देशभर के आंदोलनकारियों के सूचनार्थ!
भाजपा और उनके संगी-साथियों के दुर्व्यवहार, दुर्वचनों और हिंसा को सब देख लें। इनका दुस्साहस देखिए कि अभी युवाओं को वचन दिए हुए चंद घंटे भी नहीं हुए हैं और ये भाजपाई अपने इतिहास को दोहराते हुए फिर से धोखा दे रहे हैं। भाजपा के ये संस्कारी नेताजी अपने शीर्ष नेतृत्व के दिये गये आश्वासन की सरेआम धज्जियाँ उड़ा रहे हैं और वीडियो भी बना रहे हैं। अब क्या ये भी डबल इंजन की टकराहट के कारण हो रहा है।
तुरंत गिरफ़्तारी हो!
भाजपाई तो अपने वचन के भी सगे नहीं हैं।
भरोसे का विलोम भाजपा!
एक छात्र ने रोते हुए कहा —
“धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफ़ा काफ़ी नहीं है। हम चाहते हैं कि नरेंद्र मोदी और अमित शाह भी इस्तीफ़ा दें।
पुलिस ने हमें कितनी बेरहमी से पीटा, यह सिर्फ़ हम ही जानते हैं।”
मुहम्मद जुनैद के घर वालों को सिर्फ इसलिए पुलिस ने उठा लिया था, क्योंकि Mohammad Junaid ने जंतर मंतर में प्रदर्शनकारी छात्रों को 34 दिनों से खाना खिला रहे थे, पानी पिला रहे थे!
घर वालो का आधार कार्ड, पासपोर्ट, सब ज़ब्त कर लिया था पुलिस ने!
इस सरकार को हिन्दू-मुस्लिम की एकता नहीं देखी जा रही!
बिहार में धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफ़ा मांग रहे छात्रों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया!
इसी दौरान माँ के लिए दवा लेने आए इस युवक को दरभंगा पुलिस ने बेरहमी से पीटा!
ये कैसी गुंडागर्दी है??