मा० उप मुख्य मन्त्री जी, अपर मुख्य सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य, महानिदेशक चि० स्वा० सभी के लिखित समझौते के बाद भी 8 महिना व्यतीत हो गया परन्तु कोई शासनादेश निर्गत नहीं हुआ।
नर्सों के तबादलों पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। कैंसर से जूझ रहीं और सड़क दुर्घटनाओं में घायल नर्सों को गृह जिले का तबादला नहीं मिला, जबकि कुछ चुनिंदा लोगों को नियमों से इतर लाभ मिलने के आरोप हैं। तबादलों में गड़बड़ी मनमानी के आरोप
@NBTLucknow#UPHealth#TransferPolicy
चिकित्सा स्वास्थ्य विभाग में ना पदौन्नति वालो का समायोजन किया ना ही ए सी पी का लाभ दिया गया ,गृह जनपद का शासनादेश नहीं हुआ परन्तु जिसको चाहा कर दिए गृह जनपद स्थानांतरण, बाकी को छोड दिए।
न्याय करे।🙏🏻
सरकार से अनुरोध है कि चिकित्सा, स्वास्थ्य, चिकित्सा विभाग एव शिक्षा विभाग में निजीकरण के प्रभाव पर पुनः विचार किया जाए, जिससे देश और प्रदेश को बचाया जा सके। NEET, CBSE, SSC जैसी परीक्षाओं में निजीकरण के दुष्प्रभाव सबने देखे हैं। सरकार से पुनः अनुरोध है कि इस पर विचार करें।
माननीय उप मुख्य मन्त्री श्री बृजेश पाठक जी एवं अपर मुख्य सचिव अमित घोष जी तथा महानिदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य उत्तर प्रदेश सभी के आश्वासन के बाद भी आदेश जारी नही करने से नर्सिंग संवर्ग में आक्रोश है।
@yadavakhilesh@myogiadityanath@brajeshlive@WHO@narendramodi
जिलों में स्वास्थ्य सुविधाएं नाकाफी हैं या अफसर नाकाम?
यूपी के हर जिले में एक मेडिकल कॉलेज खुल गया लेकिन सड़क हादसे में मामूली घायलों को भी लखनऊ भेज दिया जा रहा। कुछ जिलों से तो बिना एक्स–रे कराए ही लखनऊ रेफर कर दिया जा रहा...
@NBTLucknow@SudhirMisraNBT@manishsNBT
राजकीय नर्सेस संघ, उत्तर प्रदेश की ओर से स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय, फिरोजाबाद में वेतन ना मिलने पर मा मुख्यमंत्री महोदय एवं मा स्वास्थ्य मंत्री जी से कड़ा विरोध दर्ज कराया जाता है।होली जैसे पर्व पर, आपके स्पष्ट निर्देशों के बाद भी समय पर वेतन न दिया जाना अन्यायपूर्ण है।
राजकीय नर्सेस संघ ने चिकित्सा शिक्षा व स्वास्थ्य विभाग के ACS अमित कुमार घोष से भेंट की। 8 नवम्बर को संघ के 18वें अधिवेशन के लिए आमंत्रित किया। महामंत्री अशोक कुमार ने अपर मुख्य सचिव से नर्सों की गृह जनपद में तैनाती, पालनाघर की व्यवस्था, केंद्र के समान भत्ते की मांग की।