चित्रकूट जनपद का मानिकपुर क्षेत्र इन दिनों एक गहरे प्रशासनिक संकट का प्रतीक बन चुका है। यहां स्थित पन्हाई डैम, जिसे क्षेत्र की जीवनरेखा बनना था।आज बदहाली, उपेक्षा और कथित भ्रष्टाचार की मिसाल बनकर खड़ा है।
करीब 48 वर्ष पहले पन्हाई डैम का निर्माण इस उद्देश्य से किया गया था कि आसपास के 12 गांवों को सिंचाई और पेयजल की सुविधा मिल सके। योजना बड़ी थी, उम्मीदें उससे भी बड़ी। लेकिन ज़मीनी हकीकत यह है कि डैम आज न तो खेतों तक पानी पहुँचा पा रहा है, न ही ग्रामीणों की प्यास बुझा पा रहा है। पानी तो दूर, अब लोगों की आशाएं भी सूखती जा रही हैं।
इतने लंबे समय में किसी भी स्तर पर स्थायी समाधान क्यों नहीं निकला? क्या कभी स्वतंत्र तकनीकी ऑडिट हुआ? क्या दोषियों की पहचान कर कार्रवाई की गई? या फिर हर बार मानसून के भरोसे क्षेत्र को छोड़ दिया गया? प्रशासन की लगातार चुप्पी संदेह को और गहरा करती है।
ग्रामीणों की आवाज़ अनसुनी
डैम से लाभान्वित होने वाले गांवों के किसान बताते हैं कि वे वर्षों से शिकायतें, ज्ञापन और जनप्रतिनिधियों से गुहार लगाते आ रहे हैं। मगर नतीजा शून्य। खेत सूखे हैं, रोजगार सीमित है, और सरकारी योजनाओं पर भरोसा टूट रहा है।
अब सवाल ज़रूरी हैं-
पन्हाई डैम के निर्माण और बाद की मरम्मत पर कुल कितना खर्च हुआ?
तकनीकी खामियाँ क्या हैं और उन्हें दूर करने की समय-सीमा क्या है?
क्या जांच समिति बनेगी और दोषियों पर कार्रवाई होगी?
12 गांवों के लिए स्पष्ट जल-आपूर्ति योजना कब लागू होगी?
#chitrakoot #panhaidam @myogiadityanath@myogioffice@swatantrabjp@yadavakhilesh@ChitrakootDm
@JaikyYadav16 जब दूसरों को हँसाने या प्रभावित करने के लिए गाली का सहारा लेना पड़े, तो समझो ये पतन की अंतिम अवस्था है।
इसीलिए व्यंग्य का स्थान बहुत ऊँचा है। हरिशंकर परसाई और शरद जोशी के बाद व्यंग्य और हास्य की धारा कुन्द पड़ती चली गई।
@KraantiKumar सुप्रिया सुले हों, प्रियंका गांधी हों, या कोई अन्य बड़ा नेता... बच्चों की शादी तो उद्योगपति परिवार में ही होगी। साधारण कार्यकर्ता से नहीं।
राजनीतिक लड़ाई अलग बात है, परिवार तो व्यापार से ही चलेगा ।
@JaikyYadav16 समय के साथ सुनील ग्रोवर ने धर्म अध्यात्म की शरण ले ली। अहंकार को त्याग दिया। आत्मिक शांति की तलाश में निकल गए।
कपिल शर्मा पहले से और बदतर हो गए। कपिल आज भी वासना के दलदल में डूबे हुए हैं।
@awesh29 राहुल गांधी जीत भी गए तो प्रधानमंत्री स्वयं नहीं बनेंगे। अगर बनना होता तो 2009 में ही बन जाते।
राहुल गांधी के लिए पद नहीं पोजीशन मायने रखती है।
किंगमेकर होने का मज़ा ही अलग है।
@KraantiKumar सुप्रिया सुले हों, प्रियंका गांधी हों, या कोई अन्य बड़ा नेता... बच्चों की शादी तो उद्योगपति परिवार में ही होगी। साधारण कार्यकर्ता से नहीं।
राजनीतिक लड़ाई अलग बात है, परिवार तो व्यापार से ही चलेगा ।
@KraantiKumar साम्यवाद केवल सत्ता परिवर्तन का हथकंडा है।
यहां न भविष्य का रोडमैप है। न कोई संकल्प।
15 से 30 साल के युवा इसके सबसे ज़्यादा शिकार होते हैं।
साम्यवाद आपकी जवानी को निचोड़ता है, फिर शेष शरीर को नाले में बहा देता है।
@KraantiKumar सत्या फिल्म में मनोज बाजपेयी की भूमिका सहायक की थी। लेकिन मनोज बाजपेयी बाकी सब पर भारी पड़ गए।
'सपनों में मिलती है' गाना आज भी खूब सुना जाता है। दो पैग के बाद डीजे पर सबसे ज़्यादा फरमाइश वाला गाना है।
लोग भी उग्र नहीं होते, शांति और मदमस्त होकर थिरकते हैं।
@scribe9104 वामपंथ और उसकी सहेली फेमिनिज्म में संस्कार विहीन होने की सहूलियत मिल जाती है।
यहां मर्यादा शब्द का कोई अस्तित्व नहीं। विशुद्ध मनोरंजन है।
खाओ पियो, मौज करो।
@JaikyYadav16 जैकब बैथल इंग्लिश क्रिकेट की शानदार खोज है। बैथल में इंग्लैंड का सुनहरा भविष्य दिखता है।
अगर ये लड़कीबाजी में पड़ा, तो कुछ ही सालों में खेल खतम..
