भाजपाइयों का लक्ष्य ऊपरवाला झूठा पोस्टर लगाना नहीं था बल्कि नीचे वाले प्रभु राम के पोस्टर को छिपाना था क्योंकि अब जब भी कोई भगवान राम का चित्र देखता है तो उसे भाजपाइयों और उनके संगी-साथियों द्वारा अयोध्या के रामलला के मंदिर में की गई चोरी की याद आती है, जिससे भाजपाई गिरोह के ख़िलाफ़ जनाक्रोश और भी अधिक बढ़ जाता है।
याद रहे इसी ‘भाजपाई गिरोह’ ने लखनऊ में रामचरितमानस पर भी लाठी चलवाई थी।
भाजपा को डर है कि कहीं इस बार रावण के साथ-साथ, ‘राम मंदिर चोरी’ से आहत कहीं कोई आस्थावान श्रद्धालु ‘चढ़ावा-चंदा-दान’ चोरी के त्रिदानवों का पुतला न फूंक दे।
It’s Day 3 of Ashu and Saurav’s illegal arrest.
Two young men who gave up their comfortable lives to fight for change are now languishing in jail.
Imagine being jailed in your own country for waving your own national flag. 🇮🇳
रात में अंकिता भंडारी के लिए न्याय मांग रहे उनके परिजनों और कांग्रेस को पुलिस ने क्यों उठाया?
>क्या वो कोई उपद्रव कर रहे थे?
>क्या वो कोई शांति भंग कर रहे थे?
>क्या वो हंगामा कर रहे थे?
>क्या वो संसद मार्च कर रहे थे?
>क्या अपनी बिटिया के लिए न्याय मांगना गुनाह है?
>इन हरामजादों को क्यों बचाया जा रहा है?
>क्या देश में अघोषित इमरजेंसी लग गई है?
सुबह के 4 बजे। जब दुनिया सो रही थी, तब अंकिता भंडारी के माता-पिता को हिरासत में ले लिया गया।
उनका गुनाह? वे इंडिया गेट पर चुपचाप बैठे थे - बोझिल कंधों के साथ, बिना किसी हंगामे के और सिर्फ़ इतना माँग रहे थे कि CBI जाँच पूरी होने तक दुष्यंत गौतम को सिक्किम का राज्यपाल न बनाया जाए।
कल मैं और प्रियंका इन माता-पिता से मिले थे।
जिस जाँच का नतीजा आया नहीं, उसके पहले ही नियुक्ति की जल्दी और सवाल पूछने वाले माँ-बाप को रात के अंधेरे में उठा लिया गया।
इस सरकार की पहचान यही है: पीड़ितों की आवाज़ दबा दो, सवाल करने वालों को हटा दो।
पर न्याय की लड़ाई न दबेगी, न रुकेगी।
कांग्रेस अंकिता भंडारी के परिवार के साथ खड़ी है, और खड़ी रहेगी - जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलता।
#JusticeForAnkitaBhandari
Narendra Modi is crossing all limits of brutality.
These are Ankita Bhandhari’s parents. Ankita was a girl who was murdered by the same system. Now they’re not sparing her parents either.
चीनी महंगी है तो कम खाओ, पेट्रोल महंगा है तो पैदल चलो, गैस महंगी है तो कच्चा खाओ- बस सरकार से सवाल मत पूछो!
चीनी महंगी करके स्वास्थ्य सुधारेंगे, पेट्रोल महंगा करके प्रदूषण घटाएँगे- कल बेरोजगारी बढ़ाकर कहेंगे, अब आराम ज्यादा मिलता है! @RubikaLiyaquat
सरकार की जवाबदेही तय करनी थी, तुमने जनता की खुराक तय करने में लगी हो। एंकर हैं या डाइटिशियन?
हम तो चीनी छोड़ दे मगर आप सत्ता कि चाशनी कब छोडेंगी मोहतरमा????
I apologise to all our supporters, especially the girls who were brutally beaten by male police officers.
We could have done better. I could have done better to protect you from the inhumane actions of the Delhi Police.
To protect one Dharmendra Pradhan, who is responsible for the deaths of more than 20 students, the Govt was willing to spill the blood of many more young students.
If you were injured and see this, please DM me. I want to speak to you personally and apologise.
We will keep fighting for all of you.
श्री सोनम वांगचुक जी को ‘बल-प्रयोग’ करके, ज़बरदस्ती उनके आमरण अनशन स्थल से उठाकर ले जाना अत्यंत निंदनीय समाचार है। आज सुबह घटी ये घटना थोड़ी ही देर में पूरे देश और संपूर्ण विश्व में फैल चुकी है। सारी दुनिया और देशभर में श्री सोनम वांगचुक जी को लेकर गहरी चिंता है और भाजपा सरकार के ख़िलाफ़ आक्रोश भी। जो लोग सादी वर्दी में इस कार्रवाई को अंजाम देने के लिए धोखे से अचानक घुसे थे, उनकी पहचान सार्वजनिक की जाए।
ये हमारी पुरज़ोर माँग है कि श्री सोनम वांगचुक जी की चिकित्सा ‘न्यायिक निगरानी’ में हो क्योंकि श्री सोनम वांगचुक जी का जीवन मानवता, पर्यावरण-संरक्षण, लोकतांत्रिक मूल्यों, युवा ऊर्जा की प्रेरणा, साइंस और इनोवेशन के लिए अनमोल है।
हमारे देश की जनता व समस्त विश्व इस समय भाजपा सरकार को संदेह और सवाल भरी संदिग्ध नज़र से देख रहा है। दमनकारी राजनीति करनेवाली भाजपा सरकार की इस अवांछनीय कार्रवाई ने इंटरनेशनल लेवल पर हमारे देश की मानवीय और डेमोक्रेटिक इमेज को बेहद धूमिल और खंडित करने का काम किया है।
भाजपा ने न कभी गांधी जी में विश्वास किया, न कभी उनके गांधीवादी तौर-तरीक़ों में।
भाजपा की नकारात्मक विचारधारा ही ‘विवाद’ की है; संवाद की नहीं।
भाजपा निराशा का पर्याय बन चुकी है।
भाजपा सरकार नहीं, अहंकार है!
भाजपा की सोच दरारवादी है, इसीलिए जहाँ भी एकता, सौहार्द और एकजुटता होती है, भाजपा डरकर प्रतिक्रियावादी बनकर आंदोलनों को तितर-बितर कर देती है लेकिन भाजपा भूल गयी है कि आज की नई पीढ़ी ‘डिजिटल यूनिटी’ के माध्यम से वैचारिक क्रांति लाने में सक्षम है. ऐसा हुआ है, हो रहा है और होगा भी…
@Wangchuk66