীয় বাসিন্দারা এই কথাই বলছেন।
কলকাতা পুলিশ এবং বিজেপি সরকারের অধীনস্থ প্রশাসনকে এই গুরুতর গাফিলতির জবাব দিতে হবে।
पहले किसी लड़की को ‘कॉल गर्ल’ और ‘प्रॉस्टिट्यूट’ बोलो, न्यूज़ चलाओ; जब विरोध किया जाये तो ‘सॉरी’ बोल दो! तमाशा बना दिये हो?
तुम्हारी इस ‘फेक न्यूज़’ और बड़ी दलाली पाने की कोशिश ने मेरी क्या मानसिक हालत कर दी है इसका अंदाज़ा है तुमको?
कोर्ट में मुलाक़ात होगी. मुझे न्याय चाहिये माफ़ी नहीं.
@ABPNews
बेशर्मों,
सवाल तथ्यों के आधार पर ग़लत या सही का नहीं है
सवाल इस बात का है कि सस्ती TRP के लिए किसी लड़की को sex racket जैसी चीज़ से लिंक कर देना
कोई फर्क नहीं पड़ता - वो उसका हॉस्टल था या नहीं? उसका नाम क्यों इस्तेमाल किया
इस खेद में तो आप और गलीच साबित हो रहे हैं
इस दलाल @ABPNews को पता है कि ये किसी भी लड़की को कुछ भी अनाप-शनाप बोल देगा तब भी इसका कुछ नहीं बिगड़ेगा.
ये कॉन्फिडेंस सरकार का आशीर्वाद मिले बिना नहीं आ सकता. इस @ABPNews को लगता है कि सरकार से सवाल पूछने वाली लड़की को ये कॉल गर्ल बोल देगा तो इसकी दलाली की रकम बढ़ जाएगी.
अब कोर्ट में मुलाक़ात होगी.
खूब नारी वंदन करवा हैं आप मोदीजी…@narendramodi
यौन उत्पीड़न, कपड़े खींचना और निजी अंगों पर हमला - लोकतंत्र के लिए आवाज़ उठाने वाली छात्राओं और महिलाओं के साथ दिल्ली पुलिस की बर्बरता शर्मनाक हदें पार कर रही है।
यह सब आवाज़ों को दबाने की उस साजिश का हिस्सा है, जिसमें इतना डरा दो, इतना अपमानित करो कि कोई दोबारा सवाल उठाने की हिम्मत ही न करे।
मोदी-शाह जानते हैं कि जिस दिन सत्ता हाथ से गई, उस दिन उनकी मनमानी की कहानी खत्म। उनका यही डर पुलिस तक पहुँचता है और हिंसा बनकर देश के युवाओं और महिलाओं पर टूट रहा है।
This is what mainstream media does to a young girl like @nehafolksinger
People have immense anger against TV channels like @ABPNews
Because you shield the ones in power and demonise those who do your job - of asking questions, seeking accountability.
Delhi Police is refusing to register an FIR on the assault of our students.
Two young women, Athira from Kerala and Ritu from Rajasthan, along with many others, were beaten by Delhi Police.
I have spoken to Kerala Home Minister Ramesh Chennithala and Rajasthan PCC President Govind Singh Dotasra. A Zero FIR has already been registered in Kerala. We will pursue every legal route against the officers responsible, in Kerala, in Rajasthan and in the courts.
Brutality by Amit Shah's Delhi Police will not go unchecked.
In 1930, at Dharasana, Sarojini Naidu led unarmed satyagrahis into police lathis. Not one of them raised a hand. The world watched.
Police can break bones. They cannot break a satyagraha.
India's youth, especially young women, are fearless, determined and united. They are standing up for our democracy, and I stand with them.
Mr Rubio has summoned his employee to Mumbai.
Modi ji, your officials in the External Affairs Ministry are confused about what's going on.
You might want to explain.
Unless, of course, you want me to.
