हमारे पास पिस्तौल का लाइसेंस होता है तो इसका मतलब ये नहीं कि ऐसे ही हर कहीं चलाते फिरे... जान पर आ जाए तभी चलाते है.....
वैसे ही मुख्यमंत्री के पास पावर होता है इसका मतलब ये नहीं कि वो इसका दुरूपयोग करे.... @hanumanbeniwal
लोकतंत्र में धरना, प्रदर्शन और आंदोलन करना हर नागरिक का संवैधानिक अधिकार है। लेकिन दुर्भाग्यपूर्ण है कि आज राजस्थान में भाजपा सरकार के खिलाफ आवाज उठाना भी अपराध जैसा बना दिया गया है।
कुचामन सिटी में शांतिपूर्वक विरोध दर्ज करा रहे युवाओं की गिरफ्तारी, उन्हें कानून सम्मत जमानत देने वाले तहसीलदार का रातों-रात तबादला, जिला पुलिस अधीक्षक का बेवजह ट्रांसफर तथा थाना अधिकारी का निलंबन बेहद चिंताजनक और दुर्भाग्यपूर्ण है।
क्या भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ संविधान और कानून से भी ऊपर हो गए हैं, जिनके दबाव में आधी रात को प्रशासनिक और पुलिस व्यवस्था में हस्तक्षेप करना पड़ा ? भाजपा प्रशासनिक तंत्र को पूर्णतः पार्टी का तंत्र बनाने का कुत्सित प्रयास कर रही है।
यह घटनाक्रम लोकतांत्रिक मूल्यों, प्रशासनिक स्वतंत्रता और अभिव्यक्ति की आज़ादी पर सीधा प्रहार है। अधिकारियों में भय का माहौल बनाकर सरकार लोकतंत्र एवं शासन व्यवस्था को कमजोर करने का प्रयास कर रही है।
भारत आदिवासी पार्टी (BAP) इस तानाशाही और लोकतंत्र विरोधी रवैये का पुरजोर विरोध करती है। हमारी पार्टी लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के हर संघर्ष में जनता के साथ खड़ी है और संवैधानिक मूल्यों की रक्षा के लिए निरंतर आवाज बुलंद करती रहेगी।
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ईमानदारी और खुद्दारी मर्द का सबसे बड़ा आभूषण होता है ये बात पिछले दो दिनों मे हनुमान बेनीवाल ने साबित कर दी
लाइट काटकर व सुरक्षा हटाकर विश्व का सबसे बड़ा दल अपने सबसे निचले स्तर तक आ गया
और अब आरोप लगा रहे है की नशा करता होगा 😄
जनता को सब पता है की जो लोग लाइट, सुरक्षा हटाने तक पर उतर आए हो तो अगर हनुमान नशा करता तो आप लोग कब का जेल मे डाल देते 🫵
ईडी CBI वाला प्लान भी काम नहीं कर रहा, अवैध सम्पति भी नहीं है,जातिवादी टैग काम नहीं कर रहा, युवाओं को बिगाड़ने वाला काम नहीं कर रहा, और तो और भेराणा धाम से कुच करके जयपुर मे ईद पर धार्मिक सौहार्द बिगाड़ने वाला प्लान भी काम नहीं किया तो बोखलाहट तो बनती है 😄
आपको मुफ्त मे सलाह देते है की हनुमान के पीछे मत लगो जनता के काम करो क्युकी हनुमान खुद जनता के कामो के पीछे लगा है
हम तो चाहते है आप हनुमान के लिए कोई मुद्दा ही मत छोड़ो फिर कैसे काम करेगा...
Cp - Fb
राजस्थान की भाजपा सरकार ने युवाओं को रोजगार देने के नाम पर बड़े-बड़े वादे किए और एक लाख भर्तियों का कैलेंडर जारी कर व्यापक प्रचार किया। लेकिन जमीनी हकीकत इन दावों से बिल्कुल अलग दिखाई देती है। समाचार चैनल आज तक की रिपोर्ट के अनुसार, सरकार ने पिछले ढाई वर्षों में 1,66,457 पदों पर भर्ती प्रक्रियाओं की घोषणा की, किंतु अब तक केवल 34,639 पदों पर ही नियुक्तियां हो पाई हैं इससे यह स्पष्ट हो रहा है कि घोषित पदों का एक बड़ा हिस्सा आज भी नियुक्तियों की प्रतीक्षा में है।
यह स्थिति स्पष्ट रूप से दर्शाती है कि भाजपा सरकार रोजगार के मुद्दे पर केवल घोषणाएं करने और राजनीतिक श्रेय लेने तक सीमित रही है, जबकि युवाओं को वास्तविक रोजगार उपलब्ध कराने की दिशा में अपेक्षित परिणाम नहीं मिल पाए हैं। भाजपा सरकार की कथनी और करनी के बीच का यह अंतर प्रदेश के बेरोजगार युवाओं के साथ किए गए वादों पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़ा करता है।
क्या राजस्थान के मुख्यमंत्री @BhajanlalBjp इस बात का कोई जवाब देंगे ?
