बुलावे नहीं भेजे जाते कभी, जंग ऐ स्वाभिमान में!
योद्धा खुद ही चलकर आ जाते हैं, युद्ध के मैदान में! 3 जुलाई और 4 October को हुए समझोते को शीघ्र लागू करो.. @ashokgehlot51@RamlaljatINC @President_rps @RajGovOfficial@rajasthan
मान्यवर पटवारी को आज भी किसान वर्ग द्वारा "दाजी" मतलब माई बाप कहकर सम्मानित किया जाता है।इतना महत्वपूर्ण स्थान रखने वाले पटवारी वर्ग के साथ आपका नकारात्मक रवैया बिल्कुल उचित नही है। @ashokgehlot51