NSUI के साथियों के साथ हुई बर्बरता को 24 घंटे बीत चुके हैं, लेकिन पुलिस FIR दर्ज नहीं कर रही।
जब FIR की मांग को लेकर NSUI अध्यक्ष @VinodJakharIN जी युवा साथियों के साथ संसद मार्ग थाने के बाहर धरने पर बैठे तो उनके साथ बदसलूकी की गई।
दिल्ली पुलिस और नरेंद्र मोदी याद रखें- हम ये क्रूरता, बर्बरता और दमन भूलेंगे नहीं।
हम न्याय लेकर रहेंगे और इस अत्याचार का करारा जवाब देंगे।
राष्ट्रपति महोदया,
19 साल की अंकिता भंडारी ने एक VIP के लिए अपनी गरिमा से समझौता करने से इनकार किया, जिसके कारण उसकी हत्या कर दी गई। चार साल बाद भी CBI की धीमी जांच के चलते यह सवाल बना हुआ है कि वो VIP कौन था।
अंकिता के परिवार समेत कई लोग मानते हैं कि दुष्यंत गौतम इस मामले से जुड़े हुए हैं। ऐसे में उनकी सिक्किम के राज्यपाल के पद पर नियुक्ति से मैं स्तब्ध हूं। राज्यपाल के पद पर रहते हुए उनके खिलाफ कोई आपराधिक कार्यवाही नहीं हो सकती।
दुष्यंत गौतम की नियुक्ति की सलाह देकर प्रधानमंत्री मोदी ने साबित किया है कि महिलाओं की सुरक्षा की उन्हें बिल्कुल परवाह ही नहीं है।
मैं आपसे अपील करता हूं कि सरकार को इस नियुक्ति पर पुनर्विचार करने और जांच पूरी होने तक दुष्यंत गौतम को पदभार न देने की सलाह दें।
अंकिता के माता-पिता की न्याय की उम्मीद मत टूटने दीजिए।
सुबह के 4 बजे। जब दुनिया सो रही थी, तब अंकिता भंडारी के माता-पिता को हिरासत में ले लिया गया।
उनका गुनाह? वे इंडिया गेट पर चुपचाप बैठे थे - बोझिल कंधों के साथ, बिना किसी हंगामे के और सिर्फ़ इतना माँग रहे थे कि CBI जाँच पूरी होने तक दुष्यंत गौतम को सिक्किम का राज्यपाल न बनाया जाए।
कल मैं और प्रियंका इन माता-पिता से मिले थे।
जिस जाँच का नतीजा आया नहीं, उसके पहले ही नियुक्ति की जल्दी और सवाल पूछने वाले माँ-बाप को रात के अंधेरे में उठा लिया गया।
इस सरकार की पहचान यही है: पीड़ितों की आवाज़ दबा दो, सवाल करने वालों को हटा दो।
पर न्याय की लड़ाई न दबेगी, न रुकेगी।
कांग्रेस अंकिता भंडारी के परिवार के साथ खड़ी है, और खड़ी रहेगी - जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलता।
#JusticeForAnkitaBhandari
अंकिता भंडारी के माँ-बाप हिरासत में,
और VVIP दुष्यंत सीधा राजभवन में।
अगर दुष्यंत गौतम की राज्यपाल के पद से बर्खास्तगी नही हुई, तो अब कुछ इसी तरह पूरे देश की सड़कों पर Justice के लिए Democracy का तांडव होगा। और ये तांड़व तुम रोक नही पाओगे अमित शाह।
नरेंद्र मोदी ने सुबह 4 बजे पुलिस भेजकर अंकिता के माता-पिता को गिरफ्तार करवा दिया.
'VIP' दुष्यंत गौतम को बचाने के लिए नरेंद्र मोदी ने हद पार कर दी है.
पहले उसे राज्यपाल बना दिया, अब जब अंकिता के माता-पिता इंसाफ मांग रहे हैं तो उनकी आवाज को कुचला जा रहा है.
शर्मनाक!
चार साल से अंकिता भंडारी के परिवार को इंसाफ नहीं मिला, लेकिन एक ‘VIP’ आरोपी को संरक्षण और संवैधानिक पद का इनाम ज़रूर मिला।
जहां बलात्कारियों और हत्यारों का फूल-मालाओं से स्वागत होता है और अपराधियों को सत्ता की ताकत से नवाज़ा जाता है - उस महिला-विरोधी BJP से कोई उम्मीद की भी नहीं जा सकती।
आज, अंकिता के माता-पिता अपनी बच्ची के लिए न्याय की गुहार ले कर, अपने घर से मीलों दूर, India Gate पर बैठे हैं।
मैं और कांग्रेस पार्टी उनके साथ खड़े हैं - उनके दुख में भी और इंसाफ की इस लड़ाई में भी।
#JusticeForAnkitaBhandari