बचके रहना भाई.. लड़की के लिए कामयाबी से समझौता मत करना..
सख्त लौंडा बन जा 🙂
@JaikyYadav16 प्रसिद्ध कृष्णा साधारण गेंदबाज़ हैं। ऑस्ट्रेलिया, अफ्रीका, इंग्लैंड के मैदान के लिए सिर्फ़ बुमराह कारगर हैं। शमी भी बढ़िया गेंदबाज हैं।
वैसे भारत वर्ल्ड क्रिकेट को रूल कर रहा है। अच्छे बल्लेबाज तैयार हो रहे हैं। लेकिन अच्छे तेज़ गेंदबाज आज भी सीमित हैं।
ये अच्छे संकेत नहीं..
@JaikyYadav16 इजरायल के लिए सिर्फ़ उसका संकल्प मायने रखता है। समझौता शब्द उसकी डिक्शनरी में है ही नहीं।
इजरायल का संकल्प है ग्रेटर इजरायल। यानि आसपास के मुस्लिम देशों, जिहादी संगठनों का सर्वनाश। जो वो आज नहीं तो कल पूरा करके रहेगा।
इसलिए ट्रंप क्या बोलते हैं, इससेइजरायल को फ़र्क नहीं पड़ता।
@JaikyYadav16 जब दूसरों को हँसाने या प्रभावित करने के लिए गाली का सहारा लेना पड़े, तो समझो ये पतन की अंतिम अवस्था है।
इसीलिए व्यंग्य का स्थान बहुत ऊँचा है। हरिशंकर परसाई और शरद जोशी के बाद व्यंग्य और हास्य की धारा कुन्द पड़ती चली गई।
20th June 1996 - Rahul Dravid made his Test debut.
20th June 1996 - Sourav Ganguly made his Test debut.
20th June 2011 - Virat Kohli made his Test debut.
ALL THREE WENT ON TO PLAY MORE THAN 100 TESTS FOR INDIA. 🇮🇳
@JaikyYadav16 धोनी अगले IPL सीज़न की तैयारी कर रहे हैं। उन्हें डिस्टर्ब न किया जाये।
धोनी की बजाय किसी और पर विचार किया जाए।
वैसे धोनी 2021 ICC T20 वर्ल्ड कप में मेंटोर बनाए गए थे, टीम सेमीफाइनल में भी नहीं पहुंच पाई थी।
@KraantiKumar हेमंत सोरेन को क्यों जेल भेजना चाहते हो?
हेमंत सोरेन से क्यों इस्तीफ़ा दिलवाना चाहते हो?
जेल जाने पर जो CM बनेगा, वो चंपई की तरह गच्चा दे जाएगा..
@JaikyYadav16 खतरनाक तो विनोद कांबली भी थे। शुरुआती दौर में सचिन तेंदुलकर से ज्यादा बेहतर। तब कांबली का कम्पटीशन लारा से होने लगा था।
लेकिन फिर क्या हुआ?
शराब, शबाब, कबाब..
लेट नाइट पार्टी, डिस्को डांस
धीरे धीरे सब खत्म..
हार्दिक पांड्या भी तेज़ी से कांबली की ओर बढ़ रहे हैं।