संविधान जाति के आधार पर भेदभाव को रोकता है, लेकिन आरक्षण और सरकारी लाभों की पात्रता आज भी जाति प्रमाण-पत्र से तय होती है।
प्रश्न यह है कि हिंदू समाज को कब तक जातियों में बाँटा जाएगा?
कथावाचक अनिरुद्धाचार्य जी का संदेश- जाति प्रमाण-पत्र हटाओ, सनातनी पहचान लाओ।
#educationreform#reservationreform राष्ट्र के लिए.
एजुकेशन रिफॉर्म और रिजर्वेशन रिफॉर्म राष्ट्र के भविष्य से जुड़े विषय हैं। मैं सभी राष्ट्रहित में सोचने वाले नागरिकों से अनुरोध करता हूँ कि वे इस विषय पर खुली और रचनात्मक चर्चा का समर्थन करें। यह आंदोलन किसी जाति या समुदाय के विरोध में नहीं, बल्कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग के लिए है।
मेरा मानना है कि यदि गरीब, वंचित और शोषित वर्गों को कक्षा 1 से लेकर कक्षा 12 तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर विद्यालय, आवश्यक संसाधन और आर्थिक सहयोग उपलब्ध कराया जाए, तो उन्हें अपने सपनों को पूरा करने के लिए अधिक अवसर प्राप्त होंगे। हमें ऐसी व्यवस्था बनानी चाहिए, जहाँ प्रत्येक बच्चे को समान प्रारंभिक अवसर मिलें और वह अपनी क्षमता के आधार पर आगे बढ़ सके।
आज भारत को स्वास्थ्य, विज्ञान और अनुसंधान जैसे क्षेत्रों में विश्व के अग्रणी देशों की श्रेणी में लाने के लिए शिक्षा में व्यापक सुधारों की आवश्यकता है। एक मजबूत और समावेशी शिक्षा प्रणाली ही देश की वास्तविक शक्ति बन सकती है। हमें इस बात पर गंभीरता से विचार करना होगा कि आने वाली पीढ़ियों को कैसे बेहतर अवसर और उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा प्रदान की जाए।
यदि हम भारत को इन क्षेत्रों में नंबर वन बनाना चाहते हैं, तो शिक्षा सुधारों पर राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा और ठोस कदम उठाना आवश्यक है। आप सभी से अनुरोध है कि इस विषय पर अपनी आवाज़ उठाएँ, सकारात्मक संवाद को आगे बढ़ाएँ और इसे सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा करें।
@BloodDonorsIn Attendant:
Ankush Sharma : 9452672698
Dhiraj Bhardwaj: 7985861855
The patient originally belonged to Subhashchoki , Mahoba, Dist: Mahoba UP
अगर यादव जी कथा नहीं कर सकते तो मिश्रा जी व्यापार कैसे कर सकते हैं ? और जाट जी को सिर्फ सेना में होना चाहिए ! और यदि कोई त्रिवेदी सेना या पुलिस में है तो उन्हें इस्तीफ़ा दे देना चाहिए ! यह देश में जातिवाद के नाम पर क्या फालतू ड्रामा चल रहा है !
कृपया त्वरित संज्ञान लें
मामला वार्ड नं० 19 सटई रोड छतरपुर, जहां रोड निर्माण के नाम पर नालियों/सीवर को तोड़ दिया गया, महीने भर हो जाने के बाद भी नालियों का निर्माण व समुचित पानी के निकास को अधूरा छोड़े जाने के कारण बारिश के समय जलभराव व संक्रमण का खतरा बढ़ गया है।
@RahulMishr80471 पार्ट - 2
जलभराव व नालियों के निर्माणधीन होने के कारण आवागमन बाधित है। छोटे बच्चो व बुजुर्गो को अत्यंत दिक्कतों का सामना करना पड़ है। उक्त अधिकारियों/ पदाधिकारियों से अनुरोध है कि अविलंब संज्ञान ले कर उचित कार्यवाही करने की कृपा करें।।
@collchhatarpur@ChhatarpurNagar
@RahulMishr80471 जलभराव व नालियों के निर्माणधीन होने के कारण आवागमन बाधित है। छोटे बच्चो व बुजुर्गो को अत्यंत दिक्कतों का सामना करना पड़ है। उक्त अधिकारियों/ पदाधिकारियों से अनुरोध है कि अविलंब संज्ञान ले कर उचित कार्यवाही करने की कृपा करें।।
The same folks clamouring for de-escalation when India is attacking Pakistan, were cheering when Iran was attacking Israel.
To stand passive before the furnaces of Auschwitz, to be unmoved by the smudged sindoor of Pahalgam widows - to not end evil, is to support it. My views:
"तुर्किए भारत को ज्ञान न दे।
जब तुर्की खुद आतंकवादी संगठन कुर्दों पर हमले करता है,
तो वह भारत पर सवाल उठाने का हक़ कैसे रखता है?
: असदुद्दीन ओवैसी, सांसद, AIMIM