दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाइट पर पहले हाईजैक की कोशिश हुई। जब वह नाकाम रही, तो कथित तौर पर ओमानी को-पायलट ने विमान को क्रैश कराने का प्रयास किया।
लेकिन इस भयावह संकट के बीच एक भारतीय पायलट, समित मच्छर (Samit Machar), चट्टान बनकर खड़ा हो गया।
उन्होंने इजरायली यात्रियों के सहयोग से न केवल हाईजैकिंग की कोशिश को विफल किया, बल्कि विमान को क्रैश करने की साजिश भी नाकाम कर दी। उनके साहस और सूझबूझ से 180 यात्रियों की जान बची और एक बड़े वैश्विक संकट को टाल दिया गया।
यही कारण है कि दुनिया भारतीयों पर भरोसा करती है।
जियो शेर! 🇮🇳❤️👏
सेवानिवृत्त सेना अधिकारी, कर्नल अनिल चौधरी ने सुप्रीम कोर्ट के जजों की धज्जियाँ उड़ा दी हैं...
भारत के सभी नागरिकों को इस वीडियो को सभी ग्रुपों में शेयर करना चाहिए
ताकि यह देश भर के सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के जजों तक पहुँचे, शायद तब उन्हें कुछ शर्म महसूस हो।!
दाद देनी पड़ेगी! सच्चाई की रोंगटे खड़े कर देने वाली प्रस्तुति।🙏🙏
काक्रोच आशुतोष रांका गलत रसोई में घुस गया ।
हिमंत विश्व शर्मा के घर की रसोई में।
असम पुलिस ने उसे धर दबोचा है। दिल्ली में जितने कॉकरोच है सब फड़फड़ा रहे हैं। सब धमकी दे रहे हैं कि छोड़ दो नहीं तो हम आ रहे हैं।
कॉकरोच को पता नहीं की हेमंत विश्व शर्मा ने पवन खेड़ा का पेड़ा बना दिया था।
तुम किस खेत की मूली हो।
हर्ष बाबू का 'नेतागिरी' वाला गुब्बारा इतनी जल्दी फूट जाएगा, यह किसने सोचा था!
चले थे समाज के नाम पर रातों-रात बड़े नेता बनने, लेकिन समाज के लोगों ने वहीं भरी महफिल में माइक छीनकर ऐसा सबक सिखाया कि सारी राजनीतिक महत्वाकांक्षाएं धरी की धरी रह गईं।
आज की जनता अब अंधी नहीं है, वो सब देख रही है।
उसे पता है कि कौन सच में उनके हकों की लड़ाई लड़ रहा है और कौन उनके दर्द को अपनी पब्लिसिटी की सीढ़ी बना रहा है।
इस दुर्लभ वीडियो में स्वर्गीय अशोक सिंघल जी और पूर्व डीजीपी श्रीशचंद्र दीक्षित जी पूज्य देवराह बाबा को साष्टांग प्रणाम कर रहें हैं और नवंबर 1989 में शिलान्यास के बाद श्री राम जन्मभूमि आंदोलन में आगे के लिए मार्गदर्शन माँग रहे हैं।
जहाँ पहले सिर्फ ईंटें थीं, वहाँ अब सवाल खड़ा है... आखिर निर्माण किसके नाम पर और किस कानून के तहत हुआ? 🧱❓
बाउंड्री पर तिरंगे 🇮🇳 लगे थे।
निर्माण नहीं हुआ था।
लेकिन कैमरा चला, सवाल उठा… और गूंजने लगे “नारा-ए-तकबीर” के नारे!
पत्रकार रिपोर्टिंग कर रहे थे, सवाल पूछ रहे थे—और उन्हें घेर लिया गया। 🎥
मुद्दा किसी की इबादत का नहीं था।
मुद्दा था जमीन का, अनुमति का, निर्माण की वैधता का और उस निर्माण के नाम का।
अगर सब कुछ कानून के मुताबिक था, तो जवाब भी कानून और दस्तावेजों से आना चाहिए था—मजहबी नारों से नहीं। ⚖️
और अगर निर्माण बिना वैध अनुमति के हुआ था, तो सवाल और बड़ा है—
कानून किसके लिए है?
क्या ईंटें कानून से ऊपर हैं?
या मजहबी नारे कानून की जगह ले सकते हैं? 🤔
सात-आठ महीने बाद हम फिर उसी जगह खड़े हैं।
अब देखना सिर्फ यह नहीं है कि वहाँ कितना निर्माण हुआ…
देखना यह है कि क्या कानून भी उतना ही मजबूत हुआ, जितनी वहाँ की दीवारें? 🚨🇮🇳
🚨 करण ने स्वरा भास्कर की हवा निकाल दी!
करण: तुम्हारा काम नहीं देखा, विवाद ज़रूर देखे।
स्वरा: तो फैन हो जाते।
करण: नहीं। अपने ही लोगों को रोटी के लिए गाली देने वालों पर तरस आता है।
छत्रपति संभाजी महाराज की आँखें निकाल दी गईं, दिनों तक यातना दी गई। औरंगजेब ने इस्लाम कबूलने को कहा तो उन्होंने गर्जना की — “तुम्हारी बेटी भी दे दो तो भी नहीं।” इसी तरह हम बचे हैं। सिद्धांत नहीं बेचते हम।
स्वरा: स्कूल बनाने की सोचो।
करण: 45 एकड़ पर इंदिरा गांधी मेमोरियल मनाने वाले और 2 एकड़ के राम मंदिर से नफरत करने वाले दूसरों को उपदेश न दें।
करण ने एक-एक करके सब काट दिया। 🔥
“पेनही नीला सड़िया ए मेहरिया, जय भीम बोला” 😂
अजीत भारती ब्रो ने इस गाने का ऐसा पूर्ण विश्लेषण किया है कि पूरा गाना ही नए नजरिए से समझ आ जाएगा। 🤣
@ajeetbharti
सभी लोग सुनिए। 😂🔥
ये ट्रक में बैठे वहीं आतंकवादी हैं जिन्हें पाकिस्तान ने अफगानिस्तान में आतंकवाद फैलाने के लिए भेजा था।
अफगान बलों ने ऑपरेशन के दौरान इन आतंकवादियों को हिरासत में ले लिया,और ट्रकों में बिठाकर सड़कों पर परेड करा रहे हैं 🤣🤣