@haryanvitai नमन 🙏 है ऐसे निर्दलीय जाट उम्मीदवारों को जो हरियाणा को बचा गए । कांग्रेस का भ्रष्टाचार, जातिवाद और परिवारवाद की सरकार हरियाणा को बर्बाद कर देती ।
बाक़ी तुम जैसे कांग्रेस के दलालों को अभी तक जो तकलीफ़ हो रही है, यह देख के अच्छा लगा । हरियाणा की जनता का फिर से धन्यवाद
@CHO2LLM@SleepyPolitics1 3.82 मे कांग्रेस को 32 सीट मिली थी 87 मे 5 पे आ गई 27 सीट कम 1996 मे bansill की पार्टी को 33 सीट मिली 2000 मे 2 पर आ गयी 31 कम khattar के टाइम तो 47 से 40 पर आई सिर्फ 7 कम हुई. हरियाणा का culture ही ऐसा है ज्यादा किसी को सिर पर बैठाते नही anti incumbency हो ही जाती है 5 साल मे
@SleepyPolitics1 कई लोगों ने शायद जाति;पार्टी;नेता विशेष का चश्मा पहन रखा है जो खट्टर द्वारा किये गए अच्छे काम नही दिखते भिवानी समेत कई जिलों मे इतना अच्छा med.कॉलेज ;bansilal समेत अनेक univ. की नई इतनी शानदार building इतने अच्छे रोड ;कई नये बस स्टैंड . नोकरी ;transfer मे 70-80 % पारदर्षिता
@CHO2LLM@SleepyPolitics1 2.devilal की पार्टी को 87 मे 65 सीट मिली थी 91 मे 16 रह गयी 49 सीट कम 19 मे BJP की वही हालत थी जो 24 मे कांग्रेस की थी एक सीट पर कई तिकटार्थी हो गए टिकट 1 को मिली बाकी ने विरोध किया इसलिए बहुमत नही आया Overconfidence हो गया जो इस बार कांग्रेस को था लेकिन इस बार तरीके से लडी BJP
@CHO2LLM@SleepyPolitics1 1. चौटाला ने पांच साल तक सरकार चलाई 47 mla थे 2000 मे 2005 मे 9 रह गए 38 कम हो गए हुड्डा को 2005 मे 67 mla mile थे 2009 मे 40 रह गए 27 कम हो गए फिर 2014 मे 15 रह गए 25 कम हो गए खट्टर के तो 47 से 40 ;7 ही कम हुए भजनलाल को भी 51 mla mile थे 1991 मे 96 मे 9 रह गए 42 कम हो गए
@TellingRavindra Modi ji will continue...
Paddling can't bring sunani in the Sea...
He'll continue till his health permits..
We need his leadership...
All aspirants keep waiting...
@hellwala @vuzurgan Rohtak sirsa sonipat समेट पूरे हरियाणा से लोग गुड़गांव ही आते हैं कमाने के लिए . राव cm नही बना है फिर भी रोहतक और सरसा जो cm सिटी रह चुके हैं उनसे अच्छे हालत मे है गुड़गांव
@SCR4India सुन रै फड़दुल्ले, पहली बात, 2005 से पहले जाट इनेलो में होया करते, कांग्रेस में उतने ही जाट थे जितने आज बीजेपी में है। और इनेलो इन्हीं संघीयों के साथ होया करती, दूसरी बात, जो जाट संघी या बीजेपी में नहीं है, उनके घर ऐसे पर्सनल मुकदमे नहीं होते? आया बड़ा जाटों का ठेकेदार!
हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ( Visionary CM )
⚡ मेरिट के आधार पर सरकारी नौकरी ( बिना पर्ची खर्ची) की शुरुआत
⚡ Digitalisation ( PPP, e - Mandi, Property ID, online transfer policy)
⚡ Connectivity ( exressway और highway का जाल)
मनोहर लाल जो शुरू में डम्मी मुख्यमंत्री दिखते थे परंतु उन्होंने मुख्यमंत्री बनने के बाद न केवल हरियाणा बीजेपी के दिग्गज नेताओं को ठिकाने लगाया और इसके साथ साथ हरियाणा के तीनों लाल भजनलाल, देवीलाल और बंसीलाल परिवार को अपने पाले में कर लिया।
हालांकि कभी वो जनाधार वाले नेता नहीं बन सके परंतु उनका governance model और दूरगामी दृष्टिकोण आने वाली सरकारों के लिए उदाहरण होगा।