@aajtak
#राजस्थान_का_CM_मुर्खाधिराज
राजनीतिक मतभेद लोकतंत्र का हिस्सा हैं, लेकिन सत्ता का इस्तेमाल व्यक्तिगत प्रतिशोध के लिए करना लोकतंत्र की आत्मा के खिलाफ है।
ज़रा घटनाओं की कड़ी देखिए
- हनुमान बेनीवाल जी की सुरक्षा में कटौती। - भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के बयान का विरोध करने वाले कार्यकर्ताओं के साथ संयम और निष्पक्षता से पेश आने वाले SHO व तीन पुलिसकर्मियों का निलंबन। - कुचामन में प्रदर्शनकारियों को जमानत देने वाले SDM का तबादला।
क्या ये महज़ संयोग हैं, या फिर सत्ता की ताकत से असहमति की आवाज़ को दबाने का सुनियोजित प्रयास ?
यदि प्रशासनिक फैसले योग्यता, नियम और कानून की बजाय राजनीतिक नाराज़गी के आधार पर होने लगें, तो यह किसी मजबूत नेतृत्व का नहीं बल्कि असुरक्षा, कुंठा और सत्ता के अहंकार का परिचायक होता है।
मुख्यमंत्री जी को समझना चाहिए कि लोकतंत्र में विरोधियों को दबाने से उनकी आवाज़ खत्म नहीं होती, बल्कि और बुलंद होती है। आज जिस तरह की कार्रवाईयाँ देखने को मिल रही हैं, वे जनता के मन में यही सवाल खड़ा कर रही हैं कि क्या सरकार आलोचना से इतनी भयभीत हो चुकी है ?
विडंबना यह है कि हनुमान बेनीवाल जी द्वारा दिया गया "मूर्खाधिराज" उपनाम अब मुख्यमंत्री जी के अपने फैसलों से ही बार-बार चरितार्थ होता दिखाई दे रहा है।
सूत्र बता रहे है मदन राठौड़ और भजन लाल जी बोखलाहट में भाजपा कार्यालय में मीटिंग बुला रहे है
#राजस्थान_का_CM_मुर्खाधिराज
इस ट्रेंड का कुछ करो विश्व की सबसे बड़ी पार्टी है हम 😂
यह @RLPINDIAorg वाले नहा धो कर पीछे पड़ गए आज
क़ाबिले तारीफ़ @hanumanbeniwal सेना
राजनीति में मतभेद होना स्वाभाविक है, लेकिन राजनीतिक द्वेष में इतना भी मत गिरो कि एक जननेता की सुरक्षा से ही खिलवाड़ शुरू कर दो।
#राजस्थान_का_CM_मुर्खाधिराज@hanumanbeniwal जी की सुरक्षा में लगे PSO को हटाना केवल सुरक्षा का मुद्दा नहीं, बल्कि लाखों लोगों की भावनाओं और उनकी आवाज़ को कमजोर करने की कोशिश के रूप में देखा जाएगा।
सत्ता के मद में लिए गए ऐसे फैसले शायद कुछ लोगों को खुश कर दें, लेकिन जनता सब देख रही है। जनहित की लड़ाई लड़ने वालों को डराने या दबाने के प्रयास कभी सफल नहीं हुए हैं और न होंगे।
याद रखिए, जनता के दिलों में बसने वाले नेताओं की ताकत सरकारी सुरक्षा से नहीं, जनसमर्थन से तय होती है। यह फैसला सरकार के खिलाफ बढ़ते जनाक्रोश को और तेज करेगा।
लोकतांत्रिक तरीक़े से विरोध प्रदर्शन करते आरएलपी कार्यकर्ताओं को पुलिस द्वारा गिरफ़्तार करना सरकार की असफलता एवं बौखलाहट को प्रदर्शित करता है ।यदि अविलंब कार्यकर्ताओं को रिहा नहीं किया गया तो आरएलपी को जनआंदोलन को उग्र करना पड़ेगा । इसकी समस्त ज़िम्मेदारी राजस्थान सरकार की होगी ।
@hanumanbeniwal@RLPINDIAorg
#राजस्थान_का_CM_मुर्खाधिराज