बिहार में STET 2026 का होगा आयोजन
माध्यमिक शिक्षक पात्रता परीक्षा की तैयारी शुरू
STET 2026 के लिए 17 अगस्त से ऑनलाइन आवेदन
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति ने जारी किया अपडेट
शिक्षा विभाग के निर्देश पर परीक्षा कराने का फैसला
STET 2026 की विज्ञप्ति 14 अगस्त तक होगी जारी
समाचार पत्रों में प्रकाशित होगी परीक्षा की विज्ञप्ति
आवेदन और परीक्षा से जुड़ी जानकारी विज्ञप्ति में होगी
STET की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए बड़ी खबर
बिहार बोर्ड अध्यक्ष डॉ. त्यागराजन एसएम ने दी जानकारी
#BIHAR #STET
सासाराम के दिनारा थाना क्षेत्र में 3 अगस्त को कानून से निडर आदतन अपराधी अजीत तिवारी ने मजदूरी का पैसा मांगने पर गरीब मजदूर 60 वर्षीय श्री चंदेश्वर चौधरी की गोली मारकर हत्या कर दी।
आज पीड़ित के गांव में उनके शोकाकुल परिजनों से मिलकर संवेदना व्यक्त की तथा गरीब परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान की।
• बिहार के शिक्षकों को बड़ी राहत।
• इलाज सहायता राशि में बढ़ोतरी।
• गंभीर बीमारी पर अब 45 हजार मिलेंगे।
• माइनर सर्जरी पर 25 हजार की सहायता।
• अन्य बीमारियों के इलाज पर ₹17 हजार मिलेंगे।
• शिक्षक कल्याण कोष से मिलेगा लाभ।
• बीएसईबी उप-समिति ने लिया फैसला।
• शिक्षक संघ की अनुशंसा पर मिलेगी सहायता।
• माध्यमिक शिक्षक व शिक्षकेतर कर्मचारी होंगे लाभान्वित।
• लाखों शिक्षकों को फैसले से बड़ी राहत।
#Bihar
परिवीक्षा अवधि के कारण ट्रांसफर से वंचित रहने वाले प्रधान शिक्षकों एवं TRE 3 के शिक्षकों के पास एक ही विकल्प है। जल्द से जल्द इस SOP पर एक केस दायर कर दीजिए। जब पहले परिवीक्षा अवधि में शिक्षकों का ट्रांसफर हुआ है तो अब क्यों नहीं होगा?
इसके अलावा आप लोगों के पास अभी कोई विकल्प नहीं है! विशेष जानकारी के लिए 8969490688 पर आप व्हाट्सएप्प कर सकते हैं।
बड़ी खुशखबरी! बिहार के शिक्षकों के लिए स्थानांतरण (Transfer Policy 2026) की मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) जारी
अधिसूचना की मुख्य बातें-
ई-शिक्षाकोष पोर्टल स्थानांतरण प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए पोर्टल पर विशेष मॉड्यूल विकसित किया गया है, आवेदन की छूट: प्रथम चरण में न्यूनतम 5 वर्ष की सेवा अवधि की शर्त को केवल आवेदन के लिए शिथिल रखा गया है, अधिशेष शिक्षक समायोजन: सरप्लस शिक्षकों को अधिकतम 30 विद्यालयों का विकल्प चुनने का अवसर मिलेगा, शिक्षकों के लिए पारस्परिक स्थानांतरण और 5-5 जिलों/प्रमंडलों के विकल्प चुनने का भी प्रावधान है, प्राथमिकता प्रणाली: महिला एवं पुरुष शिक्षकों के लिए पारदर्शी अंक प्रणाली और उनके गृह प्रखंड/जिले के आधार पर प्राथमिकता दी जाएगी...
