@Vishwaguru2026 To which Finance minister replied and said in 2023 they received $97 million from USAID for toilets water and Swach Bharat
That’s what they said,
there is no accounts of how the
$97 million was spent
मणिपुर में महिलाओं को नंगा घुमाने वाले देशभक्त है या बिलकिस बानो के बलात्कारी देशभक्त है:- जंतर-मंतर पहुंची एक महिला ने मोदी सरकार पर तीखा सवाल उठाते हुए यह टिप्पणी की।
@amitkilhor The market condition of Indian economy tells us that Indian economy and stock market will fall very badly this time may be next year in Jan. Just due to over taxing of citizens, rich are leaving India and corruption is at its peak. So no one trust these fraud jumla numbers.
Jantar Mantar, New Delhi
Breaking News — During the protest organised at Jantar Mantar, the protesters raised slogans against the Union Education Minister Dharmendra Pradhan, demanding, "Will you resign?" These slogans were part of the protesters' demands and protest.
#JantarMantar #NewDelhi #DharmendraPradhan #Protest #Education
हमारी मांग-
⦿ रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को पद से हटाया जाए
⦿ रक्षा मंत्री के खिलाफ विशेषाधिकार हनन प्रस्ताव लाया जाए
⦿ राजनाथ सिंह के झूठ में साथ देने के लिए नरेंद्र मोदी और BJP सांसद माफी मांगें
⦿ अग्निवीर योजना को पूरी तरह से खत्म किया जाए
: AICC एक्स-सर्विसमैन विभाग के चेयरमैन @ColRohitChaudry जी
📍 दिल्ली
लोकतंत्र की पहचान इस बात से नहीं होती कि सत्ता में बैठे लोग कितनी ऊंची आवाज़ में बोलते हैं, बल्कि इस बात से होती है कि वे संकट में खड़े नागरिकों की बात कितनी गंभीरता से सुनते हैं।
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्र किसी एहसान की मांग नहीं कर रहे, बल्कि निष्पक्षता, जवाबदेही और न्याय की मांग कर रहे हैं। जैसे-जैसे भूख हड़ताल आगे बढ़ रही है और बिगड़ती सेहत के बावजूद अधिक छात्र आंदोलन से जुड़ रहे हैं, असली सवाल यह नहीं है कि वे और कितने दिन संघर्ष कर पाएंगे, बल्कि यह है कि उन्हें इस स्थिति तक पहुंचना ही क्यों पड़ा।
युवाओं का स्थान सड़कों पर अपनी जान जोखिम में डालकर अपनी बात मनवाने का नहीं, बल्कि अपने भविष्य का निर्माण करने में होना चाहिए। यदि बार-बार होने वाली परीक्षा संबंधी अनियमितताएं, पेपर लीक या लंबे समय तक अनसुलझी शिकायतें छात्रों को इस मुकाम तक ले आती हैं, तो हर दिन की सरकारी चुप्पी सार्वजनिक संस्थानों पर लोगों के भरोसे को और कमजोर करती है।
एक जिम्मेदार सरकार का दायित्व है कि वह संवाद करे, छात्रों की उचित मांगों पर पारदर्शी तरीके से विचार करे और यह सुनिश्चित करे कि किसी भी छात्र को अपने भविष्य और अपने स्वास्थ्य के बीच चुनाव न करना पड़े।
लोकतंत्र सहानुभूति, जवाबदेही और समय पर कार्रवाई की मांग करता है—उदासीनता की नहीं। 🇮🇳
भविष्य में सरकारें किस हद तक अपनी जनता के प्रति और दूसरे देशों की जनता के प्रति क्रूर होने वाली हैं, उसका अंदाजा आपको मिलेगा.
ऐसा लगता है कि दुनिया भर में और भारत में लोग चुप रहने का कोई इम्तिहान दे रहे हैं. परीक्षा में चोरी हो जाती है, राम मंदिर में डकैती हो जाती है, इथेनॉल से लोग परेशान हैं, आग लगती है, बिल्डिंगों में सीढ़ियां तक नहीं होतीं, लेकिन लोग चुप रह जाते हैं.
जब इन बातों पर चुप रहने की आदत पड़ गई है, तो उस समाज से क्या उम्मीद की जा सकती है कि वह ग़ज़ा में मारे गए 20,000 बच्चों को लेकर बात करेगा?
रिपोर्टर ने बोला प्रधानमंत्री तो पढ़े लिखे है अमित अंकल ने डिग्री दिखाई है।
नेहा भारती - कहाँ डिग्री, कैसी डिग्री ? अरे तो फिर teleprompter का यूज क्यों करते हो भाई।
पढ़े लिखे लोग दूसरे देशों के प्रेसिडेंट के सामने खी खी नहीं करते , जवाब देते है प्रेस कांफ्रेंस करते है जिनके पास डिग्री होती है।
एक दलित लड़की ने सत्ता के नाक में दम कर रखा है।
~दिल्ली जंतर मंतर~ नेहा भारती