This is a reenactment of how the Islamic State killed Yazidi children in front of their mothers.
They would rape and starve the mothers for days, kill the children, and cook them.
The children’s flesh would be served with rice so that the mothers would unknowingly eat it.
After encroaching on Platforms 2 and 3 of New Delhi Railway Station, a mosque has now allegedly been built there.
Why are such mosques and dargahs always found on railway station and railway land?
Is the Railway Department so deeply asleep that it does not even realize when its land is stolen or occupied?
Or they deliberately allow these encroachments?”
आगरा में शादी के प्रस्ताव को ठुकराने पर मोहम्मद परवेज ने एक दलित युवती को उसके घर से घसी*"टकर" ले गया.....
और उसके बाद दलितों के मसीहा @BhimArmyChief किसी बिल में छुप गया क्योंकि आरोपी उसके दामाद है....
Some women don’t deserve to be called mothers they’re monsters hiding behind the title. This woman is brutally tormenting her own helpless son instead of protecting him.
इंसान इतना कैसे गिर सकता है🙉😭
बंग्लादेश की हिन्दू बेटी उमा ,जो 9 महीने की प्रेंगनेंट थी ,इन जालिमो जिहादियों ने उसे मार दिया😭और उससे भी सुकून नही मिला तो ये उसके पेट को चाकू के फाड़ दिए😭,बच्चा अभी तक जिंदा था,फिर उन राक्षसो ने उस बच्चे का सर पत्थर से कुचल कर मार दिया😭😭
इतनी निर्दयता कहा से आती है इन जालिमो में😡
इस मासूम उमा और उसके बच्चे को इंसाफ मिलना ही चाहिए😭नही तो उसकी आत्मा शांत नही होगी😭🙏
Every civilization that has hosted Muslims has eventually eroded..
Their religion calls for them to "spread and conquer"
And much like cancer, that's exactly what they're doing.
Let's pray America never falls..
Northern Christians and worshipers are going thru hell across Nigeria,,this treatment is satanic and barbaric.
How is Nigeria still viable at this point..
देश में एक ऐसा गिरोह काम करता है जो कि लड़कियों और छोटे बच्चों का किडनेप करता है।
हर उस लड़की को जागरूक होना चाहिए जो घर से बाहर निकलती है।
लड़कियों या महिलाओं को घर से निकलने से पहले अपने घर वालों के साथ ऑटो या
टैक्सी का नंबर शेयर करना चाहिए जिससे अगर कुछ हो तो ढूंढने में मदद मिल सके।
क्या लगता है आपको कि महिलाओं की सुरक्षा के लिए यह तरीका सही है?
26 जनवरी पर पहलगाम में बलिदान हुए शुभम द्विवेदी की पत्नी एशान्या को सुनिए
ये होता है इस्लामिक आतंकवाद
- हम दोनों पत्नी-पत्नी साथ में थे
- आतंकी आए और पूछा, हिंदू हो या मुस्लिम ?
- हम दोनों ने कहा- हिंदू हैं भैया
- इतना सुनते ही शुभम के सर में गोली मार दी
और हमारे नेता कहते हैं कि हिंदुओं को नहीं भारतीयों को मारा था
#RepublicDay पर शपथ लीजिए कि हम सब मिलकर भारत से इस्लामिक आतंक और सभी तरह के आतंक का खात्मा करेंगे
Hindu woman beaten by gurdwara ayatollahs in front of her own child. I don't blame the gurdwara staff - they are doing as per their dharam. But why do Hindus seek such humiliation?
Says @puneet_sahani: "You remember how they beat up this poor immigrant woman in front of her little child on a totally made-up allegation of smoking? I can never forget these visuals. Something deep inside me, and my pride in being a Sikh broke that day, that won’t ever heal."
Puneet makes a very valid point - gurdwara staff don't assault Hindus in Uttar Pradesh where Sikhs are 1%. They only attack Hindus in Punjab where they are the martial race by majority.
इस सिख भाई की बाते ध्यान से सुनें। 🙏🏻🙏🏻
सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल है जिसमें एक मु/सलमान अमृतसर के श्री दरबार साहिब (गोल्डन टेम्पल) के पवित्र सरोवर में वजू और कुल्ला करता हुआ रील बना रहा है... यह हरकत सिखों और हिंदुओं की धार्मिक आस्था को चोट पहुंचाने वाली है... पर इसको लेकर SGPC का बयान परेशान करने वाला है, उनका कहना है "दूसरे" मजहब के लोगों से गलती हो जाती है, हम उनके लिए पिकनिक मनाने की अलग जगह बना देंगे"..क्या यही बयान तब भी आता जब आरोपी उस धर्म का होता जो शायद सिख धर्म का सम्मान करने में सबसे आगे रहता है?
आपको याद होगा कुछ दिन पूर्व एक हिंदू लड़की ने ठीक उसी जगह पर योग करते हुए एक वीडियो बनाया था तो उसे लड़की को क/त्ल करने की धमकी दी गई उससे माफी मंगवा उसको गंदी-गंदी गा/लियां दी गई
अब बात करते हैं वीडियो के बैकग्राउंड में चल रहे गाने की जिसके बोल हैं, 'ऐसा जरीखेर है शेरे अली, शेर भी शेर से डरते हैं जी"..शेर यानी सिंह.. सिख धार्मिक स्थल पर किस सिंह से न डरने की बात हो रही है, जरा सोचें?...अगली लाइन है, "छुप छुप के वार करना दिलेरी कहां की है, लगता है तुममें लड़ने की ताकत नहीं रही"... सिख योद्धाओं की रात को हमला करने वाली रणनीति का खौफ आज भी इतना है कि वे भूले नहीं हैं.. खैर, अब इस जाहिल इंसान के इशारों की बात करते हैं, ये गोल्डन टेम्पल के सामने "1 उंगली" (तौहीद) उठाने वाला पोज दे रहा है, यह पोज तब से ज्यादा चर्चा में आया है जब से ISIS के लोगों ने TV पर इसका प्रोपोगंडा करना शुरू किया... वे किसी दूसरे धर्म के भगवानों को इबादत लायक नहीं मानते और का/फिरों के लिए उन्होंने स/जा भी तय कर रखी है...
सिखों और हिंदुओं को अगर अब भी समझ न आये कि उनके आसपास क्या हो रहा है, तो यकीन मानिए इतिहास जल्द आपकी आंखों के सामने होगा और इस बार शायद आप वो दिलेरी न दिखा पाएं जिसकी वजह से आप आज तक अपने धर्म को संभाले रहे।
मध्य प्रदेश के विदिशा में एक गर्ल्स कॉलेज की प्रिंसिपल ने मंच से छात्रों से कहा: 'मुगल-ए-आजम और उमराव जान देखें - वे हमारे समाज का दर्पण हैं, उनसे प्रेरणा लें।'
एक पूर्व छात्र ने माइक पकड़ लिया: 'उन्हें आक्रमणकारियों के बजाय रानी लक्ष्मीबाई, महाराणा प्रताप, पृथ्वीराज चौहान और शिवाजी महाराज के बारे में सिखाएं!'