तमाम शिकायतें करने के बावजूद ये हाल है।प्रार्थना पत्र दिये जा रहे है प्रशासन को। किसी भी तरह की कोई सुनवाई नहीं है 6 महीने पहले ऑनलाइन शिकायत डाली गई उसपे भी कुछ नहीं हुआ। कोई घटना होने पर ही प्रशासन जगता है। @UPGovt@myogiadityanath@narendramodi@PMOIndia@DMBahraich
NDTV से बातचीत में पंशुल बंसल ने कहा कि जब परीक्षा रद्द होने के बाद देशभर में प्रदर्शन हो रहे थे, तब उन्होंने अलग रास्ता चुना. उन्होंने कहा, " मैंने सोचा कि मुझे विरोध प्रदर्शन में ��्यों जाना चाहिए? इसके बजाय मैं घर पर रहकर पढ़ाई कर सकता हूं, अपनी क्षमताओं को बेहतर बना सकता हूं और अपना स्कोर बढ़ा सकता हूं."
#PanshulBansal #NEETTopper
जंतर-मंतर पर अनशन पर बैठीं नेहा को आज 18 दिन पूरे हो गए हैं और आज जब डॉक्टर ने उनका टेस्ट किया और उसके बाद जो कह रही हैं वो चिंता बढ़ाने वाला है...सरकार इतनी असंवेदनशील कैसे हो सकती है❓
Several opposition leaders on Tuesday appealed to educator and climate activist Sonam Wangchuk to end his indefinite hunger strike at Delhi's Jantar Mantar.
According to the organisers, Wangchuk has lost 8.2 kilograms since he began fasting.
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श्री सोनम वांगचुक जी से हमारा अति विनम्र आग्रह और सविन�� अपील है कि वो अपना अनशन तोड़ दें। उनका जीवन समस्त विश्व के लिए अनमोल है क्योंकि उसमें मानवता और पर्यावरण के लिए उतनी ही प्रतिबद्धता है जितनी की लोकतंत्र के लिए।
जिस भाजपा सरकार को जगाने के लिए वो आमरण अनशन पर हैं वो तो एक सिद्धांतहीन, भ्रष्ट तंत्र है, उसकी असंवेदनशीलता और हृदयहीनता में किसी के भी त्याग का कोई महत्व नहीं है अत: भाजपाइयों से सदाचार और हृदय-परिवर्तन की कोई भी अपेक्षा निरर्थक है। भाजपाइयों के लिए किसी के जीवन का कोई भी मोल नहीं है। उनके लिए धन ही प्रधान है। वो भ्रष्टाचार से कमाए पैसों के घमंड में ��ूर हैं। उनमें बदलाव की आशा करना ही व्यर्थ है। जिनमें अहंकार होता है उनमें परिष्कार नहीं होता। ‘सत्याग्रह’ का महत्व वो क्या जानें जो ‘सत्ताग्रह’ के लालच में मंदिर तक लूट ले रहे हैं। उन्हें न युवाओं के भविष्य से कुछ लेना-देना है, न उनके माता-पिता और अन्य परिजन��ं के सपनों से, वो तो ख़ुदगर्ज़ लोग हैं।
लोकतंत्र का गला घोंटनेवाली महापापी-अधर्मी भाजपा और उसके भूमिगत अपंजीकृत संगी-साथियों के गिरोह को हराने और सदैव के लिए हटाने के लिए आपके मनोबल और नैतिकता की महाशक्ति हर सच्चे भारतीय की प्रेरणा बनती रहे और आप देशवासियों, युवाओं, लोकतंत्र और पर्यावरण के संघर्ष के लिए नकारात्मक ताक़तों के ख़िलाफ़ सदैव प्रकाश स्तंभ बने रहें, यही हम सबकी चाह है और प्रार्���ना भी।
@Wangchuk66
Acharya Prashant:
🗣️ “Today, the WEST is LISTENING to ME. That’s why many in India have suddenly started asking if I’m saying something worthwhile.
— But I’ve been saying the same things here for 20 years, you just didn’t listen."