#Bihar
आरा अंतर्गत धरहरा पावर सब-स्टेशन (PSS) का निरीक्षण किया गया। साथ ही, भगवतपुर स्थित वितरण उपकेंद्र (DSS) में चल रहे रखरखाव कार्यों की समीक्षा की गई। (1/2)
बिहार शिक्षा विभाग शिक्षक किस अवकाश आवेदन में गड़बड़ी अधूरे रिपोर्ट पर क्यों भड़के जिला शिक्षा पदाधिकारी क्यों माँगा 24 घंटे में स्पष्टीकरण जाने खबर में बिहार के BPSC TRE और नियोजित शिक्षक
मातृत्व अवकाश आवेदनों में गड़बड़ी और अधूरी रिपोर्ट पर भड़के जिला शिक्षा पदाधिकारी, 24 घंटे में मांगा स्पष्टीकरण
हाजीपुर (वैशाली)।
बिहार के वैशाली जिले में सरकारी स्कूलों की महिला शिक्षिकाओं और विशिष्ट शिक्षकों द्वारा दिए गए मातृत्व अवकाश (Maternity Leave) के आवेदनों में बड़े पैमाने पर लापरवाही और विसंगतियां सामने आई हैं। जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO), वैशाली ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए एक आधिकारिक आदेश जारी किया है, जिसमें कई मामलों में आवश्यक दस्तावेज गायब होने और विभाग को गुमराह करने की कोशिश करने का खुलासा हुआ है।
कागजातों में भारी लापरवाही, 8 शिक्षिकाओं के आवेदन फंसे
जिला शिक्षा कार्यालय द्वारा जारी सूची के अनुसार, कुल 8 महिला शिक्षिकाओं के मातृत्व अवकाश के आवेदनों में गंभीर कमियां पाई गई हैं। इनमें निम्नलिखित मुख्य मामले शामिल हैं:
शपथ पत्र और रिपोर्ट गायब: कई महिला शिक्षकों (जैसे जुनैदा खातून, शिवानी सिंह, रितु कुमारी और शाहिना नाज) के आवेदनों में कार्यपालक दंडाधिकारी द्वारा प्रदत्त आवश्यक शपथ पत्र उपलब्ध नहीं कराया गया है। वहीं, खुशबू कुमारी नामक शिक्षिका के आवेदन में अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट ही गायब है, जिससे बच्चे के जन्म की संभावित तिथि का पता नहीं चल पा रहा है।
संतान का उल्लेख नहीं: चंचल कुमारी नामक शिक्षिका के आवेदन में यह तक नहीं बताया गया है कि यह उनकी कौन सी संतान है, जो अवकाश की मंजूरी के लिए एक अनिवार्य नियम है।
विभाग को गुमराह करने का आरोप: सबसे गंभीर मामला स्वाति प्रिया (विद्यालय अध्यापक, रा०प्रा०वि०, अंगौतपुर) का है। आदेश के अनुसार, अवकाश अवधि पूरी होने के बाद उन्हें आवश्यक कागजातों के साथ योगदान करना था। परंतु, संबंधित प्रधानाध्यापक का हस्ताक्षरयुक्त अलग-अलग तिथियों का योगदान पत्र कार्यालय को भेजा गया, जो भ्रामक प्रतीत होता है। विभाग ने इसे कार्यालय को गुमराह करने की कोशिश माना है।
DEO का कड़ा रुख: 24 घंटे में स्पष्टीकरण का अल्टीमेटम
जिला शिक्षा पदाधिकारी ने इस लापरवाही पर कड़ा रुख अपनाते हुए आदेश दिया है कि स्वाति प्रिया के मामले से जुड़े संबंधित प्रधानाध्यापक और विद्यालय अध्यापक इस पत्र के निर्गत होने के 24 घंटे के अंदर अपना स्पष्टीकरण कार्यालय में जमा करें।
साथ ही, सूची में शामिल सभी शिक्षिकाओं को निर्देश दिया गया है कि वे अपने आवेदनों में अंकित कमियों और कारणों का निराकरण करते हुए तुरंत वांछित अभिलेख व कागजात उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें, ताकि उनके अवकाश पर निर्णय लिया जा सके।
नियम स्पष्ट: सिर्फ तय अवकाश ही मिलेंगे
डीईओ ने साफ किया है कि वर्तमान परिस्थिति में विशिष्ट शिक्षकों और विद्यालय अध्यापकों को आकस्मिक अवकाश, मातृत्व अवकाश और विशेष अवकाश के अतिरिक्त अन्य कोई अवकाश देय नहीं है। यह आदेश ज्ञापांक 2048, दिनांक 13/07/2026 को जारी करते हुए इसकी प्रतिलिपि जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना), संबंधित प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी और प्रधानाध्यापकों को आवश्यक कार्रवाई के लिए भेज दी गई है।
🚨 #TRE4 BREAKING NEWS सिर्फ ऐसे ही लिखा देखने को मिलेगा लेकिन #TRE4 का #Notification नही आएगा
कितना होली दिवाली दशहरा ईद मोहर्रम क्रिसमस रक्षाबंधन मकर संक्रांति New year पुराना year यह सब कितना बार आंख के सामने से गुजर गिया लेकिन अब #TRE4 finely छट पूजा मे होगा
@MohanKamat11
*शिक्षक बहाली और ट्रांसफर को लेकर बड़ी अपडेट*
1. *TRE-4*: 25 जुलाई तक अधियाचना BPSC को भेजी जाएगी।
2.: ट्रांसफर पोर्टल का ट्रायल पूरा। SOP कल/परसों जारी होगा।
SOP जारी होते ही ऑनलाइन आवेदन लिए जाएंगे।
#TRE4#BPSC#BiharEducation#TeacherTransfer