सभी युद्ध जीत या हार के लिए नहीं लड़े जाते है ।
कुछ युद्ध इसलिए लड़े जाते है के जब इतिहास लिखा जाएगा तो लोगों को पता लगे के जब अत्याचार/अधिकार हनन हुआ तो आपके भविष्य के लिए कोई लड़ा था ।
सत्ता के झूट के आगे अकेला ही सही छाती तान के खड़ा था।
किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल जी के आमरण अनशन का आज 32 वा दिन है।
#FarmersProtest
मीरा बाई को लेकर केंद्रीय कानून मंत्री श्री अर्जुन राम मेघवाल की अर्थहीन टिप्पणी निंदनीय है।
क्या भाजपा नेताओं को ये अधिकार मिला हुआ है वो जब चाहे जिसका अपमान कर सकते हैं !!
#माफ़ी_मांगे_अर्जुनराम_मेघवाल
@8PMnoCM नेताजी हैं, तो अहंकार तो होगा ही।
अब सारे नेता तो कॉमरेड अमरा राम नहीं हो सकते हैं, जिसके कंधे पर हाथ रखकर बात की जा सकती हो।
अमरो सबको भायलो।
जिनको नहीं पता उन्हें बता दूँ। किसान आंदोलन-1 में शाहजहांपुर (NH-8 दिल्ली मुंबई) बॉर्डर को 12 महीने तक रोकने वाले हैं @comredamraram जी।
इस बार सीकर से जातिवादी/ धार्मिक ज़हर घोलने वाले @MPSumedhanand को हराकर MP बने हैं किसान क़ौम परचम।
“आओ कभी हवेली पर” ✊🏻
सांसद अमराराम बोले- भाजपा की अकल ठिकाने आ गई: कहा- देश में तानाशाही का दौर खत्म होने वाला है; ओबीसी आरक्षण लागू करने की मांग की
https://t.co/wTkzjhEobY
जिस आदमी का कभी 200 पुलिसकर्मीयो की प्लाटून एनकाउंटर ना कर पाई,13 महिने देश के व्यस्त हाइवे NH 8 को रोके रखा उस पूर्व राष्ट्रीय कब्बड़ी खिलाड़ी कॉमरेड अमराराम को तुम कभी हाथ लगा पाओगे
अमरा ने 50 साल से किसान आन्दोलन को जीया है
इनका बयान कतई गलत नही
#कुलविंदर_कौर@comredamraram
कॉमरेड @comredamraram ने विधानसभा में फाड़ा था राज्यपाल का अभिभाषण
20 जनवरी 1997 को राजस्थान का तत्कालीन राज्यपाल अभिभाषण पढ़ रहे थे तो बढ़ी हुई बिजली की दरों का विरोध किया, इस दौरान का. अमराराम ने राज्यपाल का अभिभाषण छीनकर फाड़ दिया अमरा जी को 3 महीने के लिए सदन से बाहर कर दिया
बधाई हो
लोकसभा में माकपा संसदीय दल नेता चुने जाने पर सीकर सांसद कॉमरेड @comredamraram को बधाई
किसी भी पार्टी के सदन के नेता को बोलने में अधिक समय मिलता है माकपा से कॉमरेड अमराराम संसदीय दल का नेता घोषित
@cpimspeak
#जयपुर
INDIA गठबंधन की बैठकों में नहीं बुलाए जाने से नागौर के नवनिर्वाचित सांसद हनुमान बेनीवाल नाराज, बोले आज इंडिया गठबंधन में हूं कल क्या होगा किसी को भरोसा नहीं
@hanumanbeniwal#RajasthanWithNews18
कंगना के ऊपर पड़े थप्पड़ की निंदा, कंगना के कृत्यों का जिक्र किये बिना नहीं की जा सकती. अगर भाजपा का कोई सामान्य नेता, मृदुभाषी, न्यायप्रिय, समानतावादी व्यक्ति होता और उस पर कोई इस तरह का थप्पड़ मारता तो हम बिना किन्तु परन्तु किये उसके साथ होते. कंगना खुद अहिंसावादी नहीं है.
BJP और विपक्ष में ये अंतर है कि कंगना पर थप्पड़ पड़ा तो, पूरे विपक्ष ने निंदा की. जबकि ये वही कंगना हैं जो 2002 करवाने की मांग कर रही थी, कंगना हमेशा दूसरों पर हिंसा की समर्थक रही हैं, उन्हें आज अपने ही किये का अनुवाद मिला है. हम हिंसा का समर्थन नहीं करते भले ही कंगना करें.
@pankajpareek8@comredamraram Mr. Narender modi, Mr. Amit shah and several other members of bjp should also read these code of conduct and moral code. What would you like to say about their hate speech given by them several times.
सीकर संसदीय क्षेत्र से चुनाव जीतने के बाद सर्वप्रथम जाट बोर्डिंग में कोमरेड त्रिलोक सिंह जी की समाधि पर पुष्प अर्पित किया।
कोमरेड त्रिलोक सिंह को लाल